बरेलीः रेस्टोरेंट में बर्थडे पार्टी पर हंगामा बीएससी नर्सिंग छात्रा के साथ मुस्लिम युवकों की मौजूदगी पर भड़के संगठन
-रमेश कुमार सिंह- बरेली। बरेली शहर के थाना प्रेमनगर क्षेत्र में शनिवार रात एक रेस्टोरेंट में आयोजित बीएससी नर्सिंग की छात्रा की बर्थडे पार्टी उस समय विवाद का कारण बन गई, जब पार्टी में छात्रा के साथ दो मुस्लिम युवक मौजूद पाए गए। जानकारी मिलने पर हिंदू संगठनों के कार्यकर्ता मौके पर पहुंच गए और लव जिहाद का आरोप लगाते हुए रेस्टोरेंट के बाहर तथा भीतर हंगामा व नारेबाजी शुरू कर दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया और शांतिभंग के आरोप में तीन लोगों का चालान किया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार प्रेमनगर क्षेत्र के एक हॉस्टल में रहने वाली छात्रा एक प्राइवेट कॉलेज से बीएससी नर्सिंग प्रथम वर्ष की पढ़ाई कर रही है। शनिवार को छात्रा का जन्मदिन था, जिस पर उसने अपने दोस्तों और सहपाठियों को दि डेन कैफे एंड रेस्टोरेंट में बर्थडे पार्टी दी थी। पार्टी में छात्रा के माता-पिता, भाई-बहन और पास में ही रहने वाले बुआ-फूफा में से कोई भी मौजूद नहीं था।
बताया गया कि बर्थडे पार्टी में कुल दस लोग शामिल थे, जिनमें छह लड़कियां और चार लड़के थे। इन चार लड़कों में से दो युवक शान और वाकिफ मुस्लिम समुदाय से हैं। हिंदू छात्रा के साथ मुस्लिम युवकों की मौजूदगी की सूचना किसी के द्वारा हिंदू संगठनों को दे दी गई, जिसके बाद संगठन के कार्यकर्ता रेस्टोरेंट पहुंच गए और लव जिहाद का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया।
सूचना पर पहुंची प्रेमनगर पुलिस ने सभी को समझाने का प्रयास किया और छात्रा सहित अन्य लोगों को थाने ले आई। इस दौरान युवक वाकिफ मौके से फरार हो गया। पुलिस ने पूछताछ के लिए छात्रा की बुआ और अन्य लोगों के परिजनों को भी थाने बुलाया।
प्रेमनगर प्रभारी निरीक्षक राजबली ने बताया कि प्रारंभ में पुलिस मुस्लिम युवक शान और रेस्टोरेंट स्टाफ शैलेंद्र गंगवार का शांतिभंग में चालान करने की तैयारी कर रही थी। इसी बीच क्षेत्राधिकारी प्रथम आशुतोष शिवम को दूसरे युवक के फरार होने की जानकारी मिली, जिस पर उन्होंने पुलिस को उसकी तलाश के निर्देश दिए। इसके बाद पुलिस ने फरार युवक वाकिफ को भी तलाश कर लिया।
रविवार को प्रेमनगर पुलिस ने शान, वाकिफ और कैफे स्टाफ शैलेंद्र गंगवार, तीनों का शांतिभंग में चालान कर दिया। पुलिस का कहना है कि मामले में किसी प्रकार की आपराधिक साजिश या जबरन धर्मांतरण से जुड़ा कोई तथ्य सामने नहीं आया है, शांति व्यवस्था भंग करने के आरोप में कार्रवाई की गई है।
Top of Form
Bottom of Form
Top of Form
Bottom of Form