बटेश्वर धाम को मिलेगा नया रूप, घटिया निर्माण पर मंडलायुक्त ने लगाई फटकार
बटेश्वर नाथ धाम में चल रहे पर्यटन विकास कार्यों का मण्डल आयुक्त ने निरीक्षण किया। अधिकांश कार्य 90% तक पूर्ण हैं, लेकिन कुछ जगह गुणवत्ता खराब मिलने पर सख्त निर्देश दिए गए। नई सुविधाओं जैसे इंटरप्रिटेशन सेंटर, घाट विस्तार, पार्किंग और शेड से श्रद्धालुओं व पर्यटकों को बेहतर अनुभव मिलेगा।
90% तक पहुँचे निर्माण कार्य, लाइट एंड साउंड शो व इंटरप्रिटेशन सेंटर से बदलेगा धाम का स्वरूप
आगरा। बटेश्वर नाथ धाम में चल रहे पर्यटन विकास कार्यों का बुधवार को मण्डलायुक्त नगेंद्र प्रताप ने निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने विभिन्न प्रोजेक्ट्स की प्रगति, गुणवत्ता और सुविधाओं का गहन जायजा लिया तथा अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
मंडलायुक्त को क्षेत्रीय पर्यटन अधिकारी ने जानकारी दी कि धाम में तीन प्रमुख परियोजनाओं पर तेजी से कार्य किया जा रहा है। इसमें बटेश्वर मंदिर कॉम्प्लेक्स का विकास, प्राचीन पवित्र कुंड का सौंदर्यीकरण और प्राचीन मंदिरों का हेरिटेज कंजर्वेशन शामिल है। इसके साथ ही टूरिस्ट इंटरप्रिटेशन सेंटर के तहत पर्यटक सुविधा केंद्र, लाइट एंड साउंड शो, म्यूरल वॉल और पब्लिक कन्वीनेंस ब्लॉक जैसे कार्य भी प्रगति पर हैं।
निरीक्षण के दौरान आयुक्त ने सबसे पहले मंदिर कॉम्प्लेक्स का दौरा किया, जहां निर्माणाधीन भव्य प्रवेश द्वार, यज्ञशाला, मल्टीपरपज हॉल और कोबल स्टोन पाथवे का अवलोकन किया। अधिकारियों ने बताया कि इस परियोजना का लगभग 90 प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है। इस पर आयुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिए कि शेष कार्यों में गुणवत्ता से कोई समझौता न किया जाए।
इसके बाद उन्होंने यमुना नदी किनारे बने घाटों और प्राचीन मंदिरों में चल रहे हेरिटेज कंजर्वेशन कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने आसपास के जर्जर भवनों और दीवारों के जीर्णोद्धार को भी प्राथमिकता से कराने के निर्देश दिए, ताकि क्षेत्र की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान को संरक्षित किया जा सके।
टूरिस्ट इंटरप्रिटेशन सेंटर प्रोजेक्ट के निरीक्षण के दौरान कुछ स्थानों पर निर्माण की खराब गुणवत्ता सामने आई, जिस पर आयुक्त ने नाराजगी जताई। उन्होंने संबंधित अधिकारियों और कार्यदायी संस्था को कड़ी चेतावनी देते हुए गुणवत्ता सुधारने और निर्धारित मानकों का पालन सुनिश्चित करने को कहा।
पर्यटकों और श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए आयुक्त ने पार्किंग स्थल विकसित करने के निर्देश दिए। साथ ही जानकारी दी गई कि परियोजना के अंतर्गत अतिरिक्त 300 मीटर घाट निर्माण को भी स्वीकृति मिल चुकी है, जो मुख्य मंदिर घाट से जुड़कर इंटरप्रिटेशन सेंटर तक सीधा मार्ग उपलब्ध कराएगा। श्रद्धालुओं की सुविधा बढ़ाने के लिए आयुक्त ने घाटों पर शेड लगाने के भी निर्देश दिए, जिससे गर्मी और बारिश के दौरान लोगों को राहत मिल सके।