आगरा में गैस कालाबाजारी पर बुलडोजर एक्शन, गोयल डेयरी से 42 कमर्शियल सिलेंडर जब्त

आगरा में जिला पूर्ति विभाग ने डीएम अरविंद मल्लप्पा बंगारी के निर्देश पर कालीबाड़ी रोड स्थित गोयल डेयरी पर छापा मारकर 42 कमर्शियल गैस सिलेंडर बरामद किए। मौके पर मौजूद व्यक्ति सोहनलाल कोई वैध दस्तावेज नहीं दिखा सका, जिसके बाद सिलेंडर जब्त कर उसके खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 की धारा 3/7 में कार्रवाई की गई। साथ ही प्रशासन ने 42 रिटेल आउटलेट/गैस एजेंसियों की जांच भी की और साफ चेतावनी दी है कि घरेलू गैस की कालाबाजारी, डायवर्जन, ओवररेटिंग या गैस कमी की झूठी अफवाह फैलाने वालों पर सख्त मुकदमा दर्ज होगा।

Mar 13, 2026 - 21:50
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आगरा में गैस कालाबाजारी पर बुलडोजर एक्शन, गोयल डेयरी से 42 कमर्शियल सिलेंडर जब्त
आपूर्ति विभाग के अधिकारी गोयल डेयरी पर छापेमारी करते हुए।

डीएम अरविंद बंगारी का सख्त संदेश, ओवररेटिंग, डायवर्जन और कालाबाजारी पर अब सीधा मुकदमा, गैस की कमी की अफवाह फैलाने वालों पर भी कार्रवाई

आगरा। ताजनगरी में घरेलू गैस सिलेंडरों की आपूर्ति को लेकर प्रशासन अब पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रहा है। जिलाधिकारी अरविंद मल्लप्पा बंगारी के सख्त निर्देशों पर जिला पूर्ति विभाग ने आज बड़ी कार्रवाई करते हुए कालीबाड़ी रोड स्थित गोयल डेयरी पर औचक छापा मारा, जहां से 42 कमर्शियल गैस सिलेंडर बरामद किए गए।

जिला पूर्ति अधिकारी आनंद कुमार सिंह ने बताया कि मुखबिर खास से सूचना मिलने के बाद उनके नेतृत्व में गठित जांच टीम ने मौके पर दबिश दी। टीम में क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी रानू रस्तोगी और पूर्ति लिपिक राजीव तिवारी भी शामिल रहे। छापेमारी के दौरान दुकान में मौजूद सोहनलाल पुत्र पृथ्वीनाथ, निवासी नूरी दरवाजा, आगरा मिले। जब टीम ने दुकान के भीतर तलाशी ली, तो प्लास्टिक की बोरियों से बनाए गए पर्दे के पीछे एक के ऊपर एक रखे 42 कमर्शियल गैस सिलेंडर बरामद हुए।

इनमें 10 सिलेंडर भारत गैस कंपनी के और 32 सिलेंडर हिंदुस्तान पेट्रोलियम कंपनी के बताए गए। जांच में सभी सिलेंडर खाली अवस्था में पाए गए, लेकिन जब मौके पर मौजूद व्यक्ति से इन सिलेंडरों के संबंध में कोई वैध अभिलेख या दस्तावेज मांगे गए, तो वह एक भी कागज पेश नहीं कर सका। इसके बाद जांच दल ने सभी 42 कमर्शियल गैस सिलेंडर कब्जे में लेकर मैसर्स मुगल गैस सर्विस गैस एजेंसी के सुपुर्द कर दिए। प्राथमिक जांच में यह स्पष्ट हुआ कि बिना किसी अधिकृत अनुमति के व्यावसायिक गैस सिलेंडरों का भंडारण और उनके अवैध क्रय-विक्रय का काम किया जा रहा था। प्रशासन ने इसे आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 की धारा 3/7 के तहत दंडनीय अपराध मानते हुए सोहनलाल के खिलाफ विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।

डीएम का सख्त रुख

इस कार्रवाई के साथ ही जिलाधिकारी अरविंद मल्लप्पा बंगारी ने साफ संदेश दिया है कि जनपद में घरेलू गैस सिलेंडरों की निर्बाध और सुचारू आपूर्ति से खिलवाड़ करने वालों को किसी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। डीएम ने पूरे जिले में तहसीलवार निगरानी टीमें गठित की हैं, जिनका काम यह सुनिश्चित करना है कि कहीं भी घरेलू गैस सिलेंडरों का अनाधिकृत भंडारण न हो। सिलेंडरों का डायवर्जन न किया जाए। कालाबाजारी न हो। उपभोक्ताओं से निर्धारित दर से अधिक वसूली (ओवररेटिंग) न की जाए। डिलीवरी और वितरण में अनियमितता न हो। 

जिलाधिकारी ने यह भी स्पष्ट किया है कि अगर कोई गैस एजेंसी, डिलीवरी मैन, व्यापारी या प्रतिष्ठान घरेलू गैस की सप्लाई से छेड़छाड़, ब्लैक मार्केटिंग, डायवर्जन या उपभोक्ताओं से अतिरिक्त वसूली करता पाया गया, तो उसके खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 की धारा 3/7 के साथ-साथ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की सुसंगत धाराओं में सीधा मुकदमा दर्ज किया जाएगा।

सोशल मीडिया पर भी प्रशासन की नजर

जिलाधिकारी ने एक और बड़ा निर्देश जारी करते हुए कहा है कि घरेलू गैस की कमी को लेकर सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से झूठा, भ्रामक और दुष्प्रचार फैलाने वालों पर भी कड़ी नजर रखी जाएगी। अगर कोई व्यक्ति, सोशल मीडिया अकाउंट, पेज, ग्रुप या अन्य माध्यम के जरिए यह भ्रम फैलाता है कि जनपद में गैस की भारी कमी है, तो उसे सिर्फ अफवाह नहीं माना जाएगा, बल्कि विधिक और दंडात्मक कार्रवाई के दायरे में लाया जाएगा। प्रशासन का साफ कहना है कि आगरा में घरेलू गैस की कोई कमी नहीं है, इसलिए जनता को गुमराह करने की कोशिश करने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी।

एक दिन में 42 रिटेल आउटलेट पर जांच 

सिर्फ गोयल डेयरी पर कार्रवाई ही नहीं, बल्कि डीएम के निर्देशों के अनुपालन में आज जिले में 42 रिटेल आउटलेट और गैस एजेंसियों की भी जांच की गई। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि यह एक दिन की औपचारिक कार्रवाई नहीं, बल्कि निरंतर चलने वाला सख्त निगरानी अभियान है। आने वाले दिनों में भी गैस एजेंसियों, डिलीवरी सिस्टम और संदिग्ध प्रतिष्ठानों की जांच जारी रहेगी।

इस कार्रवाई के बाद आगरा में गैस कारोबार से जुड़े हलकों में हड़कंप है, जबकि आम उपभोक्ताओं को राहत देने के लिए प्रशासन लगातार सख्ती और निगरानी दोनों मोर्चों पर सक्रिय है।