आगरा में फर्जी रिकवरी का खेल, शाहगंज में भाजपा कार्यकर्ता को बनाया निशाना

शाहगंज में भाजपा कार्यकर्ता विशेष राठौर की बाइक रोककर छीना-झपटी की कोशिश का आरोप लगा है। किस्त बकाया का बहाना बनाया गया, आरोपियों के पास न पहचान पत्र था न सही नंबर प्लेट। एक आरोपी ने खुद को ‘सभासद’ और भाजपा पार्षद का भाई बताया। पीड़ित ने वीडियो सबूत दिए, पुलिस जांच में जुटी है।

Jan 14, 2026 - 12:32
 0
आगरा में फर्जी रिकवरी का खेल, शाहगंज में भाजपा कार्यकर्ता को बनाया निशाना
मोटर साइकिल ले जाते युवक।

‘सभासद का भाई’ बताकर धमकी, पुलिस जांच में जुटी 

आगरा। आगरा के शाहगंज थाना क्षेत्र में सरेराह बाइक रोककर छीना-झपटी की कोशिश का सनसनीखेज मामला सामने आया है। भीमनगर निवासी भाजपा कार्यकर्ता विशेष राठौर ने आरोप लगाया है कि कुछ युवकों ने उन्हें रास्ते में रोककर उनकी बाइक छीनने का प्रयास किया। आरोपियों ने खुद को किस्त वसूली से जुड़ा बताते हुए पहले बाइक रुकवाई और फिर दबाव बनाना शुरू कर दिया।

पीड़ित के अनुसार, आरोपियों के पास न तो कोई वैध पहचान पत्र था और न ही उनकी बाइक पर सही नंबर प्लेट लगी हुई थी। जब विशेष राठौर ने उनसे पहचान और अधिकार संबंधी दस्तावेज मांगे, तो वे टालमटोल करने लगे। आरोप है कि इसी दौरान एक आरोपी ने खुद को कमला नगर के एक चर्चित भाजपा पार्षद का भाई होने का दावा किया, ताकि राजनीतिक रौब दिखाकर मामला दबाया जा सके।

स्थिति बिगड़ती देख विशेष राठौर ने मोबाइल से वीडियो रिकॉर्डिंग शुरू कर दी। वीडियो में आरोपियों की बातचीत, धमकी भरा रवैया और दस्तावेज न दिखा पाने की स्थिति स्पष्ट दिखाई दे रही है। पीड़ित का कहना है कि वीडियो बनते ही आरोपी मौके से खिसकने लगे।

घटना की सूचना पर शाहगंज थाना पुलिस हरकत में आई। पुलिस ने पीड़ित से वीडियो साक्ष्य प्राप्त कर लिए हैं और आरोपियों की पहचान व भूमिका की जांच शुरू कर दी है। थाना स्तर पर बताया गया कि नंबर प्लेट, वाहन स्वामित्व, कथित किस्त वसूली और राजनीतिक दावों की सत्यता की गहन जांच की जा रही है। दोषी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

घटना के बाद क्षेत्र में चर्चा का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि किस्त वसूली के नाम पर फर्जीवाड़ा बढ़ रहा है और ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई जरूरी है ताकि आम नागरिकों को सरेराह डराया-धमकाया न जा सके।