यमुना आरती स्थल पर उत्साहपूर्ण जश्न, भारतीय जांबाजों की वीरता को सलाम
आगरा। भारतीय सेना द्वारा पाकिस्तान के अंदर संचालित आतंकवादी ठिकानों को मिसाइल स्ट्राइक कर तबाह किये जाने पर आगरा में खुशियां मनाई जा रही हैं। यमुना आरती स्थल पर जहां भारतीय सेना के पराक्रम को सलाम किया गया, वहीं समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता शब्बीर अब्बास ने भी भारतीय सेना की इस कार्रवाई का स्वागत किया है।
यमुना आरती स्थल पर हुआ समारोह
आज शाम यमुना आरती स्थल पर एक उत्साहपूर्ण समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें भारतीय जांबाज लड़ाकों की अदम्य वीरता को सलाम किया गया। भारतीय सैनिकों ने पाकिस्तान के अंदर घुसकर आतंकवादियों के ठिकानों को ध्वस्त कर देश की शक्ति और संकल्प को प्रदर्शित किया। इस अवसर पर जोशीले नारे गूंजे और उपस्थित सभी लोगों ने हर फ्रंट पर सरकार का समर्थन करने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम में यमुना मैय्या की भव्य आरती की गई और देश की समृद्धि व सुरक्षा के लिए प्रार्थना की गई। समारोह में बृज खंडेलवाल, पद्मिनी अय्यर, गोस्वामी नंदन श्रोत्रिय, मुकेश चौधरी सहित अनेक युवाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।इस आयोजन ने न केवल भारतीय सैनिकों के पराक्रम को सम्मानित किया, बल्कि युवाओं में देशभक्ति की भावना को और प्रबल किया।
भारत की सेना ने बेटियों के आंसुओं का हिसाब कर दिया- शब्बीर अब्बास
समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता शब्बीर अब्बास ने कहा है कि आज का दिन हिंदुस्तान की वीरांगनाओं के नाम है। जब पुलवामा हमले में हमारे वीर जवान शहीद हुए और उनकी पत्नियों के सिंदूर उजड़ गए थे, तब देश की हर मां, बहन और बेटियों की आंखों में आंसू थे। फिर उसके बाद उन्हीं दरिंदों द्वारा पहलगाम नरसंहार की क्रूरता भरी घटना को अंजाम दिया गया, परंतु आज उन्हीं आंखों में गर्व के आंसू हैं, क्योंकि आज भारत की सेना ने बेटियों के उन आंसुओं का हिसाब लिया है।
श्री अब्बास ने कहा कि लेफ्टिनेंट कर्नल सोफिया कुरैशी और विंग कमांडर व्योमिका सिंह जैसी साहसी महिला अधिकारियों ने दुश्मन को ललकारते हुए यह साबित कर दिया कि हिंदुस्तान की बेटियां अब सिर्फ़ घूंघट में नहीं, रणभूमि में भी दुश्मनों को मुंहतोड़ जवाब देने में सक्षम हैं। जिन महिलाओं को पाकिस्तान से आये आतंकियों ने यह कहकर अपमानित किया था कि वापस जाकर बता दो, आज उन्हीं महिलाओं के शौर्य ने पाकिस्तान को करारा जवाब दिया है।
यह केवल एक सैनिक कार्यवाही नहीं थी, यह एक प्रण था, उन विधवाओं के सिंदूर की रक्षा का, उन बहनों के आंचल की लाज का, और इस देश की अस्मिता के सम्मान का। श्री अब्बास ने प्रधानमंत्री, रक्षामंत्री, और थल सेना, वायुसेना तथा नौसेना के प्रमुखों को हृदय से बधाई दी है।