‘30 हजार दे दो, नहीं तो मुकदमा लिख जाएगा’: आगरा के फतेहाबाद थाने के दरोगा का छात्र से रिश्वत मांगने का ऑडियो वायरल
-गौरव प्रताप सिंह- आगरा। फतेहाबाद थाने के एक दरोगा पर छात्र से मुकदमा दर्ज नहीं करने के नाम पर 30 हजार रुपये मांगने का आरोप लगा है। दरोगा और छात्र के बीच कथित बातचीत का 2 मिनट 49 सेकंड का ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। ऑडियो में दरोगा द्वारा रकम की मांग करने और रुपये नहीं देने पर शाम तक मुकदमा दर्ज करने की बात कहे जाने का दावा किया जा रहा है। छात्र कथित बातचीत में अपने भविष्य और पढ़ाई का हवाला देकर कार्रवाई न करने की गुहार लगाता सुनाई दे रहा है।
‘30 हजार दे दो, नहीं तो शाम को मुकदमा दर्ज हो जाएगा’
वायरल ऑडियो में कथित तौर पर दरोगा छात्र से कहता है कि उसे मुकदमे में पूरी मदद करनी होगी और सूचनाएं एकत्रित करके देनी होंगी। इसी बातचीत के दौरान एक व्यक्ति का नाम निकालने के लिए 30 हजार रुपये मांगे जाने की बात सामने आती है।
छात्र दरोगा से पूछता है कि रकम अकेले उसके लिए है या सभी लोगों के नाम निकलवाने के लिए। इस पर दरोगा कथित रूप से कहता है कि उसने सभी का ठेका नहीं ले रखा है। छात्र बताता है कि उसके साथ दो और लोग थे और वह उनसे भी बात कर लेगा। इस पर दरोगा उससे बात करने के लिए कहता है और कथित रूप से चेतावनी देता है कि नहीं तो शाम को मुकदमा दर्ज हो जाएगा और एफआईआर की कॉपी भेज दी जाएगी।
‘हमारे ही गोली लगी और हम पर ही मुकदमा लिख रहे हो’
बातचीत में छात्र कथित तौर पर दरोगा से कहता है कि ‘हमारे ही गोली लगी है और हम पर ही मुकदमा लिख रहे हो सर।’ छात्र यह भी कहता है कि उसने कुछ नहीं किया और 112 नंबर पर कॉल भी उसी ने किया था।
इसके बाद छात्र कथित तौर पर दरोगा से कहता है कि वह जैसा कहेंगे, वैसा ही करेगा। वह यह भी बताता है कि वह पढ़ने वाला छात्र है और उसका भविष्य खराब हो जाएगा। बातचीत में दरोगा उन दो अन्य लोगों से भी बात करने और करीब 10 मिनट में जवाब देने के लिए कहता सुनाई दे रहा है।
छात्र ने दूसरे फोन से रिकॉर्ड किया ऑडियो
बताया जा रहा है कि छात्र ने बातचीत को दूसरे फोन से रिकॉर्ड किया था। इसके बाद यह ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। ऑडियो में दूसरी ओर से बात करने वाले व्यक्ति के दरोगा होने का दावा किया जा रहा है। हालांकि, वायरल ऑडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है और संबंधित पुलिस अधिकारी का पक्ष सामने आना बाकी है।
ऑडियो वायरल होने के बाद पुलिस विभाग की कार्रवाई पर सवाल उठ रहे हैं। आगरा में इससे पहले भी कुछ पुलिसकर्मियों पर रिश्वत मांगने के आरोप सामने आते रहे हैं। भाजपा जिलाध्यक्ष प्रशांत पौनिया द्वारा भी पुलिसकर्मियों के खिलाफ रिश्वत संबंधी शिकायतें की जा चुकी हैं। इनमें एक मामले में थाने के कंप्यूटर ऑपरेटर से पैसे मांगने का आरोप भी शामिल बताया गया है। इन मामलों में कार्रवाई तो हुई लेकिन जल्दी ही फिर से तैनाती मिल गई।
इस बारे में पूछे जाने पर एसीपी फतेहाबाद इमरान अहमद ने कहा कि फतेहाबाद थाने के एक दरोगा के ऒडियो का मामला संज्ञान में आया है। मामले क जांच की जा रही है। पूरे घटनाक्रम की जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।