आगरा में आरटीई प्रवेश पर सख्ती, 18 बड़े स्कूलों को नोटिस, मान्यता रद्द करने की चेतावनी
आगरा में आरटीई प्रवेश में गड़बड़ी पर 18 नामी स्कूलों को नोटिस जारी किया गया है। अनावश्यक दस्तावेज मांगने और नियमों की अनदेखी करने पर बीएसए ने मान्यता रद्द करने और U-DISE पोर्टल से हटाने की चेतावनी दी है।
आगरा। आगरा में शिक्षा के अधिकार (RTE) के तहत प्रवेश प्रक्रिया में अनियमितताओं को लेकर शिक्षा विभाग बड़े एक्शन के मूड में आ गया है। बेसिक शिक्षा विभाग ने शहर के 18 नामी स्कूलों को नोटिस जारी किया है। इन स्कूलों पर आरोप है कि वे आरटीई के तहत प्रवेश लेने वाले अभिभावकों से अनावश्यक दस्तावेज मांग रहे थे और शासन द्वारा निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं कर रहे थे।
जांच में यह भी सामने आया कि कई स्कूलों द्वारा प्रवेश प्रक्रिया में लापरवाही बरती जा रही थी, जिससे पात्र बच्चों को समय पर दाखिला नहीं मिल पा रहा था। इस गंभीर मामले को देखते हुए बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) ने सख्त रुख अपनाते हुए सभी संबंधित स्कूलों को जवाब तलब किया है।
बीएसए ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि स्कूलों ने शासनादेश का पालन नहीं किया, तो उनकी मान्यता तक रद्द की जा सकती है। इतना ही नहीं, यू-डायस (U-DISE) पोर्टल से भी इन स्कूलों को हटाने की तैयारी की जा रही है, जिससे उनकी शैक्षणिक मान्यता और सरकारी रिकॉर्ड पर सीधा असर पड़ेगा।
नोटिस पाने वाले प्रमुख स्कूलों में दिल्ली पब्लिक स्कूल पोइया घाट, दिल्ली पब्लिक स्कूल शास्त्रीपुरम, रागेंद्र स्वरूप पब्लिक स्कूल, सेंट जॉर्जेज स्कूल यूनिट टू, श्रीराम सेंटेनियल स्कूल, अलकनंद एकेडमिक स्कूल देवरी रोड, सेंट विल्स स्कूल ग्वालियर रोड, होली लाइट पब्लिक स्कूल और देहली पब्लिक इंटरनेशनल स्कूल देवरी रोड आदि शामिल हैं।
शिक्षा विभाग की इस कार्रवाई के बाद निजी स्कूलों में हड़कंप मच गया है। अधिकारियों का कहना है कि आरटीई के तहत प्रवेश प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी और नियमों के अनुरूप बनाना उनकी प्राथमिकता है, ताकि गरीब और जरूरतमंद बच्चों को शिक्षा का अधिकार सही मायनों में मिल सके।