स्कूलों में डीएम ने बच्चों को खुद पढ़ाया, प्रधानाध्यापिका पर गिरी निलंबन की गाज

आगरा में जिलाधिकारी मनीष बंसल ने स्कूल चलो अभियान के तहत दो सरकारी विद्यालयों का औचक निरीक्षण किया। प्राथमिक विद्यालय छीपीटोला की व्यवस्थाएं उत्कृष्ट मिलने पर शिक्षकों को प्रशस्ति पत्र देने के निर्देश दिए, जबकि पीएम श्री उच्च प्राथमिक विद्यालय रोहता में अव्यवस्था, खराब पठन-पाठन, मिड-डे मील और संसाधनों के दुरुपयोग पर इंचार्ज प्रधानाध्यापिका को तत्काल निलंबित करने और चार्जशीट जारी करने के आदेश दिए।

Jul 3, 2026 - 19:37
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स्कूलों में डीएम ने बच्चों को खुद पढ़ाया, प्रधानाध्यापिका पर गिरी निलंबन की गाज
स्कूल में बच्चों को खुद पढ़ाते डीएम मनीष बसंल।

आगरा। जिलाधिकारी मनीष बंसल ने शुक्रवार को स्कूल चलो अभियान के दूसरे चरण के तहत जिले के दो सरकारी विद्यालयों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान एक ओर जहां प्राथमिक विद्यालय छीपीटोला की व्यवस्थाएं संतोषजनक मिलने पर शिक्षकों को प्रशस्ति पत्र देने के निर्देश दिए गए, वहीं पीएम श्री उच्च प्राथमिक विद्यालय रोहता में भारी अव्यवस्थाएं मिलने पर जिलाधिकारी ने इंचार्ज प्रधानाध्यापिका सुनीता सक्सेना को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने, चार्जशीट जारी करने और शासन को रिपोर्ट भेजने के निर्देश बेसिक शिक्षा अधिकारी को दिए।

बच्चों से संवाद किया, खुद ब्लैकबोर्ड पर पढ़ाया

कलेक्ट्रेट में जनसुनवाई समाप्त करने के बाद जिलाधिकारी सीधे प्राथमिक विद्यालय छीपीटोला पहुंचे। यहां उन्होंने कक्षा तीन, पांच और दो का निरीक्षण किया तथा बच्चों से संवाद कर उनकी शैक्षणिक क्षमता परखी। बच्चों ने हिंदी और अंग्रेजी की किताबें पढ़कर सुनाईं, अपने नाम लिखे, पहाड़े और गिनती सुनाई। बच्चों के प्रदर्शन से संतुष्ट जिलाधिकारी ने उनकी पीठ थपथपाई और स्वयं ब्लैकबोर्ड पर चॉक लेकर बच्चों को पढ़ाया। उन्होंने बच्चों से नई किताबें, यूनिफॉर्म, मिड-डे मील और अन्य सुविधाओं की भी जानकारी ली।

स्मार्ट क्लास और मिड-डे मील की जांच

जिलाधिकारी ने स्मार्ट क्लास का निरीक्षण कर बच्चों से अपने सामने स्मार्ट टीवी संचालित करवाया। लाइब्रेरी का निरीक्षण किया और मिड-डे मील का भोजन चखकर उसकी गुणवत्ता भी जांची, जो संतोषजनक पाई गई। विद्यालय में 146 छात्र नामांकित हैं तथा दो शिक्षक और तीन शिक्षामित्र तैनात हैं। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने लाइब्रेरी में बेहतर प्रकाश व्यवस्था के लिए उच्च गुणवत्ता की एलईडी लाइट लगाने के निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि बच्चों को केवल पाठ्य पुस्तकों तक सीमित न रखा जाए, बल्कि सामान्य ज्ञान और व्यावहारिक जानकारी देकर आधुनिक प्रतिस्पर्धा के अनुरूप तैयार किया जाए। विद्यालय की व्यवस्थाएं बेहतर मिलने पर पूरे शैक्षिक स्टाफ को प्रशस्ति पत्र देने के निर्देश दिए।

पीएम श्री विद्यालय रोहता में मिलीं गंभीर खामियां

इसके बाद जिलाधिकारी पीएम श्री उच्च प्राथमिक विद्यालय रोहता पहुंचे। यहां इंचार्ज प्रधानाध्यापिका से जानकारी लेने पर बताया गया कि विद्यालय में 235 छात्र नामांकित हैं और हाल ही में 56 नए प्रवेश हुए हैं। निरीक्षण के समय केवल 108 बच्चे उपस्थित मिले। विद्यालय में 10 शिक्षक, दो शिक्षामित्र और दो अनुदेशक सहित कुल 14 सदस्यीय शैक्षिक स्टाफ कार्यरत है।

रसोई में राशन नहीं, स्मार्ट टीवी बेकार, बच्चे बाहर खेलते मिले

निरीक्षण के दौरान विद्यालय के रसोईघर में राशन व्यवस्थित नहीं मिला। कंप्यूटर कक्ष में नई स्मार्ट टीवी रखी थी, लेकिन उसका उपयोग नहीं किया जा रहा था। जिलाधिकारी ने खेल सामग्री, खेल किट और अन्य शिक्षण संसाधनों का बच्चों द्वारा उपयोग न होने पर नाराजगी जताई। विद्यालय परिसर में साफ-सफाई की स्थिति भी खराब मिली, जबकि कक्षा संचालन के समय कई बच्चे बाहर खेलते मिले।

शिक्षकों ने बच्चों के साथ भोजन नहीं किया

जिलाधिकारी ने सभी शिक्षकों से पूछा कि क्या वे बच्चों के साथ मिड-डे मील करते हैं। सभी शिक्षकों ने स्वीकार किया कि वे विद्यालय का भोजन नहीं खाते और अपने घर से लाया हुआ भोजन करते हैं। इस पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त की।

प्रधानाध्यापिका पर तत्काल कार्रवाई

निरीक्षण में लगातार लापरवाही, पठन-पाठन की खराब स्थिति और शासन की योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में कमी मिलने पर जिलाधिकारी ने इंचार्ज प्रधानाध्यापिका सुनीता सक्सेना को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने, चार्जशीट जारी करने तथा शासन को रिपोर्ट भेजने के निर्देश दिए।

अधिकारियों को मौके पर बुलाकर दिए निर्देश

जिलाधिकारी ने मौके पर ही बीडीओ बरौली अहीर, एडीओ पंचायत और खंड शिक्षा अधिकारी को बुलाकर विद्यालय परिसर की तत्काल सफाई कराने और सभी कमियां दूर करने के निर्देश दिए। साथ ही सभी शिक्षकों को नियमित समय से विद्यालय पहुंचने, नए नामांकन बढ़ाने, बच्चों के साथ मिड-डे मील करने तथा गुणवत्तापूर्ण शिक्षण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि व्यवस्थाओं में सुधार के बाद वह दोबारा विद्यालय का निरीक्षण करेंगे। निरीक्षण के दौरान जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी राकेश कुमार सिंह, खंड शिक्षा अधिकारी नगर सुमित कुमार, डीसी बालिका कुलदीप कुमार सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।