यूपी में चुनाव आयोग, भाजपा और जिला प्रशासन में मिलीभगत- अखिलेश
टूंडला। सपा अध्यक्ष और यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने बुधवार (20 अगस्त) को कहा कि प्रदेश में चुनाव आयोग, भाजपा और जिला प्रशासन मिलकर काम कर रहे हैं। उन्होंने किसानों की समस्याओं को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा। अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा ने किसानों की आय दोगुनी करने का वादा किया था, लेकिन जमीनी स्थिति अलग है। किसानों को अपनी लागत भी नहीं मिल रही है। वह यहां वरिष्ठ आईएएस अफसर और एनएचआई के अध्यक्ष संतोष यादव के पिता के त्रयोदशी संस्कार में पहुंचे थे। शोक संवेदना व्यक्त करने के बाद मीडिया से बातचीत में उन्होंने कई मुद्दों पर केंद्र और यूपी की योगी सरकार की आलोचना की।
अखिलेश यादव ने अयोध्या में खाद की कमी का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि राम राज्य का सपना दिखाने वाली सरकार में किसान खाद के लिए लाइनों में खड़े हैं। उनका आरोप था कि इस संकट से निपटने के लिए केंद्र और राज्य सरकार के पास कोई योजना नहीं है। अमेरिका द्वारा लगाए गए टैरिफ का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि इससे मुरादाबाद, अलीगढ़ और फिरोजाबाद के व्यापार पर असर पड़ेगा। वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट योजना की सफलता पर भी सवाल उठाए।
अखिलेश यादव दोपहर डेढ़ बजे संतोष यादव के आवास पर पहुंचे और करीब 10 मिनट तक परिवार के साथ रहे। इसके बाद वह पूर्व ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि सत्यवीर यादव के आवास पर गए, जहां उन्होंने मीडिया से बातचीत की।
अखिलेश यादव ने कहा कि यूपी के लोग विभिन्न देशों के साथ कारोबार करते हैं। अब टैरिफ लगने के बाद कारोबार करना मुश्किल हो गया है। इससे निपटने के लिए भाजपा सरकार के पास क्या योजना है। भाजपा वाले कहते हैं कि हम तीसरी अर्थव्यवस्था बन गए हैं। इससे न तो किसानों की मदद हो रही है और न युवाओं की। आप मदद किन उद्योगपतियों की कर रहे हो। इतना नौजवान पहले कभी बेरोजगार घूमते नहीं दिखा। रोजगार के लिए कोई उद्योग नहीं, कोई कारखाना नहीं। बिजली महंगी कर दी है। जो बिजली सपा सरकार में बनी उसे भी बर्बाद कर दिया।
उन्होंने कहा कि सरकार ने बिजली संकट पैदा कर दिया। ये डुबाने वाले लोग हैं। पिछले चुनाव में हजारों वोट चुनाव आयोग ने काट दिए। उस पर चार डीएम ने जवाब दिया है, इस सवाल पर उन्होंने कहा कि हमें खुशी है कि हमसे हटकर लड़ाई अब चुनाव आयोग और डीएम के बीच में हो गई है। अभी तक चुनाव आयोग ये कह रहा था कि हमें कोई सूची नहीं मिली। डीएम कह रहे हैं कि उन्हें सूची मिल गई। ये झगड़ा अब हमारा नहीं है। ये झगड़ा अब चुनाव आयोग और जिलाधिकारी के बीच का है। 18 हजार वोट की सूची हमने दी थी, इस पर अब चुनाव आयोग और डीएम अपनी रिपोर्ट देंगे। वोट चोर गद्दी छोड़ का नारा सपाइयों ने दिया।
