यूपी बजट-2026- सत्ता पक्ष ने बताया विकास और आत्मनिर्भरता का रोडमैप, विपक्ष बोला- जमीनी सच्चाई से दूर कागज़ी बजट

आगरा। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा प्रस्तुत वर्ष 2026-27 के बजट को लेकर प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। जहां सत्तापक्ष के नेता इस बजट को ऐतिहासिक, विकासोन्मुख और आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश की दिशा में बड़ा कदम बता रहे हैं, वहीं विपक्ष ने इसे ज़मीनी हकीकत से दूर बताते हुए जनता के साथ छल करार दिया है।

Feb 11, 2026 - 20:08
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यूपी बजट-2026- सत्ता पक्ष ने बताया विकास और आत्मनिर्भरता का रोडमैप, विपक्ष बोला- जमीनी सच्चाई से दूर कागज़ी बजट

विकास, भरोसे और आत्मनिर्भरता का बजट- नवीन जैन

राज्यसभा सांसद नवीन जैन ने उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा पेश किए गए 9.12 लाख करोड़ रुपये से अधिक के बजट की सराहना करते हुए इसे प्रदेश के इतिहास का अब तक का सबसे बड़ा बजट बताया। उन्होंने इसे विकास, भरोसे और आत्मनिर्भरता का बजट  करार दिया।

सांसद नवीन जैन ने कहा कि यह बजट सरकार की सुदृढ़ आर्थिक नीति और दूरदर्शी नेतृत्व को दर्शाता है, जो प्रदेश को नई ऊंचाइयों तक ले जाने का मार्ग प्रशस्त करेगा। उन्होंने बताया कि बजट में आधारभूत संरचना, औद्योगिक विकास और रोजगार सृजन पर विशेष फोकस किया गया है, जिससे युवाओं के लिए नए अवसर पैदा होंगे।

उन्होंने किसानों, महिलाओं और युवाओं के लिए की गई घोषणाओं को अत्यंत सराहनीय और स्वागतयोग्य बताते हुए कहा कि कृषि क्षेत्र को सशक्त करने, महिला स्वयं सहायता समूहों को बढ़ावा देने और युवाओं को तकनीकी रूप से दक्ष बनाने के प्रावधान प्रदेश की सामाजिक और आर्थिक मजबूती का आधार बनेंगे।

सांसद ने शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं और कानून-व्यवस्था को प्राथमिकता देने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और वित्त मंत्री की प्रशंसा की तथा विश्वास जताया कि यह बजट उत्तर प्रदेश को ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था के लक्ष्य की ओर तेज़ी से अग्रसर करेगा।

गांव-गरीब-किसान की तरक्की और रोजगार देने वाला बजट पुरुषोत्तम खंडेलवाल

भाजपा विधायक पुरुषोत्तम खंडेलवाल ने इस बजट को अब तक का सबसे उत्कृष्ट, शानदार और रोजगारोन्मुखी बजट बताते हुए कहा कि यह प्रदेश के गांव, गरीब और किसान के समग्र विकास को समर्पित है।

विधायक पुरुषोत्तम खंडेलवाल ने उत्तर प्रदेश सरकार के 9 लाख करोड़ से अधिक के बजट की सराहना करते हुए कहा कि यह बजट प्रदेश की विकास यात्रा में एक नया अध्याय जोड़ने वाला है। उन्होंने कहा कि यह ऐसा बजट है, जिससे आम जनता को काम मिलेगा, रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और विकास जमीन पर दिखाई देगा।

विधायक ने कहा कि यह बजट गांव की सड़कों से लेकर शहर की गलियों तक विकास की नई तस्वीर पेश करेगा। उन्होंने तुलना करते हुए कहा कि सपा सरकार के समय की तुलना में आज उत्तर प्रदेश का बजट लगभग पांच गुना बढ़कर नौ लाख करोड़ रुपये से अधिक हो चुका है, जो इस बात का प्रमाण है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश कितनी तेज गति से आगे बढ़ रहा है।

श्री खंडेलवाल ने कहा पहले की सरकारों में विकास केवल कागजों पर दिखता था, जबकि आज योगी सरकार में विकास धरातल पर नजर आ रहा है। यही इस सरकार की सबसे बड़ी विशेषता है।

उन्होंने बजट को गांव, गरीब, किसान और युवा केंद्रित बताते हुए कहा कि यह उत्तर प्रदेश को आत्मनिर्भर और आर्थिक रूप से मजबूत बनाने की दिशा में मजबूत कदम है।

बुनियादी ढांचे का विस्तार करेगा बजट-यादवेंद्र

भाजपा के वरिष्ठ नेता यादवेंद्र शर्मा ने वर्ष 2026-27 के यूपी सरकार के बजट की सराहना करते हुए कहा कि इस बजट के प्रभाव से प्रदेश में बुनियादी ढांचे का विस्तार होगा। पूरे प्रदेश में रोजगार सृजन को बढ़ावा मिलेगा और उत्तर प्रदेश विकास के नए मानक स्थापित करेगा। उन्होंने कहा कि मेधावी छात्राओं के लिए स्कूटी योजना और किसानों के लिए 11 हजार करोड़ प्रावधान सराहनीय है। यह बजट प्रदेश में उद्योगों के विकास को भी बढ़ावा देगा। बजट में उचित प्रावधान कर सरकार ने चिकित्सा सेवाओं को भी ध्यान में रखा है।

जमीनी सच्चाई से दूर कागजी बजट-सपा

उत्तर प्रदेश सरकार के बजट पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए समाजवादी पार्टी के आगरा महानगर अध्यक्ष शब्बीर अब्बास ने इसे ज़मीनी सच्चाई से दूर बताया। उन्होंने कहा कि बड़ा बजट पेश कर आंकड़ों की बाजीगरी की गई है, लेकिन जनता को कोई वास्तविक राहत नहीं मिली।

शब्बीर अब्बास ने कहा कि शिक्षा बंद, नौजवान बेरोजगार, किसान परेशान और स्मार्ट सिटी के नाम पर करोड़ों का खेल, विकास सिर्फ कागज़ों में है।

उन्होंने आरोप लगाया कि शिक्षा व्यवस्था बदहाल है, स्कूल बंद हो रहे हैं, शिक्षक कम हैं और सुविधाएं अधूरी हैं। नौजवानों को रोजगार के नाम पर सिर्फ खोखले वादे मिले हैं। किसान महंगी खाद, डीज़ल और पानी की किल्लत से जूझ रहा है। स्वास्थ्य सेवाओं में डॉक्टर और दवाइयों की भारी कमी है। आगरा स्मार्ट सिटी में करोड़ों खर्च होने के बावजूद टूटी सड़कें, पानी की समस्या और अधूरी योजनाएं जनता के सामने हैं।

उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि जब इतना बड़ा बजट है, तो जनता को राहत क्यों नहीं? साथ ही उन्होंने दावा किया कि 2027 में सत्ता की विदाई तय है, क्योंकि विकास के दावों की हकीकत अब जनता के सामने आ चुकी है।

SP_Singh AURGURU Editor