आगरा के 1856 बूथों पर एक साथ सुना गया प्रधानमंत्री का संदेश
आगरा में भाजपा महानगर इकाई ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘मन की बात’ कार्यक्रम के 133वें एपिसोड को 1856 बूथों पर सामूहिक रूप से सुना। इस दौरान कई जनप्रतिनिधि और कार्यकर्ता मौजूद रहे। कार्यक्रम में प्रधानमंत्री ने पर्यावरण, बांस उद्योग और बेटियों की उपलब्धियों जैसे विषयों पर चर्चा की।
भाजपा कार्यकर्ताओं और जनप्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी, विकास विषयों पर चर्चा
आगरा। आगरा में भारतीय जनता पार्टी महानगर इकाई द्वारा रविवार को एक संगठित अभियान के तहत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकप्रिय रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ का 133वां एपिसोड सभी 1856 बूथों पर सामूहिक रूप से सुना गया। इस दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं, जनप्रतिनिधियों और स्थानीय नागरिकों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।
भाजपा महानगर अध्यक्ष राजकुमार गुप्ता ने गोपेश्वर मंडल के बूथ संख्या 170 पर आयोजित कार्यक्रम में भाग लिया। इस दौरान उनके साथ एत्मादपुर विधानसभा क्षेत्र के विधायक धर्मपाल सिंह भी मौजूद रहे। कार्यक्रम में क्षेत्रीय कार्यकर्ताओं और स्थानीय निवासियों ने एक साथ बैठकर प्रधानमंत्री के विचारों को सुना और चर्चा की।
‘मन की बात’ में विकास और नवाचार पर जोर
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में कई प्रेरणादायक विषयों का उल्लेख किया। उन्होंने खासतौर पर फ्लेमिंगो पक्षियों के संरक्षण, बांस की खेती और उससे बनने वाले उत्पाद, बांस आधारित फर्नीचर उद्योग, बेटियों द्वारा मैथमेटिक ओलंपियाड में उत्कृष्ट प्रदर्शन जैसे विषयों को विकसित भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान बताते हुए सराहा।
बड़ी संख्या में नेता और कार्यकर्ता रहे उपस्थित
इस आयोजन में पार्टी के कई वरिष्ठ नेता और जनप्रतिनिधि भी विभिन्न बूथों पर उपस्थित रहे। प्रमुख रूप से केंद्रीय राज्य मंत्री एसपी सिंह बघेल, महापौर हेमलता दिवाकर, कैबिनेट मंत्री योगेंद्र उपाध्याय, एमएलसी विजय शिवहरे, विधायक पुरुषोत्तम खण्डेलवाल सहित कई विधायक, पार्षद और कार्यकर्ता मौजूद रहे। इसके अलावा शहर के विभिन्न बूथों पर बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं ने भाग लेकर कार्यक्रम को सफल बनाया।
संगठन की एकजुटता और जनसंपर्क का माध्यम
इस आयोजन को भाजपा द्वारा संगठनात्मक मजबूती और जनसंपर्क बढ़ाने के एक महत्वपूर्ण माध्यम के रूप में देखा जा रहा है। बूथ स्तर तक इस तरह के कार्यक्रमों के आयोजन से पार्टी की जमीनी पकड़ मजबूत करने का प्रयास भी साफ नजर आया।