बरेलीः जो मदरसा धर्मांतरण का केंद्र था, वह अवैध निकला, जल्द हो सकता है जमींदोज
-आरके सिंह- बरेली। धर्मांतरण सिंडीकेट का खुलासा करने के बाद पुलिस की जांच ने बड़ा राज सामने ला दिया है। जिस मदरसे के नाम पर चंदा और फंडिंग हो रही थी, वह भी अवैध निकला है। पंजीकरण और नवीनीकरण की कोई वैधता नहीं मिलने पर प्रशासन ने इसे अवैध मदरसा करार दिया है। अब इस मदरसे को बुलडोजर के जरिए जमींदोज करने की तैयारी चल रही है। पुलिस की तफ्तीश में सामने आया कि गिरोह का सरगना अब्दुल मजीद इसी मदरसे के नाम पर विदेशी फंडिंग और दान ले रहा था। 14 राज्यों और 29 जिलों में फैले नेटवर्क के जरिए बड़े पैमाने पर धर्मांतरण का नेटवर्क चलाया जा रहा था।
बरेली के इस मदरसे का इस्तेमाल विदेशी फंड मंगाने के लिए हो रहा था
इसी फंडिंग से 14 राज्यों के 29 जिलों में चल रहा था धर्मांतरण नेटवर्क
अवैध मदरसा और फर्जी सोसाइटी का खेल
फैजनगर स्थित मदरसा न तो अल्पसंख्यक कल्याण विभाग में पंजीकृत है और न ही उसका रिन्यूवल हुआ है। पुलिस जांच में यह भी पाया गया कि मदरसा एक सोसाइटी के नाम पर पंजीकृत है, पर उसका रिन्यूवल नहीं हुआ। इससे स्पष्ट है कि संस्था का इस्तेमाल सिर्फ चंदा और फंडिंग हड़पने के लिए किया जा रहा था।
21 बैंक खाते और लाखों के ट्रांजेक्शन
गिरोह से जुड़े चार आरोपितों के पास से पुलिस को 21 बैंक खाते मिले थे। इनमें से अब्दुल मजीद और उसकी पत्नी के नाम पर पांच खाते थे, जिनमें पिछले महीनों में करीब 2000 ट्रांजेक्शन में 13 लाख रुपये से अधिक की धनराशि जमा होने का खुलसा हुआ था। सलमान के पास 12 खाते, जबकि आरिफ और फहीम के पास दो-दो खाते मिले। पूछताछ में स्पष्ट हुआ कि सारे खाते मदरसा सोसाइटी के नाम पर चलाई जा रही फंडिंग से संचालित हो रहे थे।
धर्मांतरण के नए ठिकाने का शक
बरेली पुलिस को शक है कि एक और नए मदरसे में धर्मांतरण का गंदा खेल चल रहा है। जल्द ही पुलिस वहां भी दबिश दे सकती है। एसपी दक्षिणी अंशिका वर्मा ने बताया कि लगातार नई जानकारियां सामने आ रही हैं। बहुत जल्द बड़ा खुलासा किया जाएगा।
प्रभात उपाध्याय मामले से जुड़ा धंधा
नेत्रहीन प्रवक्ता प्रभात उपाध्याय और गणित शिक्षक ब्रजपाल का धर्म परिवर्तन कराने के मामले में भी इसी गिरोह का नाम सामने आया था। प्रभात उपाध्याय के बेटे ने आरोप लगाया था कि फैजनगर के मदरसे में रखकर दूसरी शादी का झांसा देकर धर्म परिवर्तन कराया जा रहा था। इसी सिलसिले में पुलिस ने अब्दुल मजीद, सलमान, मोहम्मद आरिफ और मोहम्मद फहीम को गिरफ्तार किया था।