वीरू और राणा समेत दर्जन भर से अधिक घायल, इतने ही पुलिसकर्मी भी जख्मी
आगरा। सपा सांसद रामजी लाल सुमन के आवास पर बुधवार को करणी सेना के विरोध प्रदर्शन के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच हुए संघर्ष में एक तरफ जहां इंसपेक्टर हरीपर्वत समेत दर्जन भर पुलिसकर्मी घायल हुए हैं, वहीं पुलिस द्वारा किये गये लाठीचार्ज में भी दर्जन भर से अधिक करणी सैनिक घायल हुए हैं। सुमन के आवास के बाहर बैठे उनके आठ समर्थक भी इस बवाल के दौरान घायल हुए हैं। इस प्रकार सभी पक्षों से लगभग 30 लोग घायल हैं।
-हरीपर्वत के इंसपेक्टर आलोक कुमार समेत दर्जन भर से अधिक पुलिसकर्मी भी हुए हैं घायल, सुमन समर्थक आठ लोगों को भी चोटें
-करणी सेना के अध्य़क्ष वीर प्रताप ने एक्स पर लिखा- मेरा पैर टूट गया है पर आगरा में राणा सांगा के सम्मान में इतिहास रच गया
पुलिस द्वारा किये गये लाठीचार्च में लखनऊ से आए करणी सेना के अध्यक्ष वीर प्रताप सिंह वीरू और हरियाणा के करणी सेना नेता ओकेंद्र सिंह राणा को भी चोटें आई हैं। वीर प्रताप सिंह वीरू ने तो एक्स पर एक पोस्ट लिखकर खुद का पैर टूटने की जानकारी दी है। वीरू ने यह भी लिखा है कि राणा सांगा के सम्मान में आज आगरा में इतिहास रच गया।
जानकार सूत्रों का कहना है कि इस बवाल में घायल हुए प्रदर्शनकारियों में से तमाम का अस्पतालों में इलाज चल रहा है। ऐसी तस्वीरें सामने आई हैं जिनमें कई करणी सैनिक लहूलुहान दिख रहे हैं।
दरअसल सुमन के आवास के घेराव के ऐलान के बाद पुलिस ने आगरा के क्षत्रिय नेताओं को तो कुबेरपुर नहीं जाने दिया था, लेकिन इस विरोध प्रदर्शन में भाग लेने के लिए लखनऊ से करणी सेना के नेता वीर प्रताप सिंह वीरू और हरियाणा से करणी सेना के नेता ओकेंद्र सिंह राणा कुबेरपुर पहुंच चुके थे। विरोध के लिए जुटे आगरा के कार्यकर्ताओं को इन्हीं दोनों नेताओं का नेतृत्व मिल गया।
इस बवाल के दौरान घायल और गिरफ्तार किये गये कार्यकर्ताओं के बारे में स्थानीय नेताओं को स्पष्ट जानकारी नहीं मिल पा रही है। जिन कार्यकर्ताओं को प्रदर्शन स्थल से गिरफ्तार किया गया था, उनमें से 12 लोगों को हरीपर्वत थाने से एत्मादुद्दौला थाने में शिफ्ट कर दिया गया था जबकि कुछ लोगों को ट्रांसपोर्ट नगर पुलिस चौकी पर रखा गया है।
करणी सेना उपाध्यक्ष ने दी चेतावनी
इधर करणी सेना के प्रदेश उपाध्यक्ष विवेक सिकरवार ने एक वीडियो जारी कर सांसद रामजीलाल सुमन को फिर से चेतावनी दी है। सिकरवार ने कहा है कि आज तो घर छोड़कर भाग गये। जब तक पीट नहीं लेंगे, करणी सेना तुम्हें नहीं छोड़ेगी। विवेक सिकरवार ने यह भी कहा कि राणा सांगा को युद्ध में 80 घाव आए थे। करणी सैनिकों को 15-20 आ भी गये तो कोई बात नहीं। सिकरवार ने करणी सैनिकों के शांतिपूर्ण प्रदर्शन पर लाठीचार्ज को निंदनीय बताया है।