आगरा मेट्रो का नया इंजीनियरिंग कमाल, सिंगल पिलर तकनीक से बनेंगे स्टेशन, ट्रैफिक पर पड़ेगा कम असर
आगरा मेट्रो के दूसरे कॉरिडोर में उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉरपोरेशन लिमिटेड अब सिंगल पिलर तकनीक के जरिए ऐलिवेटिड स्टेशनों का निर्माण कर रहा है। इस आधुनिक तकनीक से कम जगह में तेजी से निर्माण संभव होगा और एमजी रोड जैसे व्यस्त मार्गों पर ट्रैफिक भी कम प्रभावित होगा। आगरा कैंट से कालिंदी विहार तक बनने वाले इस कॉरिडोर में कुल 15 ऐलिवेटिड स्टेशन बनाए जाएंगे।
आगरा मेट्रो में आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल, शहर को मिलेगी बड़ी राहत
आगरा। आगरा में तेजी से आकार ले रही मेट्रो परियोजना अब आधुनिक इंजीनियरिंग तकनीकों के सहारे नए आयाम छू रही है। उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉरपोरेशन लिमिटेड (UPMRC) द्वारा आगरा मेट्रो के दूसरे कॉरिडोर में सिंगल पिलर तकनीक का प्रयोग कर ऐलिवेटिड स्टेशनों का निर्माण किया जा रहा है। यह तकनीक खासतौर पर भीड़भाड़ वाले और सीमित जगह वाले क्षेत्रों के लिए बेहद उपयोगी मानी जाती है।
शहर की लाइफलाइन कहे जाने वाले एमजी रोड से गुजरने वाले इस कॉरिडोर में निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। मेट्रो प्रशासन का मुख्य उद्देश्य है कि निर्माण कार्य जल्द पूरा हो और आम लोगों को कम से कम असुविधा का सामना करना पड़े।
क्या है सिंगल पिलर तकनीक?
पारंपरिक तरीके में मेट्रो स्टेशन निर्माण के लिए तीन ग्रिड में पिलर खड़े किए जाते हैं। इन पिलरों पर हॉरिजोंटल बीम बनाकर कॉनकोर्स और प्लेटफॉर्म तैयार किया जाता है। इसमें अधिक जगह की आवश्यकता होती है और ट्रैफिक पर भी बड़ा असर पड़ता है। लेकिन आगरा मेट्रो के दूसरे कॉरिडोर में अपनाई जा रही सिंगल पिलर तकनीक में केवल मध्य ग्रिड में पिलर खड़े किए जाते हैं। इसके ऊपर लंबी क्रॉस आर्म बीम रखकर कॉनकोर्स और प्लेटफॉर्म लेवल का निर्माण किया जाता है। इस प्रक्रिया से स्टेशन कम जगह में आसानी से तैयार हो जाता है।
ट्रैफिक और सड़क चौड़ीकरण में भी मिलेगी राहत
एमजी रोड जैसे अत्यधिक व्यस्त मार्ग पर यह तकनीक काफी कारगर साबित हो रही है। इससे सड़क पर कम जगह घिरती है और यातायात सामान्य रूप से चलता रहता है। साथ ही भविष्य में सड़क चौड़ीकरण की जरूरत पड़ने पर भी मेट्रो स्टेशन बाधा नहीं बनेंगे। विशेषज्ञों के अनुसार, सिंगल पिलर तकनीक न केवल इंजीनियरिंग की दृष्टि से आधुनिक है, बल्कि यह शहर के सौंदर्य को भी बेहतर बनाती है। इससे पूरा कॉरिडोर अधिक आकर्षक और व्यवस्थित दिखाई देगा।
दूसरे कॉरिडोर से यमुनापार क्षेत्र को मिलेगा लाभ
आगरा कैंट से कालिंदी विहार तक बनने वाला दूसरा मेट्रो कॉरिडोर शहर के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इस कॉरिडोर के शुरू होने से यमुनापार क्षेत्र के हजारों लोगों को राहत मिलेगी। लोग आसानी से आगरा कैंट रेलवे स्टेशन, एमजी रोड, संजय प्लेस और अन्य प्रमुख इलाकों तक तेज और सुविधाजनक सफर कर सकेंगे।
दूसरे कॉरिडोर के प्रस्तावित स्टेशन
आगरा कैंट से कालिंदी विहार के बीच कुल 15 ऐलिवेटिड स्टेशन बनाए जाएंगे, जिनमें प्रमुख स्टेशन आगरा कैंट, सदर बाजार, प्रतापपुरा, कलेक्ट्रेट, (फ्यूचर स्टेशन – सुभाष पार्क, आगरा कॉलेज, हरीपर्वत, संजय प्लेस, एमजी रोड, सुलतानगंज, कमला नगर, रामबाग, फाउंड्री नगर, आगरा मंडी, कालिंदी विहार शामिल हैं।
तेजी से बदल रही शहर की तस्वीर
आगरा मेट्रो परियोजना केवल यातायात सुविधा नहीं, बल्कि शहर के इंफ्रास्ट्रक्चर और विकास की नई पहचान बनती जा रही है। आधुनिक तकनीक और बेहतर प्लानिंग के जरिए यह परियोजना भविष्य में शहर की ट्रैफिक व्यवस्था को काफी हद तक आसान बनाने में अहम भूमिका निभाएगी।