शाहजहांपुर के गौतम मौर्य हत्याकांड में बड़ा एक्शन: आरोपी के घर अवैध निर्माण का नोटिस चस्पा, सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने वालों को चेतावनी
-राजीव शर्मा- शाहजहांपुर। उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले के कांट कस्बे में हिंदू युवक गौतम मौर्य की हत्या के मामले में प्रशासन ने कार्रवाई तेज कर दी है। आरोपी पक्ष के मकान पर अवैध निर्माण का नोटिस चस्पा किया गया है, जबकि पीड़ित परिवार को मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से आर्थिक सहायता दिलाने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। दूसरी ओर, पुलिस ने सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने वालों को सख्त चेतावनी देते हुए कहा है कि भ्रामक और सांप्रदायिक माहौल बिगाड़ने वाली पोस्ट करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन के अनुसार, कांट कस्बे में शुक्रवार रात गौतम मौर्य की धारदार हथियार से हमला कर हत्या कर दी गई थी। आरोप है कि इंस्टाग्राम पर दूसरे धर्म की एक युवती के साथ फोटो साझा करने के बाद युवती के भाई समीर अली ने उस पर कई बार धारदार हथियार से वार कर हत्या कर दी। घटना के बाद इलाके में तनाव फैल गया था।
हत्या के बाद सड़क जाम, बाजार भी रहे बंद
अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) रजनीश मिश्रा ने बताया कि हत्या के विरोध में शनिवार को हजारों लोग थाने के सामने एकत्र हो गए और पलिया-जलालाबाद हाईवे पर जाम लगा दिया। विरोध के चलते बाजार भी बंद रहे। बाद में प्रशासन और पुलिस अधिकारियों के मौके पर पहुंचने तथा लोगों को समझाने के बाद जाम समाप्त कराया गया।
अपर जिलाधिकारी ने बताया कि मृतक के परिजनों ने एक करोड़ रुपये मुआवजे की मांग की है। प्रशासन ने मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने के लिए शासन को प्रस्ताव भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
आरोपी के मकान पर अवैध निर्माण का नोटिस
प्रशासन ने आरोपी पक्ष के खिलाफ भी कार्रवाई शुरू कर दी है। कांट नगर पंचायत की अधिशासी अधिकारी नूरजहां ने आरोपी लियाकत अली की पत्नी सलमा तथा मकान में रहने वाली अमीरन और नसीम जहां के नाम नोटिस जारी किया है। नोटिस में कहा गया है कि संबंधित मकान का निर्माण नगर पालिका अधिनियम, 1916 के प्रावधानों का उल्लंघन करते हुए किया गया है।
प्रशासन ने संबंधित लोगों को 10 दिन के भीतर स्वयं अवैध निर्माण हटाने का निर्देश दिया है। ऐसा न करने पर नगर पंचायत प्रशासन द्वारा कार्रवाई कर निर्माण हटाया जाएगा। यह नोटिस संबंधित भवन पर भी चस्पा कर दिया गया है।
पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे नेताओं का ग्रामीणों ने किया विरोध
घटना के बाद भाजपा और समाजवादी पार्टी के कई नेता पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे। इस दौरान कुछ नेताओं को ग्रामीणों के विरोध और नाराजगी का भी सामना करना पड़ा। इस घटनाक्रम के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं।
पुलिस की अपील- अफवाह फैलाने से बचें
पुलिस अधीक्षक सौरभ दीक्षित ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। उन्होंने कहा कि घटना दो समुदायों से जुड़ी होने के कारण सोशल मीडिया पर कई भ्रामक और अफवाह फैलाने वाली पोस्ट सामने आ रही हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि कांट कस्बे में पर्याप्त पुलिस बल और अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था तैनात की गई है।
एसपी ने चेतावनी दी कि सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने, सांप्रदायिक तनाव बढ़ाने या भ्रामक सामग्री साझा करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि पुलिस की सोशल मीडिया मॉनिटरिंग टीम लगातार विभिन्न प्लेटफॉर्म पर नजर बनाए हुए है।
प्रशासन और पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अपुष्ट जानकारी पर विश्वास न करें तथा कानून-व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें।