भाजपा: रिक्त मंडलों में जिलाध्यक्ष नियुक्त करेंगे अध्यक्ष, मंडल कार्यकारिणी के गठन को भी मिली हरी झंडी
आगरा। पहलगाम में हुए आतंकी हमले और उसके बाद ऑपरेशन सिन्दूर की वजह से बाधित भाजपा संगठन के गठन की प्रक्रिया अब फिर से शुरू हो गई है। प्रदेश नेतृत्व में निर्वाचित सभी मंडलों में 61 सदस्यीय कार्यसमिति गठित करने के निर्देश दे दिए हैं। साथ ही जिन मंडलों में मंडल अध्यक्ष का चुनाव नहीं हो सका है, उनमें जिलाध्यक्षों को मंडल अध्यक्ष नामित करने को कहा गया है।
प्रदेश के जिन मंडलों में चुनाव नहीं हो पाए हैं, वहां अब चुनाव नहीं केवल मनोनयन होगा। इसी तरह प्रदेश के शेष जिलाध्यक्षों का अब चुनाव नहीं होगा। प्रदेश नेतृत्व द्वारा इन जिलों में जल्द ही नये जिलाध्यक्षों की नियुक्ति की जाएगी।
प्रदेश के जिन मंडलों के अध्यक्षों के चुनाव नहीं हो सके हैं, वहां जिलाध्यक्ष अपनी नई टीम बनाने के साथ ही मंडल अध्यक्ष भी नामित करेंगे। आगरा महानगर में दो और जिले में कई मंडलों के अध्यक्षों का चुनाव नहीं हो सका था। पूरे प्रदेश में अभी भी करीब 300 से अधिक मंडल अध्यक्षों के पद रिक्त चल रहे हैं। इसी तरह जिलाध्यक्षों के भी 28 पदों पर अभी चुनाव नहीं हो पाया है। पार्टी नेतृत्व द्वारा 70 जिलों में चुनाव कराया जा चुका है। इन जिलों में जिलाध्यक्ष कार्यभार ग्रहण कर अपनी नई टीम के चयन की प्रक्रिया में जुटे हुए हैं।
गौरतलब है कि भाजपा ने प्रदेश को संगठनात्मक दृष्टि से 98 जिलों व 1918 मंडलों में बांटा हुआ है। 30 दिसंबर को पहले चरण में 751 मंडलों में चुनाव कराकर सर्वसम्मति से अध्यक्ष चुन लिए गए थे। दूसरे चरण में भी करीब 600 और मंडल अध्यक्ष चुने गए थे। इसके बाद इक्का-दुक्का जिलों में मंडल अध्यक्ष घोषित होते रहे। अब तक करीब 1600 मंडल अध्यक्ष चुने जा चुके हैं। करीब 300 मंडलों में तमाम कोशिशों के बावजूद जिले के शीर्ष नेताओं के बीच सर्वसम्मति नहीं बन सकी।
ऐसे में भाजपा के शीर्ष नेतृत्व ने अब तय किया है कि जितने भी मंडल चुनाव के लिए रह गए हैं, वहां अध्यक्ष नामित किए जाएंगे। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष भूपेन्द्र सिंह चौधरी ने बताया कि जिन मंडलों में अध्यक्ष अभी तक नहीं चुने जा सके हैं, वहां अब चुनाव नहीं होंगे।यहां अब नए जिलाध्यक्ष मंडल अध्यक्ष नामित करेंगे।