राजभर के बयान से भड़की एबीवीपी, लखनऊ में मंत्री आवास का घेराव और पथराव, भारी हंगामा
लखनऊ में एबीवीपी कार्यकर्ताओं का गुस्सा आज रात उस समय फूट पड़ा जब प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने संगठन को लेकर विवादित बयान दिया। रात में सैकड़ों छात्र कार्यकर्ता मंत्री आवास पहुंच गए और नारेबाजी, पथराव व घेराव कर डाला। पुलिस और छात्रों में धक्का-मुक्की व तीखी झड़पें हुईं। एबीवीपी नेताओं ने साफ कहा कि जब तक राजभर का इस्तीफा नहीं होता, उनका आंदोलन रुकने वाला नहीं है।
लखनऊ। एबीवीपी कार्यकर्ताओं का गुस्सा कैबिनेट मंत्री ओमप्रकाश राजभर के उस विवादित बयान पर फूट पड़ा जिसमें उन्होंने संगठन को लेकर अपमानजनक टिप्पणी कर दी थी। देर शाम बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं लखनऊ स्थित मंत्री आवास पहुंच गए और जोरदार प्रदर्शन किया।
आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने ओपी राजभर मुर्दाबाद और पुलिस प्रशासन मुर्दाबाद के नारे लगाए। माहौल उस वक्त और गरमा गया जब प्रदर्शनकारी बार-बार मंत्री आवास के गेट पर चढ़ने लगे और अंदर घुसने का प्रयास करने लगे। कुछ कार्यकर्ताओं ने गुस्से में आवास के भीतर पत्थर, जूते-चप्पल तक फेंक डाले।
स्थिति बेकाबू होती देख पुलिस बल मौके पर पहुंचा। छात्रों और पुलिस के बीच धक्का-मुक्की और नोकझोंक हुई। पुलिस ने कार्यकर्ताओं को समझाने की कोशिश की, लेकिन छात्र नेता राजभर को घर से बाहर बुलाने की जिद पर अड़े रहे।
एबीवीपी नेताओं का कहना है कि राजभर खुद गुंडई की राजनीति करते आए हैं और अब संगठन को गुंडा कहकर अपमानित कर रहे हैं। एबीवीपी पदाधिकारियों ने चेतावनी दी कि जब तक राजभर का इस्तीफा नहीं होता, आंदोलन पूरे प्रदेश में जारी रहेगा। उन्होंने घोषणा की कि जगह-जगह राजभर के पुतले जलाए जाएंगे।
एबीवीपी सदस्य विकास ने कहा कि यह संगठन हमेशा छात्रहित में आवाज उठाता है, मगर उसकी आवाज दबाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने बाराबंकी स्थित रामस्वरूप यूनिवर्सिटी में हुई लाठीचार्ज की घटना को शर्मनाक बताते हुए कहा कि छात्रों को दबाने की यह कोशिश बर्दाश्त नहीं की जाएगी।