फ्लाईदुबई हाइजैक मामले में मालदीव के 2 को-पायलट हिरासत में, ओमानी हमलावर के थे दोस्त, जांच में यूएई ने किया खुलासा

संयुक्त अरब अमीरात ने फ्लाईदुबई विमान हाईजैक मामले की जांच के दौरान मालदीव के दो को पायलटों को हिरासत में लिया है। इन दोनों पायलटों का ओमान के हमलावर को-पायलट हमाम अल-हम्मामी से सीधे संपर्क था। यूएई के जांचकर्ता इन पायलटों से पूछताछ कर ओमानी पायलट की जानकारी जुटा रहे हैं।

Oct 13, 2026 - 22:28
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फ्लाईदुबई हाइजैक मामले में मालदीव के 2 को-पायलट हिरासत में, ओमानी हमलावर के थे दोस्त, जांच में यूएई ने किया खुलासा

दुबई। संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) ने फ्लाईदुबई विमान हाईजैक मामले में मालदीव के दो को-पायलटों को हिरासत में लिया है। यह कार्रवाई 30 सितंबर को फ्लाइट एफजेड1073 में भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार पर ओमानी को-पायलट के हमले और विमान को हाईजैक कर क्रैश करने की साजिश के मामले में की गई है। इन पायलटों को 3 अक्टूबर को हिरासत में लिया गया था। बताया जा रहा है कि मालदीव के ये दोनों को-पायलट हमलावर ओमानी को पायलट हमाम अल-हम्मामी के दोस्त हैं।

यूएई के जांचकर्ताओं ने बताया कि मालदीव के इन दोनों नागरिकों के अल-हम्मामी के साथ करीबी निजी और पेशेवर संबंध थे। रिपोर्टों से पता चलता है कि वे साथ काम करते थे, फ्लाइट शिफ्ट शेयर करते थे और हो सकता है कि एक ही रिहायशी इमारत में रहते हों। अभी तक मालदीव के इन दो को-पायलटों की पहचान उजागर नहीं की गई है। यह भी नहीं बताया गया है कि क्या ये पायलट दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाइट में हुई घटना से सीधे संबंधित हैं या नहीं।

संयुक्त अरब अमीरात के आतंकवाद-रोधी अधिकारी अभी पायलटों से पूछताछ कर रहे हैं ताकि उनके संपर्क की सही प्रकृति और फ्रीक्वेंसी का पता लगाया जा सके। इसके साथ ही जांचकर्ता यह भी पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि ओमानी हमलावर को पायलट और मालदीव के इन दो को-पायलटों ने साथ में कितनी उड़ानें की थीं। इनके बीच सोशल गैदरिंग और निजी डिजिटल बातचीत की भी जांच की जा रही है। इसका मकसद यह पता लगाना है कि क्या अल-हम्ममी ने कभी खुलकर चरमपंथी विचार व्यक्त किए, शहादत पर चर्चा की, या 9/11 जैसे हमलों का जिक्र किया।

यूएई के जांचकर्ताओं के अनुसार, अल-हम्मामी ने पूरी तरह से अकेले काम करने की बात कबूल की है। उसके सोशल मीडिया अकाउंट्स के फोरेंसिक विश्लेषण से अल-कायदा के प्रमुख आतंकवादियों की तस्वीरें सामने आईं, जिनमें ओसामा बिन लादेन, अयमान अल-जवाहिरी और हुमाम खलील अबू-मुलाल अल-बलावी शामिल है। इनमे से हुमाम खलील अबू-मुलाल अल-बलावी 2009 में अफगानिस्तान के खोस्त में सीआईए बेस पर आत्मघाती बम विस्फोट के पीछे का ऑपरेटिव था। इन पोस्टों को अक्सर इजरायली सैन्य विमानों के फुटेज के साथ दिखाया जाता था।