आगरा पुलिसः पुलिस कमिश्नर को भ्रष्टाचारियों पर एक्शन से पहले भितरघाती को पकड़ना पड़ेगा

आगरा। आगरा पुलिस विभाग में बढ़ते भ्रष्टाचार ने गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार ने हाल ही एक अच्छी पहल की। उन्होंने जनता के लिए एक हेल्पलाइन नंबर जारी किया, ताकि जनता सीधे अपनी शिकायतें दर्ज करा सके। शुरुआती दिनों में ही ढेरों शिकायतें आने लगीं। पहले कड़े कदम के रूप में छह पुलिसकर्मियों का निलंबन और दो को लाइन भेजने की कार्रवाई हुई तो दूसरे सजग हो गये। पुलिस कमिश्नर भ्रष्टाचारियों के खिलाफ दूसरा कदम उठा पाते कि उससे पहले शिकायतें लीक होने लगीं। उन पुलिसकर्मियों को पता चलने लगा कि उनकी शिकायत मिली है। ऐसे में आरोपियों ने झटपट रिश्वत में लिए शिकायतकर्ताओं को पैसे वापस करने शुरू कर दिए। सवाल यह है कि विभाग में वह कौन है जिसने पुलिस कमिश्नर के सिस्टम को ही भेद दिया।

Oct 8, 2025 - 20:51
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आगरा पुलिसः पुलिस कमिश्नर को भ्रष्टाचारियों पर एक्शन से पहले भितरघाती को पकड़ना पड़ेगा

यह जानकारियां तब सामने आईं जब पुलिसकर्मी शिकायतों के पास पहुंचकर किसी तरह मामले को ठंडा करने में जुट गये। इसके बाद शिकायतकर्ता भी दुविधा में आ गये कि शिकायत पर टिके रहें या कदम पीछे खींच लें। इसके साथ ही बड़ा सवाल यह है कि पुलिस महकमे में ही वह कौन अधिकारी है जो ऐसी सूचनाओं को लीक कर रहा है। इससे पुलिस कमिश्नर के भ्रष्टाचार रोकने के प्रयास कमजोर पड़ रहे हैं।

पिछले कुछ महीनों में आगरा के पुलिस महकमे में भ्रष्टाचार की शिकायतें इतनी बढ़ गईं कि इनकी शिकायतें डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य और डीजीपी तक पहुंच गईं। डिप्टी सीएम के आगरा दौरे के दौरान भाजपाइयों ने बताया था थानों में दलाल हावी हैं और बिना पैसे के किसी का काम नहीं हो रहा। डीजीपी इससे पहले ही कह चुके थे कि आगरा समेत छह जिलों में पुलिस कर्मियों के खिलाफ कई शिकायतें मिली हैं।

अब जबकि शिकायतें ही लीक होने लगी हैं तो भ्रष्टाचार पर कार्रवाई करने से पहले पुलिस कमिश्नर को यह ध्यान रखना होगा कि सिस्टम में सेंध लगाने वाले अधिकारी कौन हैं। क्या भ्रष्ट पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई करने से पहले इस भितरघाती को पकड़ना संभव होगा या नहीं।

पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार साफ कर चुके हैं कि भ्रष्टाचार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। लेकिन विभागीय अंदरूनी गड़बड़ी और जानकारी लीक करने वाले अधिकारियों के कारण उनकी योजना में बाधा उत्पन्न हो रही है। अब सबकी निगाहें उस अधिकारी पर हैं जिसने सिस्टम में सेंध लगाई और विश्वासघात किया।

SP_Singh AURGURU Editor