भाजपा कर रही गंगा और शंकराचार्य दोनों का अपमान, आगरा में शिवपाल यादव का भाजपा पर तीखा प्रहार
आगरा के कालिंदी विहार में एक निजी अस्पताल के उद्घाटन कार्यक्रम में पहुंचे सपा के राष्ट्रीय महासचिव शिवपाल सिंह यादव ने भाजपा सरकार पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने प्रयागराज माघ मेले में शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद महाराज को स्नान से रोकने को गंगा, शंकराचार्य और सनातन परंपरा का अपमान बताया। ‘धुरंधर’ फिल्म में अतीक अहमद को ISI एजेंट दिखाने पर सवाल पूछे जाने पर वह भड़क गए और मीडिया को ही भाजपा का एजेंट कह दिया। इसके अलावा उन्होंने मथुरा की घटना, भ्रष्टाचार, झूठे मुकदमे, और चुनाव आयोग की निष्पक्षता को लेकर भी भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाए।
अतीक पर सवाल पूछते ही शिवपाल ने मीडिया को बताया बीजेपी का एजेंट
आगरा। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव शिवपाल सिंह यादव रविवार को एक निजी कार्यक्रम में आगरा पहुंचे, जहां उन्होंने कई ज्वलंत मुद्दों पर भाजपा सरकार के खिलाफ खुलकर मोर्चा खोल दिया।
आगरा के कालिंदी विहार क्षेत्र में एक निजी अस्पताल के उद्घाटन समारोह में पहुंचे शिवपाल यादव ने प्रयागराज माघ मेले, मथुरा की घटना, चुनाव आयोग की निष्पक्षता और धुरंधर फिल्म में अतीक अहमद के चित्रण जैसे सवालों पर तीखी प्रतिक्रिया दी।
इस दौरान उनका बयान पूरी तरह राजनीतिक तेवर में नजर आया और उन्होंने भाजपा सरकार पर सनातन के अपमान, दंगों, भ्रष्टाचार, झूठे मुकदमों और लोकतांत्रिक संस्थाओं पर सवाल जैसे गंभीर आरोप लगाए।
‘शंकराचार्य को स्नान से रोकना गंगा और सनातन दोनों का अपमान’
प्रयागराज माघ मेले में शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद महाराज को स्नान न करने दिए जाने के मुद्दे पर शिवपाल यादव ने भाजपा सरकार को कठघरे में खड़ा कर दिया। उन्होंने कहा कि यह केवल एक संत का अपमान नहीं, बल्कि गंगा, आस्था और सनातन परंपरा का भी अपमान है।
शिवपाल यादव ने कहा कि प्रयागराज माघ मेले में शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद महाराज को स्नान न करने देना गंगा और शंकराचार्य दोनों का अपमान है। भाजपा हमेशा सनातन का अपमान करती है। उनके इस बयान को सपा की तरफ से हिंदुत्व और धार्मिक भावनाओं के मुद्दे पर भाजपा को सीधे घेरने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है।
अतीक अहमद पर सवाल पूछते ही भड़के, मीडिया पर साधा निशाना
कार्यक्रम के दौरान जब मीडिया ने ‘धुरंधर’ मूवी में अतीक अहमद को आईएसआई एजेंट के रूप में दिखाए जाने को लेकर सवाल किया, तो शिवपाल यादव अचानक नाराज हो गए।
उन्होंने इस मुद्दे पर सीधा जवाब देने के बजाय मीडिया पर ही पलटवार कर दिया। शिवपाल ने कहा कि कुछ मीडिया संस्थान निष्पक्ष नहीं हैं और भाजपा के पक्ष में काम कर रहे हैं। उन्होंने नाराजगी जताते हुए मीडिया को ही “भाजपा का एजेंट” तक बता दिया। यह बयान कार्यक्रम का सबसे चर्चित और विवादित पल बन गया, क्योंकि सवाल फिल्म और अपराधी छवि से जुड़ा था, लेकिन जवाब सीधे मीडिया की भूमिका पर आ गया।
मथुरा की घटना पर सरकार को घेरा
मथुरा में हाल ही में हुई घटना को लेकर भी शिवपाल यादव ने भाजपा सरकार पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि राज्य में कानून व्यवस्था पूरी तरह बिगड़ी हुई है और भाजपा शासन में शांति व्यवस्था की जगह तनाव और टकराव का माहौल बना हुआ है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार में दंगे ही होते हैं। इस सरकार में कुछ भी निष्पक्ष नहीं होता। किसी की सुनवाई नहीं है।
शिवपाल ने आगे आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार जनता की समस्याओं के समाधान में पूरी तरह विफल रही है और प्रशासनिक व्यवस्था पक्षपातपूर्ण तरीके से काम कर रही है।
भाजपा सरकार को बताया सबसे भ्रष्ट सरकार
सपा महासचिव शिवपाल यादव ने भाजपा सरकार पर केवल प्रशासनिक विफलता ही नहीं, बल्कि भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप भी लगाए। उन्होंने कहा कि यह सरकार जनता से किए गए वादों को निभाने में नाकाम रही है और सिर्फ प्रचार की राजनीति कर रही है। उन्होंने तीखे शब्दों में कहा कि ये अब तक की सबसे भ्रष्ट सरकार है। इस सरकार में झूठे मुकदमे, झूठे वादे और झूठे दावे ही हैं। सपा नेता का यह बयान साफ संकेत देता है कि पार्टी आगामी राजनीतिक समीकरणों को देखते हुए भाजपा के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाने की रणनीति पर काम कर रही है।
चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर भी उठाए सवाल
अपने बयान में शिवपाल यादव ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में चुनाव आयोग जैसी संवैधानिक संस्था की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है और उसकी निष्पक्षता पर कोई संदेह नहीं होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग को निष्पक्ष रहना चाहिए। निष्पक्षता दिखाई नहीं देगी तो आरोप लगेंगे। उनका यह बयान विपक्ष की उस लगातार उठती चिंता को भी दर्शाता है, जिसमें चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता और संस्थाओं की निष्पक्षता को लेकर सवाल उठाए जाते रहे हैं।
आगरा में अस्पताल उद्घाटन, लेकिन चर्चा में छाए राजनीतिक बयान
हालांकि शिवपाल यादव आगरा के कालिंदी विहार में एक निजी अस्पताल के उद्घाटन के लिए पहुंचे थे, लेकिन कार्यक्रम पूरी तरह राजनीतिक रंग में रंग गया। अस्पताल उद्घाटन से ज्यादा चर्चा उनके भाजपा पर हमले, मीडिया पर टिप्पणी, और धार्मिक व राजनीतिक मुद्दों पर तीखे बयानों की रही। साफ है कि आगरा दौरे के दौरान शिवपाल यादव ने सिर्फ औपचारिक उपस्थिति दर्ज नहीं कराई, बल्कि मंच का इस्तेमाल कर भाजपा के खिलाफ बड़ा राजनीतिक संदेश देने की कोशिश की।