टीम इंडिया टी20 इंटरनेशनल मैच जापान के खिलाफ खेलेगी, 22 सितंबर को होगा मैच, बीसीसीआई ने जारी किया शेड्यूल
अफगानिस्तान के खिलाफ टी20 सीरीज के बाद भारतीय टीम जापान के खिलाफ मैच खेलेगी। एशियन गेम्स के लिए मैदान पर उतरने से पहले टीम इंडिया ह मुकाबला खेलेगी।
नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट टीम जापान के खिलाफ टी20 इंटरनेशनल मैच खेलेगी। बीसीसीआई ने इसकी घोषणा की है। इस मैच का आयोजन 22 सितंबर को किया जाएगा। बीसीसीआई ने बयान जारी करके बताया कि भारत-जापान राजनयिक संबंधों की 75वीं वर्षगांठ के जश्न की शुरुआत के तौर पर दोनों देशों की पुरुष टीमें एक टी20 इंटरनेशनल मैच खेलेंगी।
सुजुकी कप मंगलवार 22 सितंबर 2026 को तोचिगी प्रान्त के सानो इंटरनेशनल क्रिकेट ग्राउंड में खेला जाएगा। जापान के पास ही एशियन गेम्स 2026 की मेजबानी है। इस मैच के बाद टीम इंडिया एशियन गेम्स में हिस्सा लेगी। यह भारत और जापान के बीच इंटरनेशनल क्रिकेट में पहला मुकाबला होगा।
बीसीसीआई ने अपने बयन में कहा, 'यह मैच स्पोर्ट 75 पहल का पहला कदम होगा। यह पहल जापान की प्रधानमंत्री सनाए ताकाइची और भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच हुई एक बैठक में हुए समझौते से शुरू हुई है। इसका मकसद खेल के क्षेत्र में भारत और जापान के बीच लोगों के आपसी आदान-प्रदान और सहयोग को बढ़ावा देना है। इसके साथ ही 2036 में ओलंपिक और पैरालंपिक खेलों की मेजबानी करने की भारत की महत्वाकांक्षा को भी ध्यान में रखना है।'
जापान आईसीसी का एसोसिएट मेंबर है। 2022 में उसने अपना पहला टी20 इंटरनेशनल मैच खेला था। अभी तक खेले 61 मैचों में जापान को 41 जीत और 18 हार मिली है। टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे बड़ी 258 रनों की साझेदारी का विश्व रिकॉर्ड जापान के ही केंडल कडोवाकी-फ्लेमिंग और लाचलान यामामोटो-लेक के नाम दर्ज है। अभी तक जापान ने आईसीसी के फुल मेंबर टीम के खिलाफ कोई टी20 इंटरनेशनल मैच नहीं खेला है।
बीसीसीआई सचिव देवजीत सैकिया ने कहा कि भारत-जापान मुकाबला क्रिकेट को अपना दायरा बढ़ाने और नए, अब तक अनछुए क्षेत्रों तक पहुंच बनाने के लिए एक मंच प्रदान करेगा। सैकिया ने कहा, ‘बीसीसीआई इस ऐतिहासिक मौके का हिस्सा बनकर बेहद खुश है, जब भारतीय और जापानी पुरुष टीमें जापान में एक विशेष टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले के लिए एक साथ उतरेंगी। क्रिकेट के लिए यह एक महत्वपूर्ण क्षण है क्योंकि भारतीय टीम एक नए क्षेत्र में जा रही है और इससे जापान तथा पूर्वी एशिया में इस खेल को व्यापक दर्शकों तक पहुंचाने का मौका मिलेगा।’