आगरा किले में 396वीं शिवाजी जयंती पर मराठी शौर्य का विराट प्रदर्शन, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की मौजूदगी में शिवाजी की गुरिल्ला रणनीति का गुणगान, कोठी मीना बाजार में भव्य स्मारक-संग्रहालय की घोषणा, नीयन-लेजर शो व सांस्कृतिक कार्यक्रमों से गूंजा किला, हजारों दर्शक और लाखों ने देखा लाइव प्रसारण
आगरा किले की प्राचीरें, भगवा ध्वजों की लहराहट, ढोल-नगाड़ों की गूंज और जय भवानी, जय शिवाजी के उद्घोष से छत्रपति शिवाजी महाराज की 396वीं जयंती पर आगरा किला मराठी स्वाभिमान, शौर्य और स्वराज के विचारों का जीवंत मंच बन गया। छत्रपति संभाजीनगर स्थित अजिंक्य देवगिरी प्रतिष्ठान द्वारा आयोजित इस भव्य समारोह में शिवाजी महाराज की वीरगाथा, रणनीति और सांस्कृतिक विरासत ने हजारों दर्शकों को भावविभोर कर दिया।
आगरा। हिन्द से स्वराज को मिटाने का सपना देखने वाले औरंगजेब की मंशा पर छत्रपति शिवाजी महाराज की अद्वितीय गुरिल्ला युद्धनीति ने कैसे पानी फेर दिया, यही संदेश आगरा किले में आयोजित शिवजयंती महोत्सव का केन्द्रीय भाव रहा। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने आगरा किले से शिवाजी महाराज की वीरस्थली को नमन करते हुए कहा कि छत्रपति शिवाजी महाराज केवल एक योद्धा नहीं, बल्कि स्वतंत्रता, सम्मान और सुशासन के विचार हैं। उन्होंने उप्र सरकार के सहयोग के लिए आभार जताते हुए यह भी घोषणा की कि कोठी मीना बाजार में शीघ्र ही छत्रपति शिवाजी महाराज का भव्य स्मारक और संग्रहालय बनेगा।
कार्यक्रम का शुभारम्भ छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन से हुआ। इस अवसर पर केंद्रीय जलशक्ति मंत्री सी.आर. पाटील, राजस्थान के राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े, संस्कृति मंत्री आशीष, उत्तर प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री योगेन्द्र उपाध्याय, सांसद नवीन जैन सहित अनेक गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे।

आगरा में आयोजित शिवजयंती महोत्सव की एक झलक।
अजिंक्य देवगिरी प्रतिष्ठान के अध्यक्ष विनोद पाटिल ने अतिथियों का स्वागत स्मृति-चिह्न प्रदान कर किया और कहा कि आज की आधुनिक सैन्य रणनीतियों में भी शिवाजी महाराज की गुरिल्ला तकनीक की छाप दिखती है। उन्होंने शिवाजी की वीरगाथा को राष्ट्रीय पाठ्यक्रम में शामिल करने का आग्रह भी किया।
कोठी मीना बाजार में बनेगा शिवाजी संग्रहालय
यूपी के उच्च शिक्षा मंत्री योगेन्द्र उपाध्याय ने ऐतिहासिक दस्तावेजों का उल्लेख करते हुए बताया कि जयपुर हाउस क्षेत्र (वर्तमान कोठी मीना बाजार) ऐतिहासिक रूप से महत्त्वपूर्ण है और यहां बनने वाला शिवाजी महाराज का स्मारक-संग्रहालय आने वाली पीढ़ियों को प्रेरणा देगा। उन्होंने कहा कि यह स्थल ताजमहल से पहले पर्यटकों का प्रमुख आकर्षण बनेगा।
नीयन लाइट, लेजर शो और नृत्य-नाटिका ने रचा इतिहास
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रहा पुणे के विवेक इसे पाटिल का नीयन लाइट और लेजर शो, जिसमें शिवाजी महाराज के जन्म से लेकर अफजल खान वध तक की घटनाओं को अत्याधुनिक तकनीक से जीवंत किया गया। नृत्य-नाटिका में राजतिलक के दृश्य पर पूरा आगरा किला शिवाजी महाराज की जय के घोष से गूंज उठा। सांस्कृतिक संध्या में मराठी स्वागत गीत, पारंपरिक लोरी, “गर्जा महाराष्ट्र माझा”, पोवाड़ा और नाटिकाओं ने शौर्य, संस्कृति और संवेदनशीलता का अद्भुत संगम प्रस्तुत किया। प्रसिद्ध कलाकार श्रेया बुगड़े ने पूरे कार्यक्रम का सजीव संचालन किया।

मराठी अंदाज में अतिथियों का स्वागत, विदेशी पर्यटक भी बने साक्षी
मुख्य अतिथि महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस का स्वागत मराठी पगड़ी पहनाकर किया गया। भगवा ध्वजों से सजा आगरा किला ढोल-नगाड़ों और मंजीरों की ताल पर झूम उठा। मराठी परिधान में सजे कलाकारों के नृत्य में अतिथि और विदेशी पर्यटक भी शामिल हो गए। हर ओर जय भवानी, जय शिवाजी के उद्घोष गूंजते रहे।
हजारों दर्शक, लाखों ने लाइव देखा
आगरा किले में तीन हजार से अधिक शिवभक्त कार्यक्रम में उपस्थित रहे, जबकि फेसबुक, यूट्यूब, इंस्टाग्राम और विभिन्न न्यूज चैनलों के माध्यम से लाखों शिवप्रेमियों ने इसे लाइव देखा। डिजिटल आतिशबाजी और कलात्मक प्रकाश-सज्जा के साथ कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगीत से हुआ। इस अवसर पर दीपक सक्सेना, सुरेखा चौधरी, अमर लोखंडे, अंकित मित्तल, सौरभ शुक्ला, विनोद, चंद्रकांत पाटिल, राघवेन्द्र सिंह, प्रशांत हुरने सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।