आगरा में 30 जनवरी से 1 फरवरी तक आर्य महासम्मेलन, महर्षि दयानंद के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने को बाबा रामदेव भी आएंगे
आगरा। वैदिक संस्कृति, सामाजिक सुधार और राष्ट्र निर्माण की चेतना को सशक्त करने के उद्देश्य से आर्य समाज द्वारा तीन दिवसीय आर्य महासम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। सम्मेलन का लक्ष्य समाज में वैदिक संस्कारों, शिक्षा और नैतिक मूल्यों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के साथ कुरीतियों के विरोध और सुधार की भावना को मजबूत करना है। साथ ही युवाओं को चरित्र निर्माण और राष्ट्र सेवा की दिशा में प्रेरित किया जाएगा।
शनिवार को जयपुर हाउस स्थित आर्य समाज मंदिर पर आयोजित बैठक में आर्य महासम्मेलन के पोस्टर का विमोचन आर्य केंद्रीय सभा के पदाधिकारियों द्वारा किया गया। इस अवसर पर सम्मेलन की रूपरेखा और उद्देश्य पर विस्तार से चर्चा की गई।
आर्य केंद्रीय सभा के प्रधान सीए मनोज खुराना ने बताया कि वेदों में निहित सिद्धांत आज भी समाज को सही दिशा देने में पूरी तरह सक्षम हैं। नशामुक्ति, शिक्षा का प्रसार, नारी सम्मान और सामाजिक समरसता जैसे विषयों को केंद्र में रखते हुए अखिल भारतीय आयोजनों की श्रृंखला के अंतर्गत कमला नगर स्थित जनक पार्क में यह महासम्मेलन 30, 31 जनवरी और 1 फरवरी को आयोजित किया जाएगा। इससे पूर्व 29 जनवरी को प्रातः नौ बजे भव्य शोभायात्रा निकाली जाएगी।
मंत्री वीरेंद्र कनवर ने बताया कि सम्मेलन में देशभर से प्रख्यात वैदिक विद्वानों और संतों की सहभागिता रहेगी। प्रमुख आमंत्रित वक्ताओं में हरिद्वार से योग गुरु स्वामी रामदेव, दिल्ली से स्वामी आर्यवेश, लखनऊ से आचार्य स्वदेश, एटा से आचार्य वागीश, बिजनौर से भजनोपदेशक कुलदीप आर्य, एमडीएच ग्रुप से राजीव गुलाटी, उत्तर प्रदेश आर्यवीर दल के प्रान्त प्रमुख जितेंद्र भाटिया तथा हाथरस से यज्ञ ब्रह्मा आचार्य पवित्रा शामिल हैं।
कार्यक्रम संयोजक प्रदीप कुलश्रेष्ठ ने बताया कि सम्मेलन में शंका समाधान हेतु करीब एक दर्जन प्रख्यात वैदिक आचार्य उपस्थित रहेंगे। वैदिक प्रवचन, भजन और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से वातावरण को आध्यात्मिक और प्रेरणादायक बनाया जाएगा। बैठक का संचालन आर्य अश्वनी ने किया।
कोषाध्यक्ष सुधीर अग्रवाल ने जानकारी दी कि तीन दिवसीय महासम्मेलन के दौरान आर्यवीर दल के बच्चों द्वारा अभ्यास प्रदर्शन किया जाएगा। प्रतिदिन प्रातः योग एवं यज्ञ, दोपहर में विभिन्न पेशेवर वर्गों के साथ वेदों पर विस्तृत चर्चा आयोजित होगी। साथ ही महर्षि दयानंद के जीवन और विचारों पर आधारित साहित्य, प्रदर्शनी एवं फिल्म प्रदर्शन का आयोजन भी किया जाएगा।
बैठक में प्रेमा कनवर, सुमन कुलश्रेष्ठ, नमिता शर्मा, रितिका अरोरा, विकास आर्य, आर्य अश्वनी, अनुज आर्य, अरविंद मेहता, भारत भूषण सामा, प्रदीप डेम्बल, सुशील असीजा, अवनींद्र गुप्ता, वीरेंद्र खंडेलवाल, अश्वनी डेम्बल, रंगलाल गौतम, सुधीर अग्रवाल सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।