घने कोहरे में आगरा का दक्षिणी बाईपास जानलेवा साबित हो रहा, दो दिन में दो दर्दनाक हादसे और दो मौतें
घने कोहरे और तेज रफ्तार वाहनों ने दक्षिणी बाईपास को एक बार फिर मौत का रास्ता बना दिया है। दृश्यता शून्य होने के बावजूद ट्रैफिक नियंत्रण और सुरक्षा उपायों की कमी के चलते लगातार सड़क हादसे हो रहे हैं। दक्षिणी बाईपास पर पिछले दो दिन में दो हादसों में हुई दो मौतों ने चिंताएं बढ़ा दी हैं।
आगरा। घने कोहरे के चलते दक्षिणी बाईपास पर सड़क हादसों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। मंगलवार सुबह एक दर्दनाक हादसे में किरावली निवासी 30 वर्षीय बेबी पत्नी अकबर की मौके पर ही मौत हो गई। बताया गया कि बेबी अपने गांव किरावली से मथुरा की ओर जा रही थीं। इसी दौरान अत्यधिक कोहरे के कारण दृश्यता बेहद कम थी, तभी तेज रफ्तार ट्रक ने उन्हें कुचल दिया।
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और ट्रक को कब्जे में लेकर चालक को हिरासत में ले लिया। पुलिस के अनुसार मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
इससे एक दिन पहले सोमवार देर रात करीब 10 बजे अछनेरा क्षेत्र अंतर्गत दक्षिणी बाईपास पर एक और जानलेवा हादसा हुआ। गांव मगुर्रा निवासी 53 वर्षीय मनोज पुत्र बनी सिंह रायभा से अपने गांव मगुर्रा जा रहे थे। इसी दौरान किसी अज्ञात वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। हादसे के बाद चालक वाहन समेत फरार हो गया।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है तथा अज्ञात वाहन की तलाश शुरू कर दी गई है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि कोहरे के दौरान दक्षिणी बाईपास पर न तो गति नियंत्रण कराया जाता है और न ही चेतावनी संकेत या पुलिस गश्त की पर्याप्त व्यवस्था रहती है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि कोहरे के समय भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक, गति सीमा का सख्ती से पालन और पुलिस की सक्रिय तैनाती सुनिश्चित की जाए।