ऑपरेशन ‘मौलाना तौकीर’ में एक और प्रहारः बरेली हिंसा के आरोपी नदीम खां की चार दुकानें सील
-आरके सिंह- बरेली। बरेली हिंसा के बाद प्रशासन का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है। शनिवार सायं बरेली विकास प्राधिकरण (बीडीए) की टीम ने मौलाना तौकीर रजा के करीबी और हिंसा के मुख्य आरोपी नदीम खां पर बड़ी कार्रवाई करते हुए नौमहला मार्केट स्थित उसकी चार दुकानों को सील कर दिया। अचानक हुई इस कार्रवाई से पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई और दुकानदारों में हड़कंप मच गया।
अचानक पहुंची बीडीए टीम, दुकानदारों में मची हलचल
सूत्रों के अनुसार बीडीए की टीम दोपहर बाद बिना किसी पूर्व सूचना के नौमहला मस्जिद क्षेत्र में पहुंची और दुकानों को अवैध घोषित करते हुए सीलिंग शुरू कर दी। इस दौरान दो दुकानों पर आमिर और साहिन नामक दुकानदार मौजूद थे, जबकि अन्य दो दुकानें पहले से बंद थीं। टीम ने किसी को भी दुकान से सामान बाहर निकालने की अनुमति नहीं दी, जिससे स्थानीय व्यापारियों में भारी आक्रोश देखा गया।
दुकानदार बोले- बिना सूचना की कार्रवाई, यह हमारे लिए झटका
दुकानदारों ने बीडीए के इस कदम पर कड़ा विरोध जताया। उनका कहना है कि उन्हें कोई नोटिस नहीं मिला था और उनकी दुकानें वर्षों से वैध रूप से चल रही हैं। एक दुकानदार ने कहा, हमसे बिना सूचना के दुकानें बंद कर दी गईं, यह हमारे लिए झटका है। हमारे पास सभी आवश्यक दस्तावेज मौजूद हैं। दुकानदारों ने बताया कि वे अंजुमन कमेटी के माध्यम से बीडीए दफ्तर जाकर अपने दस्तावेज और साक्ष्य प्रस्तुत करेंगे ताकि दुकानों को दोबारा खुलवाया जा सके।
बीडीए उपाध्यक्ष का बयान- कानूनी प्रक्रिया के तहत हुई कार्रवाई
बीडीए के उपाध्यक्ष मणिकनंदन ए. ने बताया कि यह कार्रवाई पूरी तरह कानूनी प्रक्रिया के तहत की गई है। उन्होंने कहा कि जांच में संबंधित दुकानों का निर्माण अवैध पाया गया था और इनसे जुड़ी गतिविधियाँ भी नियमानुसार नहीं थीं। किसी भी अवैध निर्माण को बख्शा नहीं जाएगा, चाहे वह किसी प्रभावशाली व्यक्ति से जुड़ा हो या नहीं, उन्होंने सख्त लहजे में कहा।
आरोपी नदीम खां की संपत्तियों पर प्रशासन की निगाह
गौरतलब है कि आरोपी नदीम खां मौलाना तौकीर रजा का बेहद करीबी माना जाता है और वर्तमान में जेल में बंद है। उसके खिलाफ बरेली हिंसा समेत कई गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं। प्रशासनिक सूत्रों के मुताबिक, नदीम खां की अन्य संपत्तियों की भी जांच चल रही है और आने वाले दिनों में और कार्रवाई की संभावना है।
पुलिस बल की तैनाती, एक घंटे तक चला ऑपरेशन
इस कार्रवाई के दौरान मौके पर पुलिस बल की भारी तैनाती की गई थी ताकि किसी भी तरह की अव्यवस्था या विरोध प्रदर्शन को रोका जा सके। पूरी सीलिंग प्रक्रिया करीब एक घंटे तक चली। कार्रवाई के बाद बीडीए टीम ने चारों दुकानों के बाहर नोटिस चस्पा कर स्पष्ट किया कि बिना अनुमति किसी को भी दुकानें खोलने की इजाजत नहीं है।
ऑपरेशन तौकीर के तहत बढ़ा प्रशासनिक दबाव
बरेली में पिछले कुछ दिनों से प्रशासन ऑपरेशन मौलाना तौकीर चला रहा है, जिसके तहत मौलाना तौकीर रजा और उनके करीबियों की संपत्तियों की जांच और कार्रवाई की जा रही है। इससे पहले डॉ. नफीस और अन्य आरोपियों की इमारतों पर भी बुलडोजर और सीलिंग की कार्रवाई हो चुकी है। शनिवार को हुई कार्रवाई ने यह स्पष्ट कर दिया कि प्रशासन अब किसी भी प्रभावशाली व्यक्ति के दबाव में नहीं झुकेगा।