संस्कार भारती ने 101 कला गुरुओं को किया सम्मानित, केंद्रीय मंत्री प्रो. एसपी सिंह बघेल बोले- कला ही देश की पहचान
आगरा। भारतीय कला, संस्कृति और ज्ञान परंपरा को वैश्विक पहचान दिलाने वाले 101 कला गुरुओं को संस्कार भारती ने गुरु पूर्णिमा के अवसर पर सम्मानित किया। संघ शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में संस्कार भारती ब्रज प्रांत एवं जिला आगरा के तत्वावधान में बल्केश्वर स्थित सेंट एंड्रयूज स्कूल के वातानुकूलित सभागार में आयोजित समारोह में साहित्य, पत्रकारिता, इतिहास, चित्रकला, रंगकर्म, संगीत, लोक गायन और लोक नृत्य क्षेत्र से जुड़े कला साधकों को सम्मान प्रदान किया गया।
समारोह में आगरा सहित फिरोजाबाद, मथुरा, वृंदावन, एटा, हाथरस, शाहजहांपुर, अलीगढ़, बरेली और बदायूं के साहित्य, पत्रकारिता, इतिहास, चित्रकला, रंगकर्म, संगीत, लोक गायन और लोक नृत्य क्षेत्र से जुड़े कला गुरुओं को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि केंद्रीय राज्य मंत्री प्रोफेसर एसपी सिंह बघेल ने कला गुरुओं के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि जो देश अपनी कला को आगे नहीं बढ़ाते, वे पीछे छूट जाते हैं। उन्होंने कहा कि भारतीय कला-संस्कृति और ज्ञान परंपरा को दुनिया में पहचान दिलाने का कार्य कला गुरु कर रहे हैं।
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता राज्य ललित कला अकादमी उत्तर प्रदेश के उपाध्यक्ष गिरीश चंद्र मिश्र, विशिष्ट अतिथि पत्रकारिता विश्वविद्यालय मध्य प्रदेश के पूर्व कुलपति बलदेव भाई तथा कार्यक्रम अध्यक्ष समाजसेवी भूप सिंह इंदौलिया ने मां शारदे और नटराज जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर एवं दीप प्रज्ज्वलित कर समारोह का शुभारंभ किया।
समारोह के स्वागताध्यक्ष सेंट एंड्रयूज शिक्षा समूह के मुख्य प्रबंध निदेशक डॉ. गिरधर शर्मा रहे। मंच पर विशिष्ट अतिथि एडवोकेट अमित जैन, पवन गुप्ता, मनीष अग्रवाल पायल वाले, संस्कार भारती के अखिल भारतीय कार्यकारिणी सदस्य बांकेलाल जी, अखिल भारतीय कोषाध्यक्ष एडवोकेट सुभाष चंद्र अग्रवाल, त्रिक्षेत्रीय संगठन मंत्री विजय कुमार, प्रांतीय संरक्षक एसके मिश्रा और रामकुमार अग्रवाल मौजूद रहे।
संस्कार भारती के प्रांतीय अध्यक्ष सीए संजय गोयल और जिलाध्यक्ष राम अवतार यादव ने अतिथियों का स्वागत किया। जिला महामंत्री यतेन्द्र सोलंकी ने आयोजन की भूमिका और संस्था के कार्यों की जानकारी दी।
कार्यक्रम में गजेंद्र सिंह चौहान, डॉ. ज्योति खंडेलवाल, वीरा सक्सेना और रोशनी गिडवानी के निर्देशन में 100 उभरते कलाकारों ने ध्येय गीत, गुरु वंदना, गुरु स्तुति, सरस्वती वंदना-भाव नृत्य, वंशी वादन, लोक नृत्य, नाटक, एकल गीत और एकल नृत्य की शानदार प्रस्तुतियां दीं। इन सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने सभागार में मौजूद लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
