अखिल भारतीय महिला परिषद ने वीर बाल दिवस पर साहिबजादों की अमर गाथा को किया नमन
आगरा। अखिल भारतीय महिला परिषद की सिटी ब्रांच की बैठक मंगलवार को आहार रेस्टोरेंट में आयोजित की गई, जिसमें प्रधानमंत्री द्वारा घोषित वीर बाल दिवस के उपलक्ष्य में श्रद्धापूर्वक कार्यक्रम संपन्न हुआ। बैठक में गुरु गोविंद सिंह द्वारा स्थापित खालसा पंथ के गौरवशाली इतिहास पर प्रकाश डाला गया और साहिबज़ादों नौ वर्षीय ज़ोरावर सिंह एवं सात वर्षीय फतेह सिंह की अद्भुत वीरता, अटूट आस्था और बलिदान का विस्तार से वर्णन किया गया।
बैठक में बताया गया कि किस प्रकार मुगल शासक नवाब वज़ीर खान द्वारा धर्म परिवर्तन का दबाव डालने पर इन वीर बालकों ने अपने विश्वास से विचलित होने से इनकार किया और अत्याचार सहते हुए भी धैर्य, साहस और दृढ़ता का अनुपम उदाहरण प्रस्तुत किया। वक्ताओं ने कहा कि उनका बलिदान आने वाली पीढ़ियों के लिए धर्म, सत्य और स्वाभिमान का शाश्वत संदेश है।
इस अवसर पर यह भी जानकारी दी गई कि आज पौष शुक्ल अष्टमी है, जिसे दुर्गाष्टमी के रूप में जाना जाता है। बैठक में मां दुर्गा के अवतरण की कथा तथा तुलसी पूजन दिवस के महत्व पर भी प्रकाश डाला गया, जिससे कार्यक्रम का आध्यात्मिक और सांस्कृतिक पक्ष और सुदृढ़ हुआ।
बैठक में परिषद की अध्यक्ष उमा सिंह, कोषाध्यक्ष चित्ररेखा कटियार, ममता खन्ना, वर्षा खन्ना, प्रेमलता (काउंसलर), रूपा मेहरा, प्रीति टंडन, चंद्रा मल्होत्रा, पूनम शर्मा तथा स्टैंडिंग कमेटी मेंबर डॉ. सुषमा सिंह उपस्थित रहीं। कार्यक्रम का समापन शांति पाठ के साथ हुआ। साथ ही अध्यक्ष उमा सिंह के जन्मदिन के अवसर पर केक काटकर उन्हें शुभकामनाएं दी गईं।