शोध छात्रा पर मेडिकल के दौरान डॊक्टर ने समझौते का दबाव बनाया था, अब दोबारा होगी मेडिकल जांच
आगरा। डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय के रसायन विज्ञान विभाग के प्रोफेसर गौतम जैसवार पर दुष्कर्म के गंभीर आरोप लगाने वाली शोध छात्रा को मेडिकल के दौरान लेडी डॊक्टरों ने हतोत्साहित किया था। डॊक्टरों ने पीड़िता को यह कहकर डराया था कि कुछ भी साबित नहीं होगा, इसलिए मूव ऒन करो। इसके बाद यह आशंका पैदा हो गई कि मेडिकल करने वाली डॊक्टर ने कहीं रिपोर्ट में गड़बड़ी न कर दी हो। इसी आशंका के साथ पीड़िता ने आज सीएमओ को एक एप्लीकेशन देकर फिर से मेडिकल की मांग की। सीएमओ डॊ. अरुण श्रीवास्तव ने पीड़िता के दोबारा मेडिकल के आदेश जारी कर दिए हैं। मेडिकल बोर्ड द्वारा दोबारा से मेडिकल किया जाएगा।
ज्ञातव्य है कि पीड़िता की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ही छात्रा को मेडिकल के लिए लेडी लायल अस्पताल ले गई थी। छात्रा का आरोप है कि पहली मेडिकल जांच के दौरान चिकित्सक ने उस पर दबाव बनाया कि वह मेडिकल न कराए। डॊक्टर ने उसे यह कहकर डराया कि जांच में यह साबित नहीं होगा कि प्रोफेसर गिल्टी हैं। तुम्हारे शरीर का नीचे का हिस्सा हमेशा के लिए खराब हो जाएगा। बहुत दर्द होगा और तुम इस झंझट में मत पड़ो, मूव ऑन करो। छात्रा का आरोप है कि चिकित्सक ने उसे गुमराह कर उससे एक कागज पर हस्ताक्षर करा लिए।
पीड़िता ने यह बात पुलिस को बताई तो पुलिस के भी कान खड़े हुए। इसी के बाद पीड़िता ने गुरुवार को सीएमओ से मुलाकात कर पुनः मेडिकल जांच कराने के लिए प्रार्थना पत्र दिया। सीएमओ ने छात्रा की एप्लीकेशन पर दोबारा मेडिकल के आदेश जारी कर दिए हैं। सीएमओ डॊ. अरुण श्रीवास्तव ने भी इसकी पुष्टि की है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मामले में प्रो. गौतम जैसवार फिलहाल फरार हैं। इधर विश्वविद्यालय प्रशासन ने भी उन्हें दो दिन बाद निलंबित कर दिया था, जबकि राजभवन ने भी विश्वविद्यालय से इस मामले में रिपोर्ट तलब की है।
पीड़िता की शिकायत के अनुसार, प्रोफेसर जैसवार ने दो साल तक शादी का झांसा देकर शारीरिक शोषण किया। उसे खजुराहो और बरसाना के होटलों में ले जाकर दुष्कर्म किया गया। आरोप है कि प्रोफेसर ने कार्यालय में भी छेड़छाड़ की, मोबाइल तोड़ने की कोशिश की और धमकी दी कि मुंह खोला तो करियर बर्बाद कर दूंगा।
छात्रा का कहना है कि प्रोफेसर ने उसे यह कहते हुए झांसे में लिया था कि उसकी पत्नी खूबसूरत नहीं है, इसलिए तुमसे शादी करूंगा और “कुलपति बनते ही तुम्हारी नौकरी लगवा दूंगा। पीड़ित छात्रा अब हर हालत में दोषी प्रोफेसर को सजा दिलाने पर दृढ़ है। वह कहती है कि उसे न्याय चाहिए।