बरेली में बैंड के साथ लौट रहे तीन मासूमों को तेज रफ्तार कार ने रौंदा,
बरेली। बारात चढ़ाकर वापस लौट रहे बैंड और लाइट्स का सामान समेट रहे चार बच्चों को तेजी से आ रही एक कार ने सड़क किनारे रौंद दिया, जिससे एक की मौके पर ही मौत हो गई जबकि दो बच्चों ने अस्पताल ले जाते समय दम तोड़ दिया।
तीन परिवारों में एक साथ मचा कोहराम
चौथे बच्चे की हालत नाजुक बनी हुई है।
बरेली के अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी मुकेश चंद्र मिश्रा ने रविवार को बताया कि घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और तीनों शवों का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मामले में लापरवाही को लेकर कानूनी कार्रवाई की तैयारी भी की जा रही है। हादसे के बाद कार चालक मौके से फरार हो गया था।
पुलिस ने घटनास्थल के पास से दुर्घटनाग्रस्त कार को बरामद कर लिया है। चालक की तलाश की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार किया जाएगा। एएसपी मिश्रा ने जानकारी दी कि ग्रामीणों ने बताया कि शाही थाने के गांव आनंदपुर में बीती रात हुई सड़क दुर्घटना में शाही के गांव बकैनिया धीरपुर निवासी 14 वर्षीय मोहित पुत्र कल्याण सिंह, 15 वर्षीय सचिन पुत्र गंगाराम और 14 वर्षीय रोहित पुत्र महेंद्र सिंह की मौत हो गई, जबकि गांव का ही रहने वाला 14 वर्षीय संजीव पुत्र हरिद्वारी लाल गंभीर रूप से घायल हो गया।
मृतक बच्चों के परिजनों ने बताया कि दुर्घटना के शिकार सभी बच्चे आनंदपुर स्थित शिवा बैंड में काम करते थे। शनिवार शाम को सभी बच्चे शिवा बैंड के साथ फिदाई पुर गांव में बैंड बजाने वालों के साथ रोड लाइट का काम करने गए थे। बारात चढ़ने के बाद देर रात सभी बच्चे एक साथ आनंदपुर गांव पहुंचे। वे बैंड की दुकान के सामने खड़े होकर अपना सामान ठीक से रखने की कोशिश कर रहे थे। इसी दौरान धनेटा से शीशगढ़ की ओर जा रही तेज रफ्तार ईको कार अचानक बेकाबू हो गई और चार बच्चों को टक्कर मारने के बाद बैंड की ठेली से टकरा गई। कुछ दूर चलने के बाद लोगों ने कार को रोक लिया। उसका चालक मौका देखकर फरार हो गया।
घटना की सूचना मिलते ही गांव वालों की भीड़ मौके पर जमा हो गई। गांव वालों ने घायल बच्चों को इलाज के लिए अस्पताल ले जाने की कोशिश की, लेकिन मोहित की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि सचिन और रोहित ने अस्पताल पहुंचने से पहले ही दम तोड़ दिया। अस्पताल पहुंचते ही डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया, जबकि घायल संजीव की हालत भी नाजुक बनी हुई है।