फतेहपुर सीकरी में एम्बुलेंस में गूंजी किलकारी, सीकरी चार हिस्सा में आग से अफरा-तफरी, पानी के लिए महिलाओं ने पालिका कार्यालय पर मटके फोड़े
-महावीर सिंह वर्मा- फतेहपुर सीकरी (आगरा) फतेहपुर सीकरी क्षेत्र में मंगलवार को अलग-अलग स्थानों पर तीन महत्वपूर्ण घटनाएं सामने आईं, जिन्होंने पूरे क्षेत्र का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। एक ओर 108 एम्बुलेंस सेवा की टीम ने सूझबूझ दिखाकर प्रसव पीड़ा से जूझ रही महिला का सुरक्षित प्रसव कराया, वहीं दूसरी ओर अंबेडकर बस्ती में लगी भीषण आग से ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। इसके अलावा कांदउवार क्षेत्र में लंबे समय से जारी पेयजल संकट को लेकर महिलाओं का गुस्सा फूट पड़ा और उन्होंने नगर पालिका कार्यालय पर मटके फोड़कर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया।
एम्बुलेंस में गूंजी किलकारी, टीम ने कराया सुरक्षित प्रसव
फतेहपुर सीकरी क्षेत्र के गांव खेड़ा जाट में मंगलवार सुबह करीब 6 बजे संगीता पत्नी सोनू को अचानक तेज प्रसव पीड़ा शुरू हो गई। परिजनों ने बिना देर किए 108 एम्बुलेंस सेवा को सूचना दी।
सूचना मिलते ही ईएमटी सौरभ सिंह और पायलट कमल कुमार एम्बुलेंस लेकर मौके पर पहुंचे। महिला की स्थिति को देखते हुए तुरंत उसे अस्पताल ले जाने का प्रयास किया गया, लेकिन रास्ते में प्रसव पीड़ा अत्यधिक बढ़ने लगी।
स्थिति की गंभीरता को समझते हुए ईएमटी सौरभ सिंह ने सूझबूझ का परिचय दिया और एम्बुलेंस को सुरक्षित स्थान पर रुकवाया। उन्होंने तत्काल चिकित्सकीय टीम से संपर्क किया और डॉ. अरविंद कुमार के निर्देशन में एम्बुलेंस के भीतर ही सुरक्षित प्रसव प्रक्रिया कराई गई।
कुछ ही समय में महिला ने स्वस्थ शिशु को जन्म दिया। इसके बाद जच्चा और बच्चा दोनों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र फतेहपुर सीकरी में भर्ती कराया गया, जहां दोनों को पूरी तरह स्वस्थ बताया गया है।
स्थानीय लोगों और परिजनों ने 108 एम्बुलेंस टीम के त्वरित निर्णय और मानवीय प्रयासों की जमकर सराहना की और आभार व्यक्त किया।
अंबेडकर बस्ती में भीषण आग, ईंधन जलकर राख

सीकरी चार हिस्सा की अम्बेडकर बस्ती में मंगलवार को ईंधन में लगी आग को बुझाने के बाद भी उठता धुआं।
फतेहपुर सीकरी के ग्राम पंचायत सीकरी चार हिस्सा स्थित अंबेडकर बस्ती में मंगलवार को उस समय हड़कंप मच गया जब जगन सिंह के मकान के पास खाली प्लाट में एकत्र किया गया ईंधन अचानक आग की चपेट में आ गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग अज्ञात कारणों से लगी और देखते ही देखते लपटें इतनी तेज हो गईं कि पूरे क्षेत्र में धुआं और चीख-पुकार मच गई। ग्रामीणों ने तुरंत एकजुट होकर आग बुझाने का प्रयास शुरू किया।
लोगों ने घरों से पानी लाकर आग पर काबू पाने की कोशिश की और काफी मशक्कत के बाद आग को फैलने से रोका गया। इस दौरान ग्रामीणों ने अपनी छतों पर रखे ईंधन को नीचे उतारकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। साथ ही पशुओं को भी सुरक्षित स्थानों पर ले जाया गया।
ग्रामीणों के अनुसार आग की लपटें इतनी ऊंची थीं कि आसपास के मकानों में भी खतरा पैदा हो गया था। महिलाओं और बच्चों में दहशत का माहौल बन गया।
इस हादसे में अजय, शिव सिंह, सूरज और प्रेम सिंह पुत्र होतीलाल सहित कई ग्रामीणों के ईंधन जलकर पूरी तरह राख हो गए, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है।
पेयजल संकट से भड़की महिलाएं, नगर पालिका कार्यालय पर फोड़े मटके

नगर पालिका कार्यालय के अंदर घुसकर प्रदर्शन करतीं महिलाएं।
फतेहपुर सीकरी के कांदउवार क्षेत्र में पिछले कई महीनों से जारी पेयजल संकट को लेकर मंगलवार को महिलाओं का आक्रोश फूट पड़ा। भीषण गर्मी में नियमित जलापूर्ति न होने से परेशान दर्जनों महिलाएं अपने साथ मटके लेकर नगर पालिका कार्यालय पहुंच गईं।
महिलाओं ने नगर पालिका परिसर में पहुंचकर जोरदार नारेबाजी की और विरोध स्वरूप मटके फोड़ दिए। प्रदर्शन के दौरान पूरे परिसर में हंगामे का माहौल बन गया।
महिलाओं ने आरोप लगाया कि क्षेत्र में लंबे समय से पानी की गंभीर समस्या बनी हुई है, लेकिन कई बार शिकायत करने के बावजूद भी प्रशासन द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
इस प्रदर्शन के दौरान सभासद लोकन राजपूत, डम्बर सिंह और डॉ. एस.एस. खान भी मौके पर पहुंचे और उन्होंने महिलाओं का समर्थन करते हुए नगर पालिका प्रशासन पर लापरवाही के आरोप लगाए।
सभासदों ने बताया कि कांदउवार क्षेत्र पहाड़ी इलाके में स्थित है, जहां जल संकट और भी गंभीर रूप ले चुका है। उन्होंने कहा कि कई बार अधिशासी अधिकारी और जलकल विभाग को अवगत कराने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई।
नगर पालिका अध्यक्ष शबनम और प्रतिनिधि मोहम्मद इस्लाम ने भी अधिकारियों की कार्यशैली पर नाराजगी जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले महीने दिए गए निर्देशों के बावजूद नई बोरिंग का कार्य शुरू नहीं किया गया।
महिलाओं ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही पेयजल व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया तो आंदोलन को और अधिक उग्र रूप दिया जाएगा।