रामपुर के चुनाव का जिक्र करते हुए कहा कि एक भी व्यक्ति को बाहर वोट डालने नहीं निकलने दिया। उप चुनाव जिसमें सपा का अधिक वोट था। वहां सोचिए 80 प्रतिशत वोट भाजपा को मिला। अगर 10 लोग वोट डालने निकले तो सोचिए आठ लोग बीजेपी को डाल आए। 100 में से 80 वोट बीजेपी का था। ये जो तिकड़ी है जिसमें चुनाव आयोग, बीजेपी और जिला प्रशासन, यही काम बिगाड़ रही है।
दिल्ली की मुख्यमंत्री के साथ हुई घटना का जिक्र करते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि इस तरह की घटना नहीं होनी चाहिए थी। उन्होंने इस घटना की निंदा की । डिजिटल डाटा मांगने के सवाल पर उन्होंने कहा कि ये भाजपा जो कहेगी, वही चुनाव आयोग करेगा। उन्हें डर है कि उप चुनाव में पुलिस ने प्राइवेट ड्रेस में वोट डाला है। उससे पता लग जाएगा कि वोट किसने डाला है। मंदिर और मस्जिद को लेकर कहा कि हम लोग सदियों से साथ रहे हैं। इस बार भाजपा का पता नहीं लगेगा क्योंकि ये सरकार किसानों को खाद नहीं दे पा रही। खाद के लिए किसान लाइन में लगे हैं। कभी नोटबंदी के दौरान लाइन में लगे थे। जीएसटी लगाकर व्यापारियों को कंप्यूटर में लगा दिया। वह दिन भर फार्म भरने में लगे रहते हैं।
उन्होंने संसद में पेश किए गए संविधान संशोधन विधेयक पर कहा कि दुनिया भर के तानाशाहों ने खुद को बचाने के लिए ऐसे फैसले लिए हैं। फिर भी वह बच नहीं पाए। फिर चाहे जर्मनी, इटली या रसिया का तानाशाह रहा हो किसी की कुर्सी नहीं बची। बीजेपी सरकार में कई तरह की डकैती हो रही है। जमीन और अधिकारों की चोरी हो रही है। चौथा स्तंभ भी सच दिखा दे तो तत्काल गिरफ्तारी हो जाती है। देश की जनता भाजपा को हटाना चाहती है।
अखिलेश यादव ने कहा कि वर्ष 2027 में हम वोट चोरी न हों इसके लिए काम करेंगे। राहुल गांधी के साथ उनका धर्मयुद्ध का पोस्टर लखनऊ में लगे होने के सवाल पर उन्होंने कहा कि धर्म की लड़ाई हमेशा चलती रही है। न्याय और अन्याय में हमेशा लड़ाई चली है। भगवान श्रीकृष्ण ने जबसे इस धरती को छोड़ा। तभी से कलयुग शुरू हो गया।
शिवपाल यादव ने भी साधा सरकार पर निशाना
संतोष यादव के यहां पहुंचे सपा के वरिष्ठ नेता शिवपाल सिंह यादव ने कहा कि सरकार किसानों को न बिजली दे पा रही है, न पानी और न ही खाद ही। उत्तराखंड सरकार द्वारा मदरसा बोर्ड पर की गई कार्रवाई का विरोध करते हुए शिवपाल ने कहा कि सरकार गरीब और पिछड़े वर्ग के बच्चों को शिक्षा से वंचित कर रही है। उन्होंने स्कूल की जर्जर बिल्डिंगों की ओर भी ध्यान आकर्षित किया। चुनाव आयोग पर विपक्ष के आरोपों के बारे में पूछे जाने पर शिवपाल ने कहा कि विपक्षी दलों के नेताओं ने जो शिकायतें की हैं, वे बिना आधार के नहीं हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि वोट काटने और वोटों की हेराफेरी की शिकायतों पर चुनाव आयोग को कार्रवाई करनी चाहिए थी।
इस मौके पर पूर्व एमएलसी उदयवीर सिंह धाकरे, सपा जिलाध्यक्ष शिवराज यादव, पूर्व विधायक अजीम भाई, महाराज सिंह धनगर, आदर्श यादव धन्नू, राजकुमार राठौर, डा. संजय यादव, रामसेवक यादव, संदीप यादव सहित अन्य सपाई उपस्थित रहे।