एफआरआरओ ने इमरान खान को भेजा दूसरा नोटिस, पूछा, आपका ओसीआई दर्जा क्यों नहीं हो रद्द, 15 दिन में मांगा जवाब
एक्टर इमरान खान को फॉरेनर्स रीजनल रजिस्ट्रेशन ऑफिस (एफआरआरओ) ने दूसरा नोटिस भेजा है। इसमें उन्हें कारण बताने को कहा गया है कि उनका 'ओवरसीज सिटीजन ऑफ इंडिया' (ओसीआई) दर्जा रद्द क्यों नहीं करना चाहिए। एक्टर से 15 दिनों के भीतर जवाब भी मांगा गया।
मुंबई। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर मुंबई में हुए एक विरोध प्रदर्शन में शामिल होने के कुछ दिनों बाद, एक्टर इमरान खान को गुरुवार को फॉरेनर्स रीजनल रजिस्ट्रेशन ऑफिस (एफआरआरओ) के मुंबई ऑफिस से 'भारत छोड़ने' का नोटिस मिला। शनिवार को उन्होंने बॉम्बे हाई कोर्ट में एक याचिका दायर की, जिसमें मुंबई पुलिस द्वारा जारी उस नोटिस को चुनौती दी गई है, जिसमें उन्हें भारत छोड़ने का निर्देश दिया गया था।
रविवार को इमरान खान को दूसरा नोटिस मिला। 'द टाइम्स ऑफ इंडिया' की एक रिपोर्ट के अनुसार, एफआरआरओ ने उन्हें दूसरा नोटिस भेजा है, जिसमें उनसे यह बताने को कहा गया है कि उनका 'ओवरसीज सिटीजन ऑफ इंडिया' (ओसीआई) दर्जा रद्द क्यों न किया जाए, इसका कारण बताएं। इस नोटिस में दिल्ली में सीजेपी के 'एंटी-सीईसी' (मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ) विरोध प्रदर्शन के दौरान अगस्त क्रांति मैदान में उनकी मौजूदगी का जिक्र है। नोटिस में कहा गया है कि इस विरोध प्रदर्शन के लिए पुलिस से कोई अनुमति नहीं ली गई थी, और गैर-कानूनी तरीके से इकट्ठा होने के आरोप में उनके तथा अन्य प्रदर्शनकारियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था।
एफआरआरओ ने 15 दिनों के भीतर उनसे जवाब मांगा है, क्योंकि नागरिकता अधिनियम, 1955 के प्रावधानों के तहत ओसीआई कार्ड रद्द करने की कोई भी कार्रवाई करने से पहले सुनवाई का मौका देना कानूनी रूप से जरूरी है। एफआरआरओ ने यह माना है कि केवल एफआईआर दर्ज होना या हिरासत में लिया जाना ही आरोपों का पक्का सबूत नहीं है, और न ही यह ओसीआई रजिस्ट्रेशन रद्द करने का कोई स्वतः आधार बनता है। इसी तरह, किसी गतिविधि में शामिल होना भी अपने आप में रजिस्ट्रेशन रद्द करने का आधार नहीं माना जा सकता।
इससे पहले, मुंबई में फॉरेनर्स रीजनल रजिस्ट्रेशन ऑफिसर (एफआरआरओ) ने 14 अक्टूबर को एक नोटिस जारी किया था। यह नोटिस, मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञान कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर मुंबई में हुए एक विरोध प्रदर्शन के दौरान इमरान को पुलिस द्वारा कुछ समय के लिए हिरासत में लिए जाने के चार दिन बाद जारी किया गया था। बीजेपी के एक पूर्व सांसद ने इमरान के इस प्रदर्शन में शामिल होने को लेकर मुंबई पुलिस से शिकायत की थी।
इमरान जैसे मामलों पर दो कानून लागू होते हैं। 2025 का आव्रजन कानून (इमिग्रेशन लॉ) सरकार और अधिकृत अधिकारियों को किसी भी विदेशी नागरिक को देश से बाहर जाने का आदेश देने का अधिकार देता है। नागरिकता अधिनियम, 1955, 'ओवरसीज सिटीजन ऑफ इंडिया' (ओसीआई) कार्ड धारकों के लिए अलग नियम तय करता है। यह दर्जा भारतीय मूल के विदेशी नागरिकों को दिया जाता है।