दो साल बाद मिली बिछड़ी बेटी, ताजमहल से एक फोन कॉल ने मिलाया परिवार, आगरा पुलिस की मेहनत रंग लाई

पश्चिम बंगाल से अपनी लापता बेटी की तलाश में आगरा पहुंचे एक परिवार को आखिरकार दो साल बाद बड़ी राहत मिली। ताजमहल के पास होने की जानकारी देते हुए किशोरी द्वारा किए गए एक फोन कॉल के बाद ताजगंज पुलिस ने जांच शुरू की। कॉल डिटेल और मोबाइल लोकेशन के आधार पर की गई पड़ताल में किशोरी हाथरस में सकुशल मिली। वह दो साल पहले स्कूल जाते समय लापता हो गई थी और वर्तमान में हाथरस के एक युवक के साथ रह रही थी। बेटी के मिलने पर परिजनों ने आगरा पुलिस और भाजपा नेता प्रदीप राठौर का आभार जताया।

Jun 25, 2026 - 21:23
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दो साल बाद मिली बिछड़ी बेटी, ताजमहल से एक फोन कॉल ने मिलाया परिवार, आगरा पुलिस की मेहनत रंग लाई
परिवार के साथ लापता किशोरी।

आगरा। दो वर्षों से अपनी बेटी की तलाश में भटक रहे पश्चिम बंगाल के एक परिवार को आखिरकार खुशी मिली, जब उनकी लापता बेटी सकुशल मिल गई। परिवार की यह तलाश तब नई दिशा में पहुंची, जब 17 जून को एक अज्ञात नंबर से बेटी का फोन आया। परिजनों के अनुसार फोन पर किशोरी ने कहा कि वह ताजमहल के पास है और उसे बचा लिया जाए। बेटी की आवाज सुनते ही परिवार तत्काल आगरा पहुंचा और स्थानीय पुलिस से संपर्क किया।

ताजगंज पुलिस ने शुरू की जांच

मामले की गंभीरता को देखते हुए ताजगंज थाना पुलिस ने तत्काल जांच शुरू की। पुलिस अधिकारियों के निर्देशन में एक विशेष टीम गठित की गई, जिसने फोन नंबर की कॉल डिटेल और मोबाइल लोकेशन खंगालनी शुरू की। तकनीकी जांच और लगातार की गई पड़ताल के बाद पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग मिले, जिनके आधार पर किशोरी की लोकेशन हाथरस में मिली।

हाथरस में सकुशल मिली किशोरी

पुलिस टीम ने हाथरस पहुंचकर किशोरी को सकुशल बरामद कर लिया। जांच में सामने आया कि वह दो वर्ष पहले स्कूल जाते समय लापता हो गई थी। बाद में उसने हाथरस निवासी एक युवक से विवाह कर लिया और उसके साथ रह रही थी। बताया गया कि हाल ही में वह अपने पति के साथ ताजमहल घूमने आगरा आई थी। इसी दौरान उसने परिजनों को फोन कर अपनी जानकारी दी, जिसके बाद पूरा घटनाक्रम सामने आया।

बेटी को देखकर भावुक हुआ परिवार

दो साल बाद बेटी को सकुशल देखकर परिवार की आंखें नम हो गईं। परिजनों ने राहत की सांस लेते हुए आगरा पुलिस की तत्परता और संवेदनशील कार्यशैली की सराहना की। परिवार ने विशेष रूप से भाजपा नेता प्रदीप राठौर का भी आभार व्यक्त किया, जिन्होंने मामले में सहयोग करते हुए पुलिस से समन्वय स्थापित कराया। परिजनों का कहना है कि यदि पुलिस ने तेजी से कार्रवाई नहीं की होती, तो शायद उनकी बेटी तक पहुंचना इतना आसान नहीं होता।