विकसित यूपी@2047 मिशन पर आगरा में मंथनः दो संवाद में जुटे प्रबुद्धजन, रोडमैप पर रखे सुझाव

Sep 8, 2025 - 20:21
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विकसित यूपी@2047 मिशन पर आगरा में मंथनः दो संवाद में जुटे प्रबुद्धजन, रोडमैप पर रखे सुझाव
विकसित यूपी@2047 मिशन के अंतर्गत आगरा में सोमवार से शुरू हुए दो दिवसीय मंथन के पहले दिन मंडलायुक्त सभागार में हुए सत्रों की कुछ तस्वीरें। इनमें सीएम के आर्षिक सलाहकार वी. राजू के अलावा टीम के अन्य सदस्य और डीएम अरविंद मलप्पा बंगारी भी हैं।

-2047 तक उत्तर प्रदेश की छह ट्रिलियन डॊलर अर्थव्यवस्था का लक्ष्य लेकर आगे बढ़ रही योगी सरकार

आगरा। समर्थ उत्तर प्रदेश–विकसित उत्तर प्रदेश @2047 मिशन के तहत नागरिकों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए मंडलायुक्त सभागार में दो दिवसीय संवाद, चर्चा, परिचर्चा एवं फीडबैक कार्यक्रम सोमवार को शुरू हो गया। इसका उद्देश्य प्रदेश और जनपद का विजन डॉक्यूमेंट तैयार करना है।

कार्यक्रम के प्रथम दिन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आर्थिक सलाहकार डॉ. केवी राजू, सेवानिवृत्त आईएएस प्रदीप भटनागर, पूर्व प्रमुख अभियंता लोक निर्माण विभाग योगेश पवार, पूर्व प्रोफेसर दयालबाग एजुकेशनल इंस्टीट्यूट डॉ. विभा निगम, पूर्व प्रोफेसर आरबीएस कॉलेज यूएन सिंह तथा नोडल अधिकारी व प्रमुख सचिव व्यावसायिक शिक्षा व कौशल विकास विभाग डॉ. हरिओम ने भाग लिया। जिलाधिकारी अरविंद मल्लप्पा बंगारी और मुख्य विकास अधिकारी प्रतिभा सिंह ने सभी अतिथियों का स्वागत किया।

डीएम ने रखी विजन डॉक्यूमेंट की रूपरेखा

जिलाधिकारी ने बताया कि विकसित भारत 2047 के लक्ष्य की प्राप्ति हेतु विकसित उत्तर प्रदेश व विकसित आगरा का विजन डॉक्यूमेंट तैयार किया जा रहा है। इसमें तीन थीम- अर्थ शक्ति, सृजन शक्ति और जीवन शक्ति तथा 12 सेक्टर (कृषि, औद्योगिक विकास, डिजिटल नवाचार, पर्यटन, नगर व ग्राम विकास, अवस्थापना, समाज कल्याण, स्वास्थ्य, शिक्षा, सुरक्षा व सुशासन आदि) पर विशेष फोकस होगा। उन्होने कहा कि प्रत्येक नागरिक अपने बहुमूल्य सुझाव पोर्टल https://samarthuttarpradesh.up.gov.in या लिखित रूप में दे सकता है।

पहले दिन तीन सत्रों में व्यापक संवाद

पहले दिन तीन सत्र आयोजित हुए। प्रथम सत्र मंडलायुक्त सभागार में हुआ, जिसमें व्यवसायी, उद्योग जगत, डॉक्टर, कृषक, श्रमिक, आईटी विशेषज्ञ, शिक्षा, समाजसेवा, वकील और एनजीओ प्रतिनिधियों के साथ संवाद हुआ।

द्वितीय सत्र डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय खंदारी कैंपस के जेपी सभागार में हुआ, जिसें छात्र, शिक्षक व शिक्षाविदों के साथ संकल्प कार्यशाला संपन्न हुई। तृतीय सत्र मंडलायुक्त सभागार में हुआ, जिसें स्वयं सहायता समूह, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, आशा बहू और महिला कल्याण संगठनों के साथ विमर्श हुआ।

2047 तक यूपी की छह ट्रिलियन डॊलर इकनॊमी का लक्ष्य

डॉ. राजू ने यूपी की आठ वर्षों की उपलब्धियों को रखते हुए कहा कि राज्य की जीएसडीपी 2.2 गुना बढ़ी है और 2025-26 तक भारत की जीडीपी में यूपी की हिस्सेदारी 9.5 प्रतिशत होने की उम्मीद है। पीएम ग्रामीण सड़क योजना के तहत सड़कों का नेटवर्क 56,846 किमी से बढ़कर 77,425 किमी हुआ। पंजीकृत कारखाने 14,169 से बढ़कर 27,295 हो गए।

उन्होंने बताया कि 9.52 करोड़ जनधन खाते खुले। 5.94 करोड़ लोग गरीबी रेखा से बाहर निकले। देश के पर्यटन में यूपी की भागीदारी 19 प्रतिशत है। प्रदेश में 16 घरेलू और 5 अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट हैं। कोरोना महामारी से निपटने से लेकर एम्स निर्माण और आयुष्मान कार्ड तक स्वास्थ्य क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति हुई। उन्होंने कहा कि 2030 तक 1 ट्रिलियन, 2036 तक 2 ट्रिलियन और 2047 तक 6 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था का लक्ष्य रखा गया है।

टीम ने दिया नागरिक सहभागिता पर जोर

टीम में शामिल रिटायर्ड आईएएस प्रदीप भटनागर, योगेश पवार, डॉ. विभा निगम और यू.एन. सिंह ने भी विकसित उत्तर प्रदेश @2047 अभियान पर विस्तार से विचार रखे और नागरिक सहभागिता पर जोर दिया।

आगरा के विकास हेतु मिले सुझाव

जनपद स्तरीय संवाद में नॉर्दन बाईपास, इंटरनेशनल बस अड्डों की स्थापना, सोलर एनर्जी को बढ़ावा, सस्ती व गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, आयुष्मान योजना का लाभ, तेज प्रशासनिक निस्तारण, टीटीजेड की समाप्ति, यमुना बैराज निर्माण, पर्यटन बोर्ड की स्थापना, मल्टीलेवल पार्किंग, आईटी पार्क, ब्रेन ड्रेन रोकने के उपाय, औद्योगिक गैस उपलब्धता, ब्लॉक स्तर पर कोल्ड चैन निर्माण आदि सुझाव दिए गए।

छात्रों और महिलाओं की सक्रिय भागीदारी

द्वितीय सत्र में छात्रों और शिक्षकों ने डिजिटल लर्निंग, एआई आधारित शिक्षा और ग्रामीण क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पर सुझाव दिए। तृतीय सत्र में महिला प्रतिनिधियों और स्वयं सहायता समूहों ने क्यूआर कोड प्लेटफार्म पर बड़े पैमाने पर फीडबैक दिया। डॉ. हरिओम ने कहा कि कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा और उद्यमशीलता के जरिए ही विकसित राष्ट्र का निर्माण संभव है।

आगरा की विकास यात्रा की प्रस्तुति

सीडीओ प्रतिभा सिंह ने आगरा की प्रगति प्रस्तुत करते हुए बताया कि प्रति व्यक्ति आय 2020-21 में ₹82,725 थी, जो 2023-24 में ₹1,28,058 हो गई। कृषि, ऊर्जा, औद्योगिक विकास, स्वास्थ्य, शिक्षा, पर्यटन, ग्रामीण व शहरी विकास सहित विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय उपलब्धियां दर्ज की गई हैं।

SP_Singh AURGURU Editor