आगरा मेट्रो के दूसरे कॉरिडोर ने पकड़ी रफ्तार! पहली पियर कैप का हुआ सफल लांच
आगरा। ताजनगरी की मेट्रो परियोजना ने शनिवार को एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की। उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन द्वारा दूसरे कॉरिडोर (आगरा कैंट से कालिंदी विहार) के लिए पहली पियर कैप का सफलतापूर्वक लांच किया गया। इस तकनीकी माइलस्टोन के साथ ही मेट्रो के दूसरे रूट के निर्माण ने अब वास्तविक रफ्तार पकड़ ली है। इस मौके पर आगरा मेट्रो परियोजना के निदेशक सहित एलएंडटी के अधिकारी व तकनीकी कर्मचारी मौजूद रहे।
-कैंट से कालिंदी विहार के बीच बन रहे रूट पर 65 टन की पियर कैप की पहली लॉन्चिंग
-कुल 14 एलिवेटेड स्टेशन होंगे इस कॉरिडोर में, प्रीकास्ट तकनीक से हो रहा निर्माण
-ताजनगरी में 29.4 किमी लंबी मेट्रो परियोजना में हुआ बड़ा इंजीनियरिंग माइलस्टोन
क्या है पियर कैप?
यह मेट्रो के एलीवेटेड ट्रैक का अहम हिस्सा होता है, जो पिलर पर फिट होकर ट्रैक को सहारा देता है। यह प्रीकास्ट तकनीक से डौकी स्थित कास्टिंग यार्ड में तैयार किया गया है। इसका वजन: 65 टन, लंबाई: 9.6 मीटर चौड़ाई: 2.9 मीटर और गहराई: 1.8 मीटर है। लांचिंग के लिए 400 टन की हाई-कैपेसिटी क्रेन का इस्तेमाल किया गया।
दूसरे कॉरिडोर की खासियतें
-लंबाई: लगभग 16 किमी
-स्टेशन: कुल 14, सभी एलीवेटेड
-रूट: आगरा कैंट से कालिंदी विहार तक
-यह मेट्रो के पहले रूट से जुड़ेगा जिससे ताज, कैंट, और यमुना किनारे के इलाकों को बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी।
मेट्रो प्रोजेक्ट में फिलहाल दो कॊरिडोर
आगरा मेट्रो परियोजना के तहत दो कॉरिडोर बन रहे हैं। कॉरिडोर-1 में ताज ईस्ट गेट से सिकंदरा (14 किमी)। इसमें कुल स्टेशन 13 (6 एलीवेटेड + 7 अंडरग्राउंड) हैं। प्रायोरिटी सेक्शन (6 किमी) में मेट्रो का संचालन पहले से हो रहा है।
कॉरिडोर-2 आगरा कैंट से कालिंदी विहार (लगभग 16 किमी) का है, जिसमें स्टेशन: 14 होंगे और ये सभी सभी एलीवेटेड होंगे।