बरेली मंडलः पति-पत्नी और नाबालिग बच्चों को मिल रही थी किसान सम्मान निधि, 40 हजार की रोकी
-आरके सिंह- बरेली। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना में गड़बड़ी का बड़ा मामला सामने आया है। बरेली मंडल के लगभग 40 हजार किसानों की निधि संदिग्ध पाए जाने पर रोक दी गई है। शासन स्तर से जारी डाटा के अनुसार इनमें कई परिवार ऐसे हैं, जहां पति-पत्नी अलग-अलग इस योजना का लाभ ले रहे हैं, वहीं सैकड़ों नाबालिग बच्चों के खातों में भी किस्त जा रही है।
सत्यापन की प्रक्रिया शुरू
संयुक्त कृषि निदेशक दुर्विजय सिंह ने बताया कि किसानों की निधि चार प्रमुख कारणों से रोकी गई है। मंडल के चारों जिलों बरेली, बदायूं, पीलीभीत और शाहजहांपुर के उप कृषि निदेशकों को सत्यापन कर डाटा संरक्षित करने के निर्देश दिए गए हैं। जिला स्तर पर जांच के बाद केंद्र सरकार की टीम पुनः सत्यापन करेगी। तभी पात्र किसानों की अगली किस्त जारी की जाएगी।
बरेली जिले में 12,430 किसान प्रभावित
बरेली जिले में 5.50 लाख किसान इस योजना से लाभान्वित हो रहे हैं। पिछले महीने 2 अगस्त को योजना की 20वीं किस्त जारी की गई थी, लेकिन 12,430 किसानों के खातों में राशि नहीं पहुंची। इनमें कई ऐसे किसान हैं जिन्होंने अपनी जमीन बेच दी है, फिर भी योजना का लाभ ले रहे हैं। साथ ही, पोर्टल पर एक ही परिवार के कई सदस्य अलग-अलग लाभार्थी के रूप में दर्ज पाए गए।
अन्य जिलों का हाल
बदायूं : 10,420 किसानों की निधि रोकी गई।
पीलीभीत : 6,947 किसानों की निधि रोकी गई।
शाहजहांपुर : 10,919 किसानों की निधि रोकी गई।
अपात्रों से होगी रिकवरी
अधिकारियों का कहना है कि सत्यापन के बाद जिन परिवारों में पति-पत्नी दोनों योजना का लाभ ले रहे हैं, उनमें से एक को अपात्र मानते हुए अब तक मिली धनराशि की रिकवरी कराई जाएगी। वहीं, पात्र किसान कृषि विभाग कार्यालयों से संपर्क कर अपनी कमियां दूर कर सकते हैं।
इस कार्रवाई से उन किसान परिवारों में हड़कंप मच गया है, जहां लंबे समय से पति-पत्नी और बच्चे तक सम्मान निधि की किस्त ले रहे थे।