यमुना मैया को अर्पित होगी चुनरी, भक्ति के रंग में रंगेगा आगरा, 13 नवंबर से श्रीकृष्ण लीला महोत्सव

आगरा में 13 नवंबर से शुरू होने वाले श्रीकृष्ण लीला महोत्सव से पहले 25 अक्टूबर को यमुना मैया के चुनरी मनोरथ का आयोजन होगा। दोपहर 3 बजे बल्केश्वर स्थित गणेश राम नागर स्कूल से बैंड-बाजों और ढोल के साथ यात्रा निकलेगी, जो पार्वती घाट पहुंचेगी। यहां यमुना मैया का पूजन, दुग्ध अर्पण, दीपदान और नाव के माध्यम से चुनरी अर्पित की जाएगी। आयोजन में श्रद्धालु पीले-लाल वस्त्रों और महिलाएं चुनरी की साड़ियों में शामिल होंगी।

Oct 24, 2026 - 20:29
 0
यमुना मैया को अर्पित होगी चुनरी, भक्ति के रंग में रंगेगा आगरा, 13 नवंबर से श्रीकृष्ण लीला महोत्सव
वॉटर वर्क्स स्थित अतिथिवन में श्री कृष्ण लीला महोत्सव समिति की बैठक में उपस्थित अध्यक्ष मनीष अग्रवाल आदि।

25 अक्टूबर को बल्केश्वर से निकलेगी चुनरी मनोरथ यात्रा, पार्वती घाट पर होगा पूजन, दुग्धाभिषेक और दीपदान

आगरा। श्रीकृष्ण लीला महोत्सव-2026 का आध्यात्मिक शुभारंभ यमुना मैया के चुनरी मनोरथ से होगा। आगामी 13 नवंबर से शुरू होने वाले श्रीकृष्ण लीला महोत्सव से पहले रविवार, 25 अक्टूबर को यमुना मैया के चुनरी मनोरथ उत्सव का आयोजन किया जाएगा। आयोजन की तैयारियों और रूपरेखा को लेकर वाटर वर्क्स स्थित अतिथि वन में श्रीकृष्ण लीला महोत्सव समिति की बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता समिति के अध्यक्ष मनीष अग्रवाल ने की।

समिति अध्यक्ष ने बताया कि चुनरी मनोरथ केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि मां यमुना के प्रति श्रद्धा, समर्पण और कृतज्ञता व्यक्त करने का भावपूर्ण अवसर है। सनातन परंपरा में यमुना मैया को भगवान श्रीकृष्ण की प्रिय तथा ब्रज संस्कृति की जीवनधारा माना गया है। इसी आस्था के साथ श्रद्धालु मां यमुना को चुनरी अर्पित कर परिवार की सुख-समृद्धि, मंगलकामना और श्रीकृष्ण लीला महोत्सव के निर्विघ्न आयोजन की प्रार्थना करेंगे।

गणेश राम नागर स्कूल से निकलेगी चुनरी मनोरथ यात्रा

मनीष अग्रवाल ने बताया कि रविवार को दोपहर 3 बजे बल्केश्वर स्थित गणेश राम नागर स्कूल से चुनरी मनोरथ यात्रा निकाली जाएगी। यात्रा में बैंड-बाजे और ढोल की धुन के साथ बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होंगे। यात्रा विभिन्न मार्गों से होते हुए पार्वती घाट पहुंचेगी। मार्ग में श्रद्धालुओं द्वारा यात्रा का पुष्प वर्षा कर स्वागत किया जाएगा। पार्वती घाट पहुंचने के बाद विधि-विधान से मां यमुना का पूजन-अर्चन किया जाएगा। इसके बाद नाव के माध्यम से यमुना मैया को चुनरी अर्पित की जाएगी।

दूध की धार और दीपदान से होगी विशेष पूजा

महंत अनंत उपाध्याय, पंडित मुकेश शर्मा और पंकज शास्त्री के मार्गदर्शन में यमुना मैया का विधिवत पूजन किया जाएगा। धार्मिक अनुष्ठान के दौरान मां यमुना को दुग्ध की धार अर्पित की जाएगी। इसके साथ ही यमुना घाट पर दीपदान का आयोजन भी होगा। आयोजन के दौरान घाट पर भक्ति और आस्था का विशेष वातावरण देखने को मिलेगा। श्रद्धालु मां यमुना से परिवार के सुख, शांति और समृद्धि की कामना के साथ श्रीकृष्ण लीला महोत्सव के सफल आयोजन की प्रार्थना करेंगे।

पीले-लाल वस्त्रों में नजर आएंगे श्रद्धालु

चुनरी मनोरथ को आकर्षक और पारंपरिक स्वरूप देने के लिए समिति के सदस्य पीले और लाल रंग के वस्त्रों में शामिल होंगे। वहीं महिलाएं चुनरी की साड़ी पहनकर आयोजन में सहभागिता करेंगी। इससे चुनरी मनोरथ यात्रा में ब्रज संस्कृति और सनातन परंपरा की झलक देखने को मिलेगी। समिति पदाधिकारियों के अनुसार, चुनरी मनोरथ के माध्यम से श्रीकृष्ण लीला महोत्सव से पहले शहर में भक्ति, आध्यात्मिकता और ब्रज संस्कृति का वातावरण तैयार होगा। यह आयोजन श्रद्धालुओं को भगवान श्रीकृष्ण और मां यमुना से जुड़ी ब्रज की प्राचीन भक्ति परंपरा से जोड़ने का माध्यम बनेगा।

बैठक में तैयारियों पर हुआ मंथन

श्रीकृष्ण लीला महोत्सव समिति की बैठक में चुनरी मनोरथ यात्रा की व्यवस्थाओं, श्रद्धालुओं की सहभागिता, धार्मिक अनुष्ठानों और यात्रा के संचालन को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। समिति पदाधिकारियों ने आयोजन को श्रद्धा और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए जिम्मेदारियां भी तय कीं। बैठक में राजीव अग्रवाल, बृजेश अग्रवाल, केके अग्रवाल, कैलाश चंद्र अग्रवाल, मनोज गोयल, शेखर गोयल, शंभू खंडेलवाल, विनीत सिंघल, पंडित मुकेश शर्मा, पंकज शास्त्री, मनोज गुप्ता, वीरेंद्र गोयल, जवाहरलाल सिंघल, अनूप गोयल, विष्णु अग्रवाल, संजय गर्ग, सतीश गौड़, अनंत उपाध्याय, अशोक कुमार गोयल, आदर्श नंदन गुप्त, लक्ष्मण शर्मा, विजय रोहतगी, हर्ष दत्त शर्मा, रमेश कुमार गुप्ता, गिर्राज बंसल सहित समिति के अनेक पदाधिकारी और सदस्य मौजूद रहे।

13 नवंबर से शुरू होगा श्रीकृष्ण लीला महोत्सव

चुनरी मनोरथ के साथ श्रीकृष्ण लीला महोत्सव की धार्मिक गतिविधियों का शुभारंभ हो जाएगा। इसके बाद 13 नवंबर से श्रीकृष्ण लीला महोत्सव का विधिवत आयोजन होगा। समिति की तैयारियों के बीच श्रद्धालुओं में महोत्सव को लेकर उत्साह बढ़ रहा है। चुनरी मनोरथ के जरिए महोत्सव की शुरुआत से पहले ही आगरा में ब्रज भक्ति और श्रीकृष्ण प्रेम का माहौल बनाने की तैयारी है।