मानसिक स्वास्थ्य दिवस पर संगोष्ठीः मन के विज्ञान को समझना आत्म-विकास की कुंजी-डॊ. चीनू

आगरा। विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस 2025 के अवसर पर आगरा कॉलेज के मनोविज्ञान विभाग एवं स्टूडेंट काउंसलिंग एंड सपोर्ट सेंटर के संयुक्त तत्वावधान में ‘आपदाओं एवं आपात स्थितियों में मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच’ विषय पर संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इस अवसर पर विशेषज्ञों ने आपदाओं के दौरान मानसिक संतुलन बनाए रखने, परामर्श सेवाओं के महत्व और सामाजिक सहयोग की भूमिका पर सार्थक चर्चा की।

Oct 10, 2025 - 19:46
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मानसिक स्वास्थ्य दिवस पर संगोष्ठीः मन के विज्ञान को समझना आत्म-विकास की कुंजी-डॊ. चीनू
विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस पर शुक्रवार को आगरा कॊलेज में आयोजित संगोष्ठी का उद्घाटन करतीं मुख्य अतिथि मनोवैज्ञानिक डॊ. चीनू अग्रवाल एवं प्रिंसिपल प्रो. सीके गौतम।

कार्यक्रम का आयोजन महाविद्यालय परिसर स्थित ऑडिटोरियम सभागार में किया गया। संगोष्ठी की मुख्य अतिथि रहीं प्रख्यात मनोवैज्ञानिक एवं फीलिंग माइंड्स की निदेशक डॉ. चीनू अग्रवाल, जिन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि मन के विज्ञान को समझना आत्म-विकास की कुंजी है। जब हम अपनी भावनाओं को साझा करते हैं, तो उनका बोझ हल्का हो जाता है।

कार्यक्रम का शुभारंभ प्राचार्य प्रो. सी. के. गौतम एवं मुख्य अतिथि द्वारा मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन से हुआ।

अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में प्रो. सी. के. गौतम ने कहा कि आपदाओं की परिस्थितियों में सहानुभूति, सहयोग और संचार — तीनों मानसिक स्वास्थ्य की रक्षा के मूल आधार हैं।

कार्यक्रम की संयोजक प्रो. पूनम चांद ने कहा कि संकट के समय मनोवैज्ञानिक प्राथमिक सहायता उतनी ही आवश्यक है जितनी भौतिक सहायता। उन्होंने सुझाव दिया कि राहत कार्यों में मनोवैज्ञानिक परामर्श टीमों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जानी चाहिए।

विभागाध्यक्ष डॉ. रचना सिंह ने ‘ग्रीन रिबन’ के प्रतीकात्मक महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि यह मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता, नवजीवन और सद्भाव का संदेश देता है।

आयोजन सचिव डॉ. शिव कुमार सिंह ने कहा कि प्राकृतिक आपदाएं मानसिक संतुलन को गहराई से प्रभावित करती हैं, लेकिन समय पर परामर्श मिलने से व्यक्ति पुनः सामान्य जीवन की ओर लौट सकता है।

कार्यक्रम का संचालन डॉ. पार्थ बघेल ने किया, जबकि डॉ. अंशु चौहान ने विशेष सहयोग दिया और डॉ. दीपाली सिंह ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया।

इस अवसर पर डॉ. पी. बी. झा, डॉ. मृणाल शर्मा, डॉ. दीपा रावत, डॉ. बी. के. सिंह, डॉ. दीपक उपाध्याय, डॉ. आशीष कुमार, डॉ. अमिता सरकार, डॉ. शादां जाफरी, डॉ. अमित अग्रवाल, डॉ. संतोष सिंह, डॉ. दिग्विजय पाल सिंह, डॉ. उमेश शुक्ला, डॉ. अमित रावत, डॉ. विकास सिंह, डॉ. अनुराग पालीवाल, डॉ. नीरजा माहेश्वरी, डॉ. संजय कुमार, डॉ. श्याम गोविंद सिंह, डॉ. गीता माहेश्वरी, डॉ. अल्पना ओझा, डॉ. अनूप कुमार सिंह, डॉ. निखिलेश, डॉ. नागेंद्र मिश्रा, डॉ. एस. पी. सिंह, डॉ. अरविंद गुप्ता सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।

SP_Singh AURGURU Editor