आईबीएम के क्वांटम स्कूल में आगरा के शब्द स्वरूप क्वांटम एक्सीलेंस’ बैज से सम्मानित
आगरा के दयालबाग निवासी शब्द स्वरूप सिंह मान ने क्वांटम कंप्यूटिंग के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। उन्होंने आईबीएम के ‘किस्किट ग्लोबल समर स्कूल 2026’ की निर्धारित शैक्षणिक आवश्यकताएं पूरी कर ‘क्वांटम एक्सीलेंस’ बैज प्राप्त किया है। परिवार की ओर से उपलब्ध कराए गए प्रमाणपत्र के अनुसार, आईबीएम ने यह उन्नत स्तर का बैज 21 अगस्त 2026 को जारी किया।
13 से 24 जुलाई तक आयोजित दो सप्ताह के ऑनलाइन किस्किट ग्लोबल समर स्कूल में प्रतिभागियों को क्वांटम कंप्यूटिंग के सिद्धांतों, किस्किट सॉफ्टवेयर के उपयोग और व्यावहारिक कोडिंग का प्रशिक्षण दिया गया। कार्यक्रम के दौरान आईबीएम क्वांटम के शोधकर्ताओं और इंजीनियरों के व्याख्यान भी हुए, जिनमें प्रतिभागियों को क्वांटम कंप्यूटिंग से जुड़े विभिन्न पहलुओं को समझने का अवसर मिला।
प्रशिक्षण में व्याख्यानों के साथ लैब अभ्यास भी शामिल रहे। इन अभ्यासों के माध्यम से प्रतिभागियों ने क्वांटम कंप्यूटिंग की अवधारणाओं को व्यावहारिक रूप से समझने और किस्किट सॉफ्टवेयर के जरिए कोडिंग करने का अनुभव हासिल किया।
शब्द स्वरूप वर्तमान में दिल्ली विश्वविद्यालय के सेंट स्टीफेंस कॉलेज में अध्ययनरत हैं। परिवार के अनुसार, उनकी रुचि आगे शोध के क्षेत्र में कार्य करने की है। उन्होंने किस्किट ग्लोबल समर स्कूल के प्रशिक्षण को क्वांटम कंप्यूटिंग के प्रति अपनी रुचि और समझ को आगे बढ़ाने वाला महत्वपूर्ण अनुभव बताया।
शब्द स्वरूप सिंह मान, डॉ. प्रीती सैनी एवं परम प्रीत सिंह मान के पुत्र हैं। परिवार की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, उनके माता-पिता दयालबाग एजुकेशनल इंस्टीट्यूट में कार्यरत हैं।