सिजेरियन में छोड़ दिया 'गाज', गर्भाशय निकालना पड़ा, बरेली के हॉस्पिटल की खौफनाक लापरवाही

-आरके सिंह- बरेली। उत्तर प्रदेश के बरेली जनपद में डॉक्टर की लापरवाही एक बार फिर जीवन पर भारी पड़ गई। भोजीपुरा क्षेत्र स्थित ए-वन हॉस्पिटल में सिजेरियन डिलीवरी के दौरान डॉक्टर ने मरीज महिला के पेट में गाज (ऑपरेशन के दौरान प्रयोग में लिया गया कपड़ा) छोड़ दिया, जिससे संक्रमण फैल गया और महिला का गर्भाशय निकालना पड़ा। दुखद बात यह रही कि महिला ने मृत बच्चे को जन्म दिया था और अब गर्भाशय निकलने के बाद अब मां भी नहीं बन पाएगी।

Aug 4, 2025 - 13:56
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सिजेरियन में छोड़ दिया 'गाज', गर्भाशय निकालना पड़ा, बरेली के हॉस्पिटल की खौफनाक लापरवाही
बरेली का ए-वन अस्पताल, जहां एक महिला के साथ जानलेवा खिलवाड़ किया गया।

– पेट में कपड़ा छोड़ने से फैल गया था संक्रमण, अब हाथ में गाज और दर्द लिए भटक रही नूरजहां

इस दर्दनाक लापरवाही का शिकार बनी महिला नूरजहां अब एक हाथ में अपना निकाला गया गर्भाशय और दूसरे में डॉक्टरों की भूल के रूप में छोड़ा गया सड़ा हुआ गाज लेकर इंसाफ की गुहार लगा रही है।

डॉक्टर ने लिया नवजात की जान, फिर किया और भी बड़ा जुर्म

ग्राम दहिया, थाना भोजीपुरा निवासी ताहिर अली की पत्नी नूरजहां को 3 जून को प्रसव के लिए ए-वन अस्पताल में भर्ती कराया गया था। ऑपरेशन के दौरान नवजात बच्चा मृत पैदा हुआ। लेकिन यही नहीं, डॉक्टर की अगली गलती ने महिला के जीवन में स्थायी जख्म छोड़ दिए। ऑपरेशन के बाद पेट में गाज छोड़ दिया गया, जिससे कुछ ही दिनों में नूरजहां को असहनीय पेट दर्द, टांकों से खून बहना और संक्रमण की समस्या शुरू हो गई।

दूसरी सर्जरी में हुआ खुलासा, संक्रमण से काटना पड़ा गर्भाशय

अल्ट्रासाउंड में पेट में गाज की पुष्टि होने पर महिला को एक अन्य निजी अस्पताल में ले जाया गया, जहां सर्जरी के दौरान पेट से कपड़ा निकाला गया। डॉक्टरों ने बताया कि गाज सड़ चुका था, जिससे संक्रमण फैल गया था और महिला का गर्भाशय निकालना पड़ा।

सीएमओ ने गठित की जांच टीम, सख्त कार्रवाई की चेतावनी

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. विश्राम सिंह ने कहा कि मामला उनके संज्ञान में है और डिप्टी सीएमओ डॉ. लईकी अहमद की अध्यक्षता में जांच समिति गठित कर दी गई है। दोषी पाए जाने पर हॉस्पिटल का पंजीकरण रद्द कर उसे सील कर दिया जाएगा।

परिजनों ने पुलिस और स्वास्थ्य विभाग में की शिकायत

इस अमानवीय लापरवाही के खिलाफ महिला के परिजनों ने अब स्वास्थ्य विभाग और पुलिस प्रशासन से शिकायत दर्ज कराई है। पीड़ित परिवार डॉक्टर की गिरफ्तारी और हॉस्पिटल पर आपराधिक मुकदमे की मांग कर रहा है।

SP_Singh AURGURU Editor