श्री गिरिराज जी सेवा मंडल परिवार के छप्पन भोग महोत्सव 2025 का आमंत्रण पत्र विमोचन के साथ आगाज़, आगरा से गोवर्धन तक बहेगी कृष्ण भक्ति की बयार, स्वर्ण हंस रथ बनेगा विशेष आकर्षण

आगरा में भक्ति, संस्कृति और परंपरा का अद्भुत संगम देखने को मिला, जब श्री गिरिराज जी सेवा मंडल परिवार ने दिव्य छप्पन भोग महोत्सव 2025 की आमंत्रण पत्रिका का भव्य विमोचन किया। वाटर वर्क्स स्थित अतिथि वन में आयोजित कार्यक्रम में गिरिराज धरण की दिव्य महिमा से वातावरण श्रद्धा और अध्यात्म से परिपूर्ण हो उठा। सात दिवसीय महोत्सव में भक्तों को भक्ति, सेवा और संस्कृति का दुर्लभ अनुभव मिलने वाला है।

Dec 1, 2025 - 17:38
 0
श्री गिरिराज जी सेवा मंडल परिवार के छप्पन भोग महोत्सव 2025 का आमंत्रण पत्र विमोचन के साथ आगाज़, आगरा से गोवर्धन तक बहेगी कृष्ण भक्ति की बयार, स्वर्ण हंस रथ बनेगा विशेष आकर्षण
अतिथि वन, वाटर वर्क्स में दिव्य छप्पन भोग महोत्सव 2025 की आमंत्रण पत्रिका का विमोचन करते संस्थापक नितेश अग्रवाल और सह–संस्थापक मयंक अग्रवाल। मंच पर पार्षद मुरारी लाल गोयल, विजय अग्रवाल, कपिल नागर, अजय अग्रवाल, विशाल बंसल एवं मंडल पदाधिकारी उपस्थित।

आगरा। शहर में धार्मिक आस्था और भक्ति का माहौल उस समय चरम पर पहुंच गया जब श्री गिरिराज जी सेवा मंडल परिवार ने आगामी दिव्य छप्पन भोग महोत्सव 2025 की तैयारियों का औपचारिक शुभारंभ कर दिया। वाटर वर्क्स स्थित अतिथि वन में महोत्सव की आमंत्रण पत्रिका का विमोचन किया गया। परिसर गिरिराज महाराज की दिव्यता और भक्तिमय स्वरूप से आलोकित हो उठा।

कार्यक्रम का शुभारंभ संस्थापक नितेश अग्रवाल, सह–संस्थापक मयंक अग्रवाल, संरक्षक कपिल नागर, वीरेंद्र सिंघल, विजय अग्रवाल, अध्यक्ष अजय सिंघल, महामंत्री विजय अग्रवाल, कोषाध्यक्ष विशाल बंसल, संयोजक पुनीत अग्रवाल, तथा मंडल पदाधिकारियों ने गिरिराज जी महाराज की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया।

संस्थापक नितेश अग्रवाल ने कहा कि गिरिराज महाराज की सेवा करना जीवन का सौभाग्य है। महोत्सव में इस बार भक्तों को दिव्य और अविस्मरणीय अनुभव देने हेतु व्यापक तैयारियां की गई हैं। चलते हुए बादलों के मध्य 20 फ़ुट ऊंचे स्वर्ण हंस रथ पर विराजमान श्री गिरिराज धरण भक्तों को अद्भुत आध्यात्मिक अनुभूति कराएंगे।

सह–संस्थापक मयंक अग्रवाल ने बताया कि दर्शन व्यवस्था, छप्पन भोग की सज्जा, साधु सेवा, फूल बंगला और महाप्रसाद सहित सभी व्यवस्थाएँ भक्तों की सुविधा और गरिमा को ध्यान में रखकर की जा रही हैं।

अध्यक्ष अजय सिंघल ने कहा कि यह केवल उत्सव नहीं बल्कि भक्ति और सामाजिक समरसता का संदेश जन–जन तक पहुँचाने वाला संस्कार पर्व है। हजारों भक्तों को एक मंच पर जोड़ना ही इस महोत्सव की सबसे बड़ी शक्ति है।

महामंत्री विजय अग्रवाल ने कहा कि हर कार्यक्रम को परंपरा और शास्त्रीय विधि के अनुरूप संपन्न कराया जाएगा।

ये है कार्यक्रमों की रूपरेखा

संरक्षक कपिल नागर ने सात दिवसीय कार्यक्रमों की विस्तृत जानकारी दी। उनके अनुसार-

8 दिसंबर: वाटर वर्क्स गौशाला में छप्पन भोग एवं गौ–पूजन।

17 दिसंबर: रावतपाड़ा तिराहा से रामबरात मार्ग तक भव्य आमंत्रण यात्रा।

25 दिसंबर: गोवर्धन में भट्टी पूजन।

26 दिसंबर: पारंपरिक मेहंदी महोत्सव।

28 दिसंबर: हजारों भक्तों की उपस्थिति में गोवर्धन परिक्रमा, गिरिराज जी का अभिषेक अनुष्ठान।

29 दिसंबर: श्री गुरु काष्र्णि आश्रम, आन्योर, गोवर्धन में दिव्य छप्पन भोग, फूल बंगला, महाप्रसाद, साधु सेवा एवं संध्याकालीन भजन संध्या।
साथ ही स्वर्ण हंस रथ पर श्री गिरिराज धरण के विशेष दर्शन प्रमुख आकर्षण रहेंगे।

कार्यक्रम में पार्षद मुरारी लाल गोयल, कुलभूषण गुप्ता, संतोष मित्तल, राजेंद्र अग्रवाल, विकास जैन, मयंक जैन सहित कई गणमान्य जन उपस्थित रहे।

SP_Singh AURGURU Editor