एनटीए ने रद्द की नीट यूजी परीक्षा, पेपर लीक मामले की होगी सीबीआई जांच, जल्द घोषित होगी नई तारीख
एनटीए ने नीट यूजी परीक्षा 2026 को रद्द कर दिया है। दावा किया जा रहा था कि एग्जाम के 125 सवाल हूबहू गेस पेपर से मेल खा रहे थे।
नई दिल्ली। एनटीए ने नीट यूजी परीक्षा 2026 को रद्द कर दिया है। दावा किया जा रहा था कि इस परीक्षा के 125 गेस सवाल हूबहू असली पेपर से मैच कर रहे थे। इसके बाद से ही परीक्षा पर खतरा मंडरा रहा था। तीन मई को हुई परीक्षा दोबारा कराई जाएगी। नई तारीख जल्द घोषित होगी। छात्रों को फिर से रजिस्ट्रेशन नहीं करना होगा और कोई अतिरिक्त फीस नहीं लगेगी। मामले की जांच अब सीबीआई करेगी और छात्रों से केवल आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करने को कहा गया है।
एडमिट कार्ड दोबारा जारी होंगे। इसके साथ ही पहले जमा की गई फीस वापस की जाएगी। परीक्षा केंद्र की पसंद वही रहेगी।
राजस्थान समेत कुछ राज्यों में गेस पेपर के करीब 125 सवाल नीट पेपर से हूबहू मैच कर रहे थे जिसके बाद परीक्षा की सत्यता पर लगातार सवाल उठाए जा रहे थे।इसके बाद जांच सत्यापन हुआ और ये पाया गया कि मौजूदा परीक्षा प्रक्रिया को जारी नहीं रखा जा सकता, जिसके बाद एनटीए ने इसे रद्द करने का फैसला लिया।
नीट 2026 में पूरे देशभर के 27 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश से लगभग 97 प्रतिशत बच्चे बैठे थे। इसका मतलब ये है कि इस साल छात्रों ने खूब उत्साह और पूरे विश्वास के साथ पेपर दिया था। इस नीट यूजी परीक्षा में सबसे ज्यादा छात्र उत्तर प्रदेश से थे जिनकी संख्या 3.6 लाख थी जो कि उनके डॉक्टर बनने के सपने को जाहिर करती है।
एनटीए ने अपने 10 मई 2026 वाले प्रेस रिलीज के बाद एक नया बयान जारी किया है, जिसमें कहा गया है कि 8 मई 2026 को नीट यूजी 2026 से जुड़े कुछ मामलों को “केंद्रीय एजेंसियों” के पास जांच के लिए भेजा गया था। एनटीए ने कहा कि परीक्षा की निष्पक्षता और सुरक्षा बनाए रखने के लिए इन मामलों की स्वतंत्र जांच कराई जाएगी।
मामला केंद्रीय जांच एजेंसियों को सौंप दिया गया है ताकि वे इसे ठीक से जांच सकें और परीक्षा की प्रक्रिया पर कोई फैसला ले सकें।