एबीवीपी कार्यालय के बाहर आपत्तिजनक हरकत, जांच से पहले सबूत हटाने पर फूटा गुस्सा
राजामंडी स्थित एबीवीपी कार्यालय के बाहर मांस का टुकड़ा फेंके जाने से तनाव फैल गया। कार्यकर्ताओं ने इसे शहर का माहौल बिगाड़ने की साजिश बताते हुए धरना, नारेबाजी और रोड जाम किया। जांच से पहले मांस हटाने पर पुलिस के खिलाफ आक्रोश जताया गया। दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की गई।
सड़क पर उतरे कार्यकर्ता, 108 बार जयश्रीराम के जाप के साथ रोड जाम
आगरा। आगरा के राजामंडी क्षेत्र में शुक्रवार शाम उस समय तनाव का माहौल बन गया, जब अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) के कार्यालय के बाहर किसी असामाजिक तत्व द्वारा मांस का टुकड़ा फेंके जाने की सूचना सामने आई। इस घटना को लेकर एबीवीपी कार्यकर्ताओं में जबरदस्त आक्रोश फैल गया। कार्यकर्ताओं ने इसे शहर का सांप्रदायिक माहौल बिगाड़ने की सोची-समझी साजिश करार दिया।
कार्यकर्ताओं का आरोप है कि कार्यालय के बाहर फेंका गया मांस गोमांस का टुकड़ा था, जिसे जानबूझकर धार्मिक भावनाएं आहत करने के उद्देश्य से रखा गया। घटना की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में एबीवीपी कार्यकर्ता मौके पर इकट्ठा हो गए और विरोध शुरू कर दिया।
सूचना मिलने पर थाना लोहामंडी पुलिस मौके पर पहुंची और मांस के टुकड़े को हटवा दिया। इसी बात को लेकर कार्यकर्ताओं का गुस्सा और भड़क उठा। उनका कहना था कि बिना जांच और सैंपल सुरक्षित किए सबूत हटाना गलत है और इससे साजिश को दबाने का प्रयास प्रतीत होता है।
गुस्साए कार्यकर्ताओं ने कार्यालय के बाहर धरना दे दिया और पुलिस व जिला प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। विरोध के दौरान कार्यकर्ताओं ने सड़क पर जाम लगा दिया और 108 बार “जयश्रीराम” का सामूहिक जाप किया। सेंट जोंस, राजा मंडी बाजार मार्ग पर जाम लगने से यातायात पूरी तरह ठप हो गया। उल्लेखनीय है कि घटनास्थल के पास ही एक शिव मंदिर भी स्थित है, जिससे मामले की संवेदनशीलता और बढ़ गई।
एबीवीपी कार्यकर्ताओं का कहना है कि यह पूरी घटना शहर में शांति भंग करने और धार्मिक तनाव फैलाने की साजिश है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि सीसीटीवी फुटेज के आधार पर दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। फिलहाल पुलिस मौके पर मौजूद है और कार्यकर्ताओं को समझाने का प्रयास किया जा रहा है। प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है।