बाबर-औरंगजेब को नकारते हुए बोले योगी- नया भारत आत्मगौरव से खड़ा हो रहा है
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को स्पष्ट शब्दों में कहा कि नया भारत बाबर, औरंगजेब और जिन्ना की सोच को नकारता है। अब यह देश भगवान राम, कृष्ण और महर्षि वाल्मीकि के विचारों से प्रेरणा ले रहा है।
मुख्यमंत्री ने मंच से भारत की बदलती सोच और आत्मगौरव की भावना को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि हमारी विरासत आक्रांताओं की नहीं, हमारे ऋषि-मुनियों, देवताओं और महापुरुषों की है। उन्होंने जोर देकर कहा कि देश को अब उन प्रतीकों से जोड़ना होगा जो गर्व और प्रेरणा देते हैं, न कि उन लोगों से जो गुलामी के प्रतीक हैं।
मुख्यमंत्री लखनऊ में अमर उजाला के संवाद कार्यक्रम में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि कुछ लोग आज आक्रांता बाबर, औरंगजेब और देश को तोड़ने वाले जिन्ना का गुणगान करते हैं। ऐसा कर ये लोग महाराणा सांगा, छत्रपति शिवाजी महाराज और सरदार पटेल के योगदान का अपमान करते हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विकास, सुशासन और सांस्कृतिक विरासत पर अपना दृष्टिकोण साझा किया। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने प्रदेश की उपलब्धियों को गिनाते हुए कहा, आज का भारत, विकास और विरासत दोनों का सम्मान करता है। यही नया भारत है।
सीएम योगी ने कहा कि उत्तर प्रदेश आज एक्सप्रेसवे, एयरपोर्ट और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर की शक्ति के साथ आगे बढ़ रहा है, वहीं अयोध्या, काशी और मथुरा जैसे तीर्थस्थलों का कायाकल्प कर सांस्कृतिक पुनर्जागरण भी हो रहा है। उन्होंने भ्रष्टाचार पर सख्त कार्रवाई और कानून व्यवस्था में सुधार को अपनी सरकार की बड़ी उपलब्धियों में गिनाया।
मुख्यमंत्री ने युवाओं के लिए स्टार्टअप, स्किल डेवलपमेंट और रोजगार की दिशा में चल रही योजनाओं का उल्लेख किया और कहा कि आज यूपी निवेश के लिए सबसे पसंदीदा राज्य बनता जा रहा है। उन्होंने मीडिया की भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि सार्थक संवाद ही लोकतंत्र की आत्मा है।
कार्यक्रम के अंत में सीएम योगी ने "सशक्त भारत" के निर्माण में हर नागरिक की भागीदारी का आह्वान किया और कहा कि जो देश अपनी पहचान को भूल जाता है, वह विकास नहीं कर सकता।