प्रेमिका के लिए पत्नी की हत्या कर पति ने रची थी लूट की झूठी कहानी, पुलिस ने खोला राज
सुनसान रात, प्रेमिका की चाह और अपराध की खौफनाक योजना। बरेली के आंवला क्षेत्र में एक पति ने अपने प्यार को पाने के लिए पत्नी की निर्मम हत्या कर दी। हत्या को लूट जैसा दिखाने की कोशिश की गई, मगर पुलिस की तकनीकी जांच और गहरी पूछताछ ने पूरी साजिश का पर्दाफाश कर दिया।
-आरके सिंह-
बरेली। बरेली जिले के आंवला थाना क्षेत्र में एक रूह कंपा देने वाला मामला सामने आया है, जहां एक पति ने अपनी पत्नी की हत्या केवल इसलिए कर दी क्योंकि प्रेमिका ने साथ रहने की शर्त यही रखी थी। हत्या को लूट की घटना का रूप देने की नाकाम कोशिश भी की गई, लेकिन पुलिस ने चंद घंटों में मामले का राजफाश कर आरोपी पति को जेल भेज दिया।
एसएसपी अनुराग आर्य और अपर पुलिस अधीक्षक दक्षिणी अंशिका वर्मा ने गुरुवार रात प्रेस कॉन्फ्रेंस में घटना का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि ग्राम ब्यौली निवासी ओमसरन (38 वर्ष) ने अपनी पत्नी अमरावती की हत्या करने के बाद पुलिस को सूचना दी कि ग्राम कंथरी के पास रात 12:15 बजे कुछ अज्ञात लुटेरों ने उसकी और उसकी पत्नी की बाइक रोक ली, नकदी व गहनों की लूट की और विरोध पर पत्नी को चाकू से घायल कर दिया, जिसकी अस्पताल में मृत्यु हो गई।
पुलिस को शुरू से ही ओमसरन की कहानी में झोल नजर आए। जांच में मोबाइल कॉल डिटेल्स खंगाली गईं, जिसमें ‘मन्नत’ नाम की महिला का नंबर सामने आया। पूछताछ में जब दबाव बढ़ा, तो ओमसरन ने कबूल कर लिया कि उसने मन्नत नाम की महिला से प्रेम विवाह कर लिया है और वह चाहती थी कि पहली पत्नी अमरावती रास्ते से हट जाए। इसी योजना के तहत 30 जुलाई को उसने अमरावती को पूर्णागिरी घुमाने के बहाने साथ लिया और लौटते वक्त ससुराल मोतीपुर से साले भगवानदास से बाइक और एक धारदार बांक ले लिया।
घटना वाले दिन, ग्राम कंथरी के पास सुनसान स्थान पर उसने अमरावती को बाइक से उतारा और बाका से ताबड़तोड़ वार कर हत्या कर दी। इसके बाद झुमके, लॉकेट और 10,100 रुपये नकद झाड़ियों में छिपाकर लूट की कहानी गढ़ी और फिर साले व दोस्त अनिल यादव को फोन कर एंबुलेंस बुलवाई।
पुलिस ने जब ओमसरन की निशानदेही पर घटनास्थल की जांच की, तो बांक, नकदी और गहने बरामद कर लिए। आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। वहीं, मन्नत नाम की महिला की भूमिका की गहनता से जांच की जा रही है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल, मोबाइल फोन और अन्य साक्ष्य भी जब्त कर लिए गए हैं। एसओजी, सर्विलांस और स्थानीय थाना पुलिस की सक्रियता से पूरे मामले का खुलासा कुछ ही घंटों में हो गया।