आगरा में नकली शराब का जाल बेनकाब, घर के अंदर चल रही थी फैक्ट्री, बिहार तक सप्लाई की थी तैयारी
आगरा के कागारौल क्षेत्र में पुलिस ने घर के अंदर चल रही नकली शराब फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया है। संयुक्त छापेमारी में 74 पेटी नकली शराब और केमिकल बरामद किए गए। चार आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं, जबकि मुख्य आरोपी के बेटे समेत चार लोग फरार हैं। नकली शराब की सप्लाई आगरा से बिहार तक होनी थी।
पुलिस–आबकारी–सर्विलांस की संयुक्त कार्रवाई, छापे के दौरान शराब के मैटेरियल में लगाई आग, चार आरोपी गिरफ्तार
आगरा। आगरा में नकली शराब के कारोबार का एक बड़ा और खतरनाक मामला सामने आया है। शराब पीने के शौकीनों के लिए यह खबर सतर्क करने वाली है कि कहीं ऐसा न हो कि आप जो शराब पी रहे हैं, वह नकली और जानलेवा हो। आगरा पुलिस ने एक ऐसे ही अवैध धंधे का पर्दाफाश किया है, जहां एक घर के अंदर पूरी नकली शराब की फैक्ट्री संचालित की जा रही थी। इस मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
मामला थाना कागारौल क्षेत्र के अकोला गांव का है। पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि गांव निवासी सत्यप्रकाश अपने दो बेटों और अन्य साथियों के साथ मिलकर घर के भीतर ही नकली अंग्रेजी शराब तैयार कर रहा है। सूचना की पुष्टि के बाद पुलिस ने आबकारी विभाग और सर्विलांस टीम के साथ मिलकर संयुक्त छापा मारा।
छापे के दौरान मची अफरातफरी
जैसे ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची, वहां अफरातफरी मच गई। खुद को घिरता देख मुख्य आरोपी सत्यप्रकाश ने अपने साथियों के साथ मिलकर शराब बनाने में इस्तेमाल हो रहे मैटेरियल में आग लगा दी, ताकि सबूत नष्ट किए जा सकें। हालांकि पुलिस की सतर्कता से बड़ा हादसा टल गया।
कैसे बनती थी नकली शराब
पुलिस पूछताछ में खुलासा हुआ कि आरोपी पानी, स्प्रिट और केमिकल के जरिए नकली अंग्रेजी शराब तैयार करते थे। इसके बाद उसे बोतलों में भरकर पैक किया जाता और बाजार में सप्लाई के लिए भेज दिया जाता था। इस नकली शराब की सप्लाई आगरा के अलावा बिहार तक किए जाने की तैयारी थी।
भारी मात्रा में सामान बरामद
पुलिस ने मौके से 74 पेटी नकली शराब, 50 लीटर स्प्रिट, 89 खाकी शराब की बोतलें, शराब की पैकिंग का भारी मात्रा में सामान बरामद किया है।
गिरफ्तार और फरार आरोपी
इस कार्रवाई में पुलिस ने सत्यप्रकाश, नरेश, उम्मेद सिंह और प्रशांत को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं कृष्णा, शिवशंकर, सौरभ और धर्मवीर अभी फरार हैं। फरार आरोपियों में सौरभ और शिवशंकर मुख्य आरोपी सत्यप्रकाश के बेटे हैं। पुलिस उनकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है।