ईरान ने होर्मुज में रोका तेल टैंकर, इजरायल के सामने रखी बड़ी शर्त, सीजफायर तोड़ने की धमकी
चीन भी सक्रिय कूटनीतिक भूमिका में नजर आ रहा है। चीनी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता माओ निंग ने कहा कि चीन संघर्ष-विराम को आगे बढ़ाने और मिडिल ईस्ट में स्थिरता बहाल करने के लिए लगातार प्रयास करता रहेगा।
तेहरान। अमेरिका और ईरान के बीच घोषित सीजफायर के बावजूद जमीनी हालात तनावपूर्ण बने हुए हैं। बुधवार सुबह संघर्ष विराम की घोषणा के बाद भी हमलों की खबरें सामने आईं, जिससे शांति प्रक्रिया पर सवाल खड़े हो गए हैं। इस बीच इजरायल की तरफ से लेबनान पर लगातार हमले किए जा रहे हैं। इससे नाराज़ ईरान ने सीजफायर उल्लंघन का आरोप लगाते हुए रणनीतिक रूप से अहम होर्मुज स्ट्रेट में एक तेल टैंकर को रोक दिया है, जो वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है।
फार्स न्यूज एजेंसी के मुताबिक यह कदम सीधे तौर पर जवाबी कार्रवाई के रूप में उठाया गया है। वहीं तसनीम न्यूज़ एजेंसी ने चेतावनी दी है कि अगर लेबनान पर हमले जारी रहे तो तेहरान सीजफायर तोड़ सकता है।
दूसरी ओर, शांति प्रक्रिया में भूमिका निभा रहे पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने गहरी चिंता जताई है। उन्होंने सभी पक्षों से संयम बरतने और दो सप्ताह के सीजफायर का सम्मान करने की अपील की, ताकि कूटनीति के जरिए समाधान का रास्ता निकाला जा सके।
वहीं चीन ने भी कहा कि स्थिति बेहद नाजुक बनी हुई है। एक तरफ सीजफायर की घोषणा है, तो दूसरी तरफ जारी हमले और जवाबी कदम इस पूरे क्षेत्र को फिर से बड़े टकराव की ओर धकेल सकते हैं।