बरेली सहकारी बैंक में 1.31 करोड़ रुपये का संगठित घोटाला: चार आरोपियों की बर्खास्तगी और संपत्ति जब्ती की तैयारी

-आरके सिंह- बरेली। जिला सहकारी बैंक बरेली की फरीदपुर सायंकालीन शाखा में हुए 1 करोड़ 31 लाख रुपये के बड़े घोटाले का मामला अब बर्खास्तगी और संपत्ति जब्ती की ओर बढ़ गया है। बैंक प्रशासन ने घोटाले में लिप्त दो शाखा प्रबंधकों और दो कैशियर के खिलाफ कड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। साथ ही, इनकी आय से अधिक संपत्ति की जांच के आदेश भी दिए गए हैं।

Jul 10, 2025 - 12:42
Jul 10, 2025 - 12:43
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बरेली सहकारी बैंक में 1.31 करोड़ रुपये का संगठित घोटाला: चार आरोपियों की बर्खास्तगी और संपत्ति जब्ती की तैयारी

-मृत खातों को जीवित कर लूटी किसानों की सम्मान निधि, आय से अधिक संपत्ति की जांच शुरू

ऐसे की गई थी संगठित धोखाधड़ी

547 निष्क्रिय खातों को दोबारा एक्टिव कर, फर्जी आधार व पैन कार्ड की मदद से उन्हें जीवित किया गया। इसके बाद उन खातों से 18,87,200 रुपये और अन्य 92 खातों से 14,57,100 रुपये की रकम फर्जी तरीके से निकाल ली गई। यही नहीं, किसानों की सम्मान निधि और डीबीटी योजनाओं की रकम भी इन खातों में आधार मैपिंग के जरिए ट्रांसफर कराई गई और फर्जी निकासी दिखाई गई। इस तरह 1.64 करोड़ रुपये की सरकारी राशि में से 97.61 लाख रुपये गबन किए गए।

आरोपियों पर कड़े एक्शन की प्रक्रिया में तेजी

महाप्रबंधक देवेंद्र सिंह ने बताया कि बैंक के प्रबंध निदेशक को घोटाले की विस्तृत रिपोर्ट भेज दी गई है और चारों कर्मचारियों को सेवा से बर्खास्त करने की की सिफारिश उच्चाधिकारियों से की गई है। साथ ही, गबन की गई धनराशि की रिकवरी के लिए आरोपियों की संपत्तियों की बिक्री पर रोक लगाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है।

ऐसे हुआ घोटाले का खुलासा

घोटाला तब उजागर हुआ जब शाहजहांपुर के एक किसान ने शिकायत की कि उसकी सम्मान निधि की राशि गलत खाते में ट्रांसफर हो गई है। इस पर 16 मई 2025 को शाखा का औचक निरीक्षण किया गया, जिसमें 21 संदिग्ध खाते सामने आए। बैंक ने 23 मई को विस्तृत जांच के आदेश दिए, जिसमें चौंकाने वाले तथ्य उजागर हुए। इसके बाद वरिष्ठ सहायक अंकित कुमार और उप महाप्रबंधक सर्वेंद्र सिंह चौहान द्वारा फरीदपुर थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई।

यह हैं चार आरोपी

गौरव वर्मा – शाखा प्रबंधक, मूल निवासी हरदोई, मुकेश कुमार गंगवार – शाखा प्रबंधक, नवाबगंज, बरेली, दीपक पाण्डेय – लिपिक/कैशियर, चंद्र प्रकाश – लिपिक/कैशियर। इन सभी के खिलाफ धोखाधड़ी, अमानत में खयानत, कूटरचना जैसी संगीन धाराओं में प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।

पुलिस व बैंक प्रशासन की सख्ती

फरीदपुर थाना प्रभारी श्याम सिंह ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और विधिक कार्रवाई प्रारंभ कर दी गई है। बैंक प्रशासन भी इन कर्मचारियों के खिलाफ क्लास-1 स्तर की विभागीय कार्यवाही में तेजी ला रहा है।

SP_Singh AURGURU Editor