कुंवर अनंत विश्वेन्द्र सिंह द्वारा पद्मश्री बाबा योगेंद्र दा पर बनाई गई डॉक्यूमेंट्री फिल्म का प्रदर्शन भी किया गया, जिसे दर्शकों ने खूब सराहा। झंकार जैन के नृत्य, भावना के भजन और ध्रुव के बांसुरी वादन ने सभी का मन मोह लिया।
इस अवसर पर प्रखर अवस्थी के संपादन में प्रकाशित कला कुंज भारती ब्रज प्रांत के प्रथम अंक का अतिथियों ने लोकार्पण किया।
कार्यक्रम में प्रांतीय कोषाध्यक्ष आशीष अग्रवाल, प्रांतीय महामंत्री नंदनंदन गर्ग, प्रांतीय मंत्री डॉ. मनोज पचौरी, प्रांतीय साहित्य संयोजक डॉ. केशव शर्मा, प्रांतीय मंचीय कला संयोजक मदन मोहन लाल, प्रांतीय दृश्य कला संयोजिका डॉ. इंदिरा अग्रवाल, प्रांतीय कला धरोहर संयोजक आर्येंद्र प्रकाश, प्रांतीय लोक कला संयोजक कुंवर पाल भंवर और जिला संरक्षक करतार चंद्र शास्त्री की प्रमुख उपस्थिति रही।
व्यवस्थाओं में जिला उपाध्यक्ष प्रो. नीलू शर्मा, हरेंद्र सिकरवार, रक्षपाल सिंह परमार, जिला मंत्री गुंजन जादौन, जिला प्रचार-प्रसार प्रमुख विजय कुमार गोयल, जिला मंचीय कला संयोजक डॉ. हरिओम माहौर, जिला दृश्य कला संयोजिका डॉ. ममता बंसल, लोक कला संयोजक संजय बघेल, साहित्य संयोजक एडवोकेट संजीव वशिष्ठ, श्री कृष्ण और ऋतुराज का विशेष योगदान रहा।
प्रांतीय कोषाध्यक्ष आशीष अग्रवाल ने आभार व्यक्त किया। वरिष्ठ साहित्यकार और पूर्व अखिल भारतीय साहित्य संयोजक राज बहादुर सिंह राज ने कार्यक्रम का संचालन किया।
101 को मिला कला गुरु सम्मान
समारोह में साहित्य, पत्रकारिता, इतिहास, चित्रकला, रंगमंच, संगीत, लोक गायन और लोक नृत्य क्षेत्र से जुड़ी 101 लोगों को कला गुरु सम्मान प्रदान किया गया।
सम्मानित होने वालों में आगरा से सुप्रसिद्ध कवि रामेंद्र मोहन त्रिपाठी, डॉ. शशि तिवारी, डॉ. कुसुम चतुर्वेदी, डॉ. सुषमा सिंह, शीलेंद्र कुमार वशिष्ठ, इतिहासविद् प्रो. सुगम आनंद, रंग-रेखा मर्मज्ञ डॉ. चित्रलेखा सिंह, डॉ. सरोज भार्गव, डॉ. साधना सिंह, फिल्मकार रंजीत सामा, उमाशंकर मिश्रा, संगीतज्ञ डॉ. अमिता त्रिपाठी, प्रो. नीलू शर्मा, डॉ. सदानंद ब्रह्म भट्ट, शुभाशीष गांगुली, लोक गायक पंडित मनोज दुबे, वरिष्ठ पत्रकार आदर्श नंदन गुप्त, डॉ. भानु प्रताप सिंह और डॉ. महेश धाकड़ प्रमुख रहे।
अन्य जिलों से शाहजहांपुर के कप्तान सिंह कर्णधार, डॉ. आनंद प्रकाश मिश्रा, वृंदावन के प्रताप नारायण बेहरा, उझानी के प्रमोद कुमार, फिरोजाबाद की डॉ. स्नेह लता शर्मा, हाथरस के रामेश्वर, बरेली की नीलिमा रावत, बदायूं के मदन मोहन, एटा की कीर्ति सिंह परमार, मथुरा के नरेश मल्होत्रा, बरेली के कुलदीप वर्मा और अलीगढ़ की अमिता अग्रवाल सहित अनेक कला साधकों को सम्मानित किया गया।