अमेरिकी सिंगर मैरी मिलबेन ने किया दावा, पीएम मोदी के खिलाफ अमेरिका कर रहा फंडिंग, सीजेपी की मदद कर रहा वाशिंगटन
अमेरिकी सिंगर मैरी मिलबेन ने आरोप लगाया है कि भारत में कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करने के लिए अमेरिका से फंडिंग मिल रही है। एक्स पर लिखे पोस्ट में उन्होंने भारत के युवाओं से पीएम मोदी के समर्थन में उठकर खड़े होने की भी अपील की है।
वॉशिंगटन। अमेरिकी सिंगर मैरी मिलबेन ने आरोप लगाया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विरोधी अमेरिकी दानदाता भारत में कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) की फंडिंग कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि इस फंडिंग का इस्तेमाल भारत में शासन व्यवस्था को बाधित करने के लिए किया जा रहा है। मैरी मिलबेन ने एक्स पर लिखे पोस्ट में सीजेपी प्रोटेस्ट का चेहरा अभिजीत दिपके को टैग भी किया। उन्होंने लिखा कि भारत विरोधी गतिविधियों का समर्थन करने के लिए भी अमेरिका से फंडिंग की जा रही है।
मैरी मिलबैन ने लिखा, "भारत के सभी युवा देशभक्तों के लिए: यह चुप रहने का समय नहीं है। अभिजीत दिपके और कॉकरोच जनता पार्टी को अमेरिका में ऐसे डोनर्स से फंडिंग मिल रही है जो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनके नेतृत्व में आपके भविष्य के खिलाफ हैं। डरो मत, मेरे युवा देशभक्तों। आपके प्रधानमंत्री, जिन्होंने 25 साल तक भारत की सेवा की है- 12 साल प्रधानमंत्री के तौर पर और लगातार तीन बार चुने गए - वे मेरे देश की विघटनकारी ताकतों के सामने झुकने वाले नहीं हैं।"
उन्होंने आगे लिखा, "इन चुनिंदा डोनर्स का दुनिया भर में एक ही पैटर्न है - कंजर्वेटिव ग्लोबल लीडर्स को निशाना बनाना, उस देश से अमेरिका में पढ़े-लिखे व्यक्ति को ढूंढना, उन्हें कट्टरपंथी बनाना, उन्हें वापस देश भेजना और उन्हें अफरा-तफरी और तबाही मचाने के लिए फंड देना। इनमें से कोई भी सफल नहीं हुआ है, लेकिन उन्होंने देश के विकास और शासन पर असर ज़रूर डाला है।"
मैरी मिलबेन ने भारतीय युवाओं से ऐसी ताकतों के खिलाफ आवाज उठाने और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का समर्थन करने की भी अपील की। उन्होंने लिखा, "अब समय आ गया है कि भारत में एक नई आवाज उठे - जो भारत की मिट्टी में पैदा हुई, पली-बढ़ी और शिक्षित हुई हो - जो एकजुट हो और 'कॉकरोच पार्टी' की विघटनकारी सोच का शांतिपूर्ण तरीके से विरोध करे। लोकतंत्र और आजादी को बनाए रखने के लिए हमेशा एक जवाबी आंदोलन होना चाहिए। जागो, युवा देशभक्तों! जागो!"