पीटीआर की रोमांचक सफारी के लिए उमड़ी भीड़, बाघों की झलक ने बढ़ाया उत्साह
-आरके सिंह- बरेली। जंगल की नीरवता में बाघ की दहाड़ सुनने की इच्छा रखने वाले आज पीलीभीत टाइगर रिजर्व (पीटीआर) में उमड़ पड़े। वजह ये थी कि कल से यह रोमांचक सफारी बंद होने जा रही है। मानसून की दस्तक के चलते 15 जून से पीटीआर समेत दुधवा और रानीपुर टाइगर रिजर्व पर्यटकों के लिए बंद हो जाएंगे। यह जानकारी मुख्य वन्यजीव प्रतिपालक अनुराधा बैमूरी ने दी।
सफारी प्रेमियों के लिए यह आख़िरी दिन किसी त्योहार से कम नहीं रहा। आज भी रिजर्व में बड़ी संख्या में पर्यटक पहुंचे, और सौभाग्य से उन्हें एक ही दिन में सात अलग-अलग स्थानों पर बाघों के दर्शन हुए। इससे पर्यटकों का उत्साह चरम पर पहुंच गया।
पीटीआर में 73 से अधिक बाघ, तेंदुए, भालू, हिरण और 400+ पक्षी प्रजातियां निवास करती हैं। यह स्थल न केवल रोमांच प्रेमियों बल्कि वाइल्डलाइफ फोटोग्राफर्स और बर्ड वॉचर्स के लिए भी स्वर्ग है।
सफारी शुल्क नेहरू पार्क से वाहन बुक करने पर 5000 रुपये प्रति वाहन और 1000 रुपये प्रति व्यक्ति है, जबकि मुस्तफाबाद गेट से बुकिंग पर 4000 रुपये प्रति वाहन और 800 रुपये प्रति व्यक्ति लगता है। अतिरिक्त 100 रुपये सेवा शुल्क भी लागू होता है।
डीएफओ मनीष सिंह ने बताया कि अब पीटीआर 15 नवंबर को दोबारा पर्यटकों के लिए खुलेगा। फिलहाल, जंगल से सटे सभी होटल, होमस्टे और रिसॉर्ट पूरी तरह बुक हो चुके हैं।