गर्भाधान संस्कार से सृजनात्मक चेतना का शंखनादः महाविद्यालय स्तरीय चित्रकला प्रतियोगिता
आगरा। गर्भाधान संस्कार एवं मातृत्व चेतना के महत्व को समाज के बीच सशक्त रूप से स्थापित करने के उद्देश्य से चन्द्रभान साबुन वाले सेवा सेवा ट्रस्ट के तत्वावधान में एक महाविद्यालय स्तरीय चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा है। इस प्रतियोगिता का उद्देश्य युवा पीढ़ी, विशेषकर छात्र–छात्राओं और शोधार्थियों को भारतीय संस्कारों, गर्भाधान परंपरा और मातृत्व की चेतना से जोड़ना है।
प्रतियोगिता में प्रतिभागियों को गर्भाधान संस्कार विषय पर आधारित A3 साइज का एक मौलिक चित्र बनाकर भेजना होगा। चयनित एवं उत्कृष्ट चित्रों को विशेष प्रदर्शनी में प्रदर्शित किया जाएगा तथा श्रेष्ठ चित्रों को आकर्षक पुरस्कारों से सम्मानित किया जाएगा।
प्रथम पुरस्कार – 3,100 रुपये , द्वितीय पुरस्कार – 2,100 रुपये, तृतीय पुरस्कार – 1,100 रुपये और पांच सांत्वना पुरस्कार – 500 रुपये (प्रत्येक) दिये जाएंगे।
यह प्रतियोगिता महाविद्यालय स्तर पर आयोजित की जा रही है, जिसमें, स्नातक, स्नातकोत्तर और शोधार्थी भाग ले सकते हैं। प्रतिभागियों को अपना चित्र 29 जनवरी 2026 तक भेजना अनिवार्य है। चित्र के साथ नाम, संस्थान का नाम एवं मोबाइल नंबर स्पष्ट रूप से अंकित होना चाहिए।
चित्र अपने अपने-अपने संस्थान से भेजें, जहां से ट्रस्ट के सहयोगी चित्र एकत्रित करेंगे। सीधे गर्भाधान संस्कार एवं मैटरनिटी होम, डी-2, प्रताप नगर, खतैना रोड, आगरा पर भी (सायं 2:00 बजे से 4:00 बजे के मध्य) भेज सकते हैं।
सभी चयनित चित्रों को 1 फरवरी 2026 को प्रताप नगर स्थित गर्भाधान संस्कार एवं मैटरनिटी होम में आयोजित गर्भाधान संस्कार विषयक चित्र प्रदर्शनी में प्रदर्शित किया जाएगा। विजेताओं का चयन कर उन्हें आगामी भव्य कार्यक्रम में पुरस्कृत किया जाएगा। चयनित विजेताओं को फोन द्वारा सूचना भी दी जाएगी।
प्रतियोगिता की संयोजक कवयित्री श्रीमती नूतन अग्रवाल ‘ज्योति’, राजीव जैन एवं सचिन बंसल ने बताया कि यह आयोजन कला के माध्यम से संस्कारों के पुनर्जागरण की एक गंभीर और सार्थक पहल है। ट्रस्ट के अध्यक्ष अशोक अग्रवाल ने अधिक से अधिक छात्र–छात्राओं से प्रतियोगिता में भाग लेने का आग्रह किया